UPSC IAS MBBS Success Story: हॉस्पिटल की लंबी और थकाऊ ड्यूटी के साथ देश की सबसे कठिन परीक्षा UPSC की तैयारी करना किसी चुनौती से कम नहीं है. लेकिन डॉ. अक्षिता गुप्ता (Dr. Akshita Gupta) ने यह असंभव सा लगने वाला लक्ष्य हासिल कर दिखाया. MBBS की पढ़ाई के दौरान वार्ड की जिम्मेदारियां निभाते हुए उन्होंने सिविल सर्विसेज परीक्षा की तैयारी की और पहले ही प्रयास में ऑल इंडिया रैंक 69 हासिल कर ली.
हरियाणा के पंचकूला से ताल्लुक रखने वाली अक्षिता गुप्ता चंडीगढ़ के गवर्नमेंट मेडिकल कॉलेज एंड हॉस्पिटल से MBBS कर रही थीं, जब उन्होंने सिविल सर्विसेज की ओर कदम बढ़ाया. मेडिकल कॉलेज के तीसरे वर्ष में उन्हें महसूस हुआ कि वे केवल क्लिनिकल प्रैक्टिस तक सीमित नहीं रहना चाहतीं, बल्कि व्यापक स्तर पर नीतिगत बदलाव का हिस्सा बनना चाहती हैं. यही सोच उनके UPSC सफर की शुरुआत बनी.
सेल्फ-स्टडी और स्मार्ट रिवीजन बनी सफलता की कुंजी
हॉस्पिटल की व्यस्त दिनचर्या के बावजूद अक्षिता ने कोचिंग के बजाय सेल्फ-स्टडी का रास्ता चुना. उनका फोकस स्पष्ट था कि कम समय में अधिक प्रभावी तैयारी. उन्होंने अपने ऑप्शनल विषय में 500 में से 299 अंक प्राप्त किए. उनकी तैयारी का तरीका बेहद व्यवस्थित था. हर किताब को उन्होंने तीन चरणों में पढ़ा. पहले महत्वपूर्ण बिंदुओं को अंडरलाइन करना, फिर जरूरी तथ्यों को हाइलाइट करना और अंत में केवल हाइलाइट किए हिस्सों का रिवीजन करना. इस तकनीक ने उन्हें तेज और बार-बार रिवीजन करने में मदद की. जो सामग्री पहले घंटों लेती थी, वह बाद में 15–20 मिनट में दोहराई जा सकती थी.
ऐसे की टाइम मैनेजमेंट
मरीजों की देखभाल, इमरजेंसी ड्यूटी और पढ़ाई इन सबको संतुलित करना आसान नहीं था. लेकिन अक्षिता की अनुशासन और समय प्रबंधन की क्षमता ने उन्हें आगे बढ़ाया. शारीरिक थकान के बावजूद उनका मानसिक फोकस बना रहा, जो उनकी सफलता की सबसे बड़ी ताकत साबित हुआ. उनका पारिवारिक माहौल भी प्रेरणादायक रहा. उनके पिता स्कूल प्रिंसिपल और मां गणित की लेक्चरर हैं, जिसने बचपन से ही उन्हें अनुशासन और मेहनत की सीख दी.
IAS बनने के बाद अभी संभाल रही हैं ये पद
साल 2020 में पहले ही प्रयास में UPSC क्लियर कर उन्होंने IAS का सपना साकार किया. उन्हें पंजाब कैडर आवंटित हुआ और वर्तमान में वे पंजाब सरकार में महत्वपूर्ण प्रशासनिक जिम्मेदारी निभा रही हैं. लिंक्डइन प्रोफाइल के अनुसार डॉ. अक्षिता गुप्ता इस समय पंजाब सरकार में डायरेक्टर, सूचना एवं जनसंपर्क विभाग (DIPR) के पद पर कार्यरत हैं. इससे पहले वे फगवाड़ा म्युनिसिपल कॉर्पोरेशन की कमिश्नर रह चुकी हैं और फगवाड़ा में एडिशनल डिप्टी कमिश्नर के रूप में भी सेवाएं दे चुकी हैं. उन्होंने शहीद भगत सिंह नगर, पंजाब में सब-डिविजनल मजिस्ट्रेट (SDM) की जिम्मेदारी भी संभाली है.