Live
Search
Home > Career > जेईई मेन के ‘सुपरस्टार’ अर्नव गौतम, कोडिंग की दुनिया में छा जाने का है जुनून, यहां जानें छात्रों के लिए कैसे बने प्रेरणा का स्त्रोत?

जेईई मेन के ‘सुपरस्टार’ अर्नव गौतम, कोडिंग की दुनिया में छा जाने का है जुनून, यहां जानें छात्रों के लिए कैसे बने प्रेरणा का स्त्रोत?

Written By: Darshna Deep
Edited By: Hasnain Alam
Last Updated: 2026-02-17 13:15:02

Mobile Ads 1x1

JEE Main Star Arnav Gautam:  जेईई मेन के मेधावी छात्र अर्नव गौतम की सफलता की कहानी ने एक बार फिर से हर किसी को पूरी तरह से हैरान कर दिया है. दरअसल, अपनी कड़ी मेहनत और समर्पण के माध्यम से, उन्होंने न सिर्फ परीक्षा में स्थान प्राप्त किया है, बल्कि देश के सबसे प्रतिष्ठित संस्थान, आईआईटी बॉम्बे से कंप्यूटर साइंस इंजीनियरिंग करने का एक लक्ष्य भी निर्धारित किया है.

जेईई मेन की परीक्षा को किया पास

जेईई मेन (JEE Main) की परीक्षा सिर्फ एक प्रवेश परीक्षा नहीं है, बल्कि यह लाखों छात्रों के लिए किसी भी सपने से कम नहीं है. तो वहीं, इस कठिन परीक्षा को ध्यान में रखते हुए अर्नव गौतम जैसे प्रतिभाशाली छात्र अपनी असाधारण मेहनत और दृढ़ संकल्प के साथ उभरकर सामने आ रहे हैं.

अर्नव गौतम छात्रों के लिए बने प्रेरणा का स्रोत

अर्नव आज उन लाखों छात्राओं के लिए एक प्रेरणा का स्त्रोत बन गए हैं. तो वहीं, दूसरी तरफ शुरुआती दिनों से ही गणित और तर्कशक्ति (Logic) के प्रति उनकी गहरी रुचि ने उन्हें इंजीनियरिंग की तरफ दखेल दिया.

हालांकि, जेईई की तैयारी के दौरान, उन्होंने न सिर्फ कई घंटों तक पढ़ाई किया, बल्कि हर विषय को बेहद ही गहराई को समझने पर अपना सारा ध्यान लगा दिया. इसके अलावा उनके शिक्षकों का मानना है कि उन्होंने कभी भी किसी अवधारणा (Concept) को रटने के बजाय उसके पीछे के विज्ञान को समझने पर सबसे ज्यादा ध्यान दिया है.

 अर्नव का आगे लक्ष्य और कैसे करेंगे तैयारी?

तो वहीं, उनका अगला लक्ष्य आईआईटी बॉम्बे (IIT Bombay) है. जहां, आईआईटी बॉम्बे का कंप्यूटर साइंस एंड इंजीनियरिंग (CSE) विभाग दुनिया भर में अपनी प्लेसमेंट रिकॉर्ड के लिए सबसे ज्यादा मशहूर है. इसके साथ ही अर्नव के लिए यह केवल एक डिग्री हासिल करना नहीं है, बल्कि तकनीक के क्षेत्र में कुछ नया करने की दिशा में एक बेहद ही महत्वपूर्ण कदम है. वे कोडिंग, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) और मशीन लर्निंग जैसी आधुनिक तकनीकों को और भी ज्यादा गहराई से समझना चाहते हैं.

अर्नव ने सोशल मीडिया से बनाई थी दूरी

तो वहीं, उनकी इस सफलता के पीछे एक दिनचर्या का सबसे बड़ा हाथ है. जहां, उनिहोंने सोशल मीडिया से पूरी तरह से दूरी बना ली थी. उनका मानना है कि इंसान अपनी असफलताओं से ही सीखकर आगे बढ़ता है. साथ ही उन्होंने आगे बताया कि मॉक टेस्ट में कम अंक आने पर भी वे निराश होने के बजाय अपनी गलतियों का पूरी तरह से विश्लेषण भी करते थे.

अर्नव गौतम की कहानी से क्या मिलती है सीख?

अर्नव गौतम की कहानी यह सिखाती है कि अगर आपका लक्ष्य साफ है तो आप अपने जीवन में कुछ भी हासिल कर सकते हैं. फिलहाल, अब उनकी नजरें जेईई एडवांस पर टिकी हैं, जो उनके आईआईटी बॉम्बे के सपने की तरफ आगे लेकर जाएगी.

MORE NEWS

Home > Career > जेईई मेन के ‘सुपरस्टार’ अर्नव गौतम, कोडिंग की दुनिया में छा जाने का है जुनून, यहां जानें छात्रों के लिए कैसे बने प्रेरणा का स्त्रोत?

Written By: Darshna Deep
Edited By: Hasnain Alam
Last Updated: 2026-02-17 13:15:02

Mobile Ads 1x1

JEE Main Star Arnav Gautam:  जेईई मेन के मेधावी छात्र अर्नव गौतम की सफलता की कहानी ने एक बार फिर से हर किसी को पूरी तरह से हैरान कर दिया है. दरअसल, अपनी कड़ी मेहनत और समर्पण के माध्यम से, उन्होंने न सिर्फ परीक्षा में स्थान प्राप्त किया है, बल्कि देश के सबसे प्रतिष्ठित संस्थान, आईआईटी बॉम्बे से कंप्यूटर साइंस इंजीनियरिंग करने का एक लक्ष्य भी निर्धारित किया है.

जेईई मेन की परीक्षा को किया पास

जेईई मेन (JEE Main) की परीक्षा सिर्फ एक प्रवेश परीक्षा नहीं है, बल्कि यह लाखों छात्रों के लिए किसी भी सपने से कम नहीं है. तो वहीं, इस कठिन परीक्षा को ध्यान में रखते हुए अर्नव गौतम जैसे प्रतिभाशाली छात्र अपनी असाधारण मेहनत और दृढ़ संकल्प के साथ उभरकर सामने आ रहे हैं.

अर्नव गौतम छात्रों के लिए बने प्रेरणा का स्रोत

अर्नव आज उन लाखों छात्राओं के लिए एक प्रेरणा का स्त्रोत बन गए हैं. तो वहीं, दूसरी तरफ शुरुआती दिनों से ही गणित और तर्कशक्ति (Logic) के प्रति उनकी गहरी रुचि ने उन्हें इंजीनियरिंग की तरफ दखेल दिया.

हालांकि, जेईई की तैयारी के दौरान, उन्होंने न सिर्फ कई घंटों तक पढ़ाई किया, बल्कि हर विषय को बेहद ही गहराई को समझने पर अपना सारा ध्यान लगा दिया. इसके अलावा उनके शिक्षकों का मानना है कि उन्होंने कभी भी किसी अवधारणा (Concept) को रटने के बजाय उसके पीछे के विज्ञान को समझने पर सबसे ज्यादा ध्यान दिया है.

 अर्नव का आगे लक्ष्य और कैसे करेंगे तैयारी?

तो वहीं, उनका अगला लक्ष्य आईआईटी बॉम्बे (IIT Bombay) है. जहां, आईआईटी बॉम्बे का कंप्यूटर साइंस एंड इंजीनियरिंग (CSE) विभाग दुनिया भर में अपनी प्लेसमेंट रिकॉर्ड के लिए सबसे ज्यादा मशहूर है. इसके साथ ही अर्नव के लिए यह केवल एक डिग्री हासिल करना नहीं है, बल्कि तकनीक के क्षेत्र में कुछ नया करने की दिशा में एक बेहद ही महत्वपूर्ण कदम है. वे कोडिंग, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) और मशीन लर्निंग जैसी आधुनिक तकनीकों को और भी ज्यादा गहराई से समझना चाहते हैं.

अर्नव ने सोशल मीडिया से बनाई थी दूरी

तो वहीं, उनकी इस सफलता के पीछे एक दिनचर्या का सबसे बड़ा हाथ है. जहां, उनिहोंने सोशल मीडिया से पूरी तरह से दूरी बना ली थी. उनका मानना है कि इंसान अपनी असफलताओं से ही सीखकर आगे बढ़ता है. साथ ही उन्होंने आगे बताया कि मॉक टेस्ट में कम अंक आने पर भी वे निराश होने के बजाय अपनी गलतियों का पूरी तरह से विश्लेषण भी करते थे.

अर्नव गौतम की कहानी से क्या मिलती है सीख?

अर्नव गौतम की कहानी यह सिखाती है कि अगर आपका लक्ष्य साफ है तो आप अपने जीवन में कुछ भी हासिल कर सकते हैं. फिलहाल, अब उनकी नजरें जेईई एडवांस पर टिकी हैं, जो उनके आईआईटी बॉम्बे के सपने की तरफ आगे लेकर जाएगी.

MORE NEWS