India News (इंडिया न्यूज), Delhi News: दिल्ली के मुख्यमंत्री आवास को दिल्ली की नई भारतीय जनता पार्टी की सरकार म्यूजियम बनाने की तैयारी कर रही है। दिल्ली भाजपा के प्रभारी राष्ट्रीय उपाध्यक्ष विजयंत पांडा ने इस बारे में जानकारी देते हुए कहा कि भाजपा का जो भी नेता मुख्यमंत्री बनेगा वह उस 33 करोड़ के शीशमहल में नहीं रहेगा। उस शीशमहल को नई सरकार म्यूजियम बनाएगी।
दिल्ली मुख्यमंत्री आवास को बनाया जाएगा म्यूजियम
गौरतलब है कि दिल्ली विधानसभा चुनावों में अरविंद केजरीवाल का सिविल लाइन स्थित मुख्यमंत्री आवास, जिसको भाजपा ने शीशमहल नाम दिया था वह बड़ा चुनावी मुद्दा बन गया था। दिल्ली भाजपा ने इस शीशमहल का मॉडल बनाकर दिल्ली भाजपा कार्यालय में प्रदर्शित भी किया था। इस मॉडल का अवलोकन करने खुद भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष जेपी नड्डा भी आए थे।
इस शीशमहल को बनवाने में अरविंद केजरीवाल ने 33 करोड़ रुपये से ज्यादा खर्च किए थे और 20 करोड़ की लागत से 16 टॉयलेट बनाए गए थे।
सरकारी आवास में बेतहाशा खर्च
हर मंजिल पर कई कमरे, किचन, ड्राइंग रूम, मीटिंग रुम बनाए गए थे। सरकारी आवास में बेतहाशा खर्च किया गया था, जिस पर कैग सीएजी रिपोर्ट में कई आपत्तियां भी सामने आई है। कैग सीएजी रिपोर्ट के बाद भाजपा ने इस शीशमहल को बड़ा मुद्दा चुनावों में बनाया था। अरविंद केजरीवाल का कहना था कि वह सरकारी बंगला नहीं लेंगे, लेकिन उन्होंने लिया था।
BJP करेगी जांच
बाद में आतिशी मुख्यमंत्री बनने के बाद इस सीएम आवास में रहना चाहती थी, लेकिन दिल्ली लोक निर्माण विभाग ने उनको इसकी अनुमति नहीं दी। भाजपा की सरकार बनने के बाद इस शीशमहल में हुए बेतहाशा खर्च की जांच की जाएगी और इस शीशमहल को भ्रष्टाचार के अड्डे के रूप में म्यूजियम की तरह संगृहीत किया जाएगा।