LPG Small Cylinder: मिडिल ईस्ट में चल रहे युद्ध की वजह से भारत में LPG की सप्लाई और डिस्ट्रिब्यूशन पर असर पड़ा है. 14.2-kg वाला घरेलू सिलेंडर, जिसका इस्तेमाल छोटे सिलेंडरों को रिफिल करने के लिए किया जाता है, अब वो ब्लैक मार्केट में 5,000 रुपये तक में बिक रहा है. LPG रिफिल की ऑफिशियल कीमत अभी 914 रुपये है. जो लोग अभी भी 5-kg वाले LPG सिलेंडरों को रिफिल कर रहे हैं, वो एक किलो गैस के लिए 400 से 500 रुपये तक चार्ज कर रहे हैं. तो 14-kg वाले सिलेंडर की कीमत 5,600 रुपये हो जाएगी. यह लीगल कीमत से सात गुना ज़्यादा है.
छोटा सिलेंडर बना डैडी!
5-kg वाला लाल सिलेंडर अब 14-kg वाले सिलेंडर से भी ज़्यादा भारी पड़ रहा है. साइज़ में छोटा, लेकिन कीमत में बहुत बड़ा. मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक इसे लेकर नोएडा के रहने वाले पुनीत कुमार ने कहा कि अब तो ऐसा लगता है कि ‘छोटू’ ही ‘डैडी’ बन गया है, बल्कि अब तो ‘दादाजी’ बन गया है. कुमार के उलट, जिन्होंने अपने छोटे सिलेंडर का इस्तेमाल बैकअप के तौर पर करने की कोशिश की थी, लाखों माइग्रेंट, बैचलर और ठेले वाले 5-kg वाले LPG सिलेंडरों को अपनी ज़िंदगी का सहारा मानते हैं. ज़्यादातर ब्लैक मार्केट में थोड़े ज़्यादा पैसों में रिफिल करवाए जाने वाले ये छोटे सिलेंडर यह पक्का करते हैं कि उनका चूल्हा कभी ठंडा न पड़े. लेकिन, हाल ही में हुई कमी की वजह से इन छोटे सिलेंडरों को रिफिल करवाना अब मुमकिन नहीं रह गया है.
इंडिया टुडे की रिपोर्ट के मुताबिक नई दिल्ली के करोल बाग में रहने वाले राहुल रंजन से हाल ही में उनके 5-kg वाले सिलेंडर के लिए एक किलो गैस के 400 रुपये माँगे गए थे. लेकिन भारत में सभी छोटे 5-kg वाले LPG सिलेंडर न तो गैर-कानूनी हैं और न ही उन्हें अनौपचारिक तरीके से रिफिल करवाया जाता है. ऑयल मार्केटिंग कंपनियों (OMCs) के अपने ‘छोटू’, ‘मिनी’ और ‘अप्पू’ सिलेंडर भी हैं. लेकिन क्या इन्हें हासिल करना आसान है? चलिए जान लेते हैं.
कैसे हुई LPG की किल्ल्त
ईरान पर अमेरिका-इज़रायल युद्ध की वजह से भारत को LPG सप्लाई पर काफ़ी दबाव पड़ा है. भारत का लगभग 90% LPG आयात फ़ारसी खाड़ी में मौजूद होर्मुज़ जलडमरूमध्य से होकर आता है, जो 28 फ़रवरी को युद्ध शुरू होने के बाद से ज़्यादातर समय बंद ही रहा है. जैसे-जैसे LPG की सप्लाई कम हुई, भारत के शहरों, कस्बों और गाँवों में लोगों के बीच घबराहट फैल गई. सरकार ने LPG रिफ़िल बुक करने के नियमों को सख़्त कर दिया है, कीमतों में थोड़ी बढ़ोतरी की है, और कहा है कि लगातार सप्लाई सुनिश्चित करने के लिए कदम उठाए जा रहे हैं. लेकिन घबराहट भी इस पूरी स्थिति का एक हिस्सा बन गई है.भले ही सरकार और तेल मार्केटिंग कंपनियों (OMCs) ने लोगों को लगातार LPG सप्लाई का भरोसा दिलाया हो, लेकिन घरों तक LPG सिलेंडर पहुँचाने में 10 से 45 दिनों की देरी की ख़बरें सामने आई हैं.