Gold Silver Rate Today Crash: सोने-चांदी की कीमतों में हर दिन बदलाव देखने को मिल रहे हैं. कभी कीमतों में जबरदस्त उछाल देखने को मिलता है तो कभी कीमतों में भारी गिरावट देखने को मिलती है. इसी क्रम में कल यानी शुक्रवार (30 जनवरी, 2026) को सोने की कीमतों में 12 प्रतिशत और चांदी की कीमतों में 26 प्रतिशत की गिरावट देखने को मिली. इसके अलावा, प्लैटिनम की बात करें तों इनकी कीमतों में 18 प्रतिशत की गिरावट देखने को मिली है.
इसके पहले सोने-चांदी की कीमतों में एतिहासिक रूप से बढ़ोतरी देखने को मिली थी. UK इन्वेस्टमेंट बैंक पैनम्योर गॉर्डन के कमोडिटी एनालिस्ट टॉम प्राइस ने फाइनेंशियल टाइम्स को बताया कि यह एक मार्केट के अपने पीक पर पहुंचने का क्लासिक उदाहरण है. कन्फ्यूजन और अनिश्चितता है. हर कोई क्लैरिटी चाहता है.
सोने-चांदी की कीमतों में क्यों हो रहा उतार-चढ़ाव? (Why are gold and silver prices fluctuating?)
गुरुवार को MCX पर चांदी की कीमतें ₹4,20,048 पर पहुंच गईं, जो अब तक का सबसे ऊंचा स्तर है. शुक्रवार को चांदी ₹2,91,922 प्रति किलोग्राम पर बंद हुई, जिसमें एक ही दिन में ₹1,07,971 या 27% की गिरावट आई. इसी तरह, गुरुवार को सोना भी ₹1,80,779 प्रति 10 ग्राम के अब तक के सबसे ऊंचे स्तर पर पहुंच गया था. शुक्रवार को सोना ₹1,49,075 पर बंद हुआ, जिसमें एक ही दिन में ₹20,328 या 12% की गिरावट आई.
Gold-Silver Rate Down: सोने-चांदी में दशकों की सबसे बड़ी गिरावट, जानें कितनी पहुंची आपके शहर में कीमत?
अमेरिकी डॉलर से तय होती है सोने-चांदी की कीमत (The price of gold and silver is determined by the US dollar)
यह खबर आने के बाद कि अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने केविन वॉर्श को नया US फेडरल रिजर्व चेयर नियुक्त किया है, अमेरिकी डॉलर में मई 2023 के बाद एक दिन में सबसे बड़ी बढ़त देखी गई. वॉर्श की नियुक्ति के बाद सेंट्रल बैंक की आजादी को लेकर चिंताएं कम होने से US डॉलर इंडेक्स 97 से ऊपर चला गया. मजबूत अमेरिकी डॉलर सोने और चांदी दोनों के लिए अच्छा नहीं है. ऐसा इसलिए है क्योंकि सोने और चांदी की कीमतें दुनिया भर में अमेरिकी डॉलर में तय होती हैं.
जब डॉलर मज़बूत होता है, तो ये धातुएं विदेशी खरीदारों के लिए महंगी हो जाती हैं, जिससे मांग कम हो जाती है. इसके अलावा, जब ब्याज दरें बढ़ती हैं, तो चांदी जैसी बिना ब्याज वाली संपत्तियों का आकर्षण कम हो जाता है.