Live TV
Search
Home > क्रिकेट > घर बिका, पिता गए जेल… फिर भी नहीं टूटा मुकुल चौधरी का हौसला, ऐसे बने IPL के नए सिक्सर किंग

घर बिका, पिता गए जेल… फिर भी नहीं टूटा मुकुल चौधरी का हौसला, ऐसे बने IPL के नए सिक्सर किंग

Mukul Choudhary Inspiring Story: 21 साल के मुकुल चौधरी ने लखनऊ सुपर जायंट्स की ओर से खेलते हुए कोलकाता नाइट राइडर्स के खिलाफ हारी हुई बाजी पलट दी. इसके बाद से उनकी खूब चर्चा हो रही है. मुकुल चौधरी की इस कामयाबी के पीछे उनके पिता का सबसे बड़ा हाथ रहा है, जिन्होंने बेटे को क्रिकेटर बनाने के लिए घर तक बेच दिया था.

Written By: Ankush Upadhyay
Last Updated: April 11, 2026 11:03:05 IST

Mobile Ads 1x1

Mukul Choudhary Inspiring Story: राजस्थान के छोटे से जिले से आने वाले विकेटकीपर बल्लेबाज मुकुल चौधरी इन दिनों खूब चर्चा में हैं. आईपीएल 2026 में मुकुल चौधरी लखनऊ सुपर जायंट्स (LSG) की ओर से खेल रहे हैं. हाल ही में खेले गए मैच में कोलकाता नाइट राइडर्स के खिलाफ मुकुल चौधरी ने 27 गेंदों पर 54 रनों की नाबाद पारी खेलकर अपनी टीम को जीत दिला दी. 21 साल के मुकुल चौधरी ने 182 रनों का टारगेट चेज करते हुए 7 छक्के लगाए. इस मैच के बाद से ही मुकुल चौधरी की हर तरफ चर्चा हो रही है. माना जा रहा है कि मुकुल चौधरी आने वाले समय में आईपीएल के सबसे खतरनाक फिनिशर बन सकते हैं, लेकिन उनका यह सफर आसान नहीं रहा है. उनकी इस क्रिकेट जर्नी में पिता के त्याग, जुनून, कर्ज, ताने और अटूट भरोसे की कहानी छिपी हुई है.

पिता के त्याग ने बनाया क्रिकेटर

मुकुल चौधरी (Mukul Choudhary) राजस्थान के झुंझुनू जिले के एक छोटे से गांव से आते हैं. उनके पिता ने अपनी शादी से पहले ही तय कर लिया कि अगर उन्हें बेटे हुआ, तो वो उसे क्रिकेटर बनाएंगे. इसके बाद जब मुकुल का जन्म हुआ, तो उनके पिता दलीप को बहुत खुशी हुई. इसके बाद से ही मुकुल चौधरी की क्रिकेट जर्नी शुरू हो गई. घर के आसपास क्रिकेट एकेडमी न होने के कारण दलीप अपने बेटे मुकुल को लेकर सीकर पहुंचे. वहां पर उन्होंने मुकुल को दाखिला क्रिकेट एकेडमी में कराया, लेकिन दलीप के पास कमाई को कोई स्थायी जरिया नहीं था. ऐसे में उन्होंने अपने बेटे की ट्रेनिंग के लिए अपना घर 21 लाख रुपये में बेच दिया. उन्होंने इन पैसों को अपने बेटे को क्रिकेटर बनाने में लगा दिया. इसके बाद दलीप ने होटल का बिजनेस शुरू किया, जिसके लिए लोन लेना पड़ा. फिर मुकुल के पिता लोन की किस्तें समय पर नहीं भर पाए, जिसके लिए उन्हें जेल भी जाना पड़ा.

पिता ने झेले रिश्तेदारों के ताने

मुकुल चौधरी को क्रिकेटर बनाने के लिए उनके पिता पूरी तरह से कर्जे में डूब गए थे. इस दौरान उनके रिश्तेदारों ने भी साथ छोड़ दिया और बहुत ताने भी मारे, लेकिन मुकुल चौधरी के पिता का हौसला नहीं टूटा. रिश्तेदारों के तानों ने मुकुल चौधरी के पिता को और मजबूती दी, जिसके बाद उन्होंने कड़ी मेहनत की.

ऑक्शन में लगी करोड़ों की बोली

मुकुल चौधरी ने अपने पिता के त्याग को व्यर्थ नहीं जाने दिया. उन्होंने कड़ी मेहनत की और अपनी बल्लेबाजी से कहर मचाना शुरू कर दिया. मुकुल चौधरी ने एक इंटरव्यू में बताया कि वह मैच खेलने के लिए गुरुग्राम आ गए थे, जहां पर अपने खेल में निखार ला सकें. इसके बाद उन्होंने घरेलू क्रिकेट में शानदार प्रदर्शन करते हुए आईपीएल टीमों का ध्यान अपनी ओर खींचा. IPL 2026 के ऑक्शन में लखनऊ सुपर जायंट्स (Lucknow Super Giants) समेत कई टीमों ने उन पर बोली लगाई. आखिर में लखनऊ सुपर जायंट्स ने 2.60 करोड़ की बोली लगाकर मुकुल चौधरी को अपनी स्क्वाड में शामिल किया. अब मुकुल चौधरी आईपीएल में लखनऊ सुपर जायंट्स को कोलकाता नाइट राइडर्स के खिलाफ हारा हुआ मैच जिताकर अपनी काबिलियत साबित की.

MORE NEWS

Home > क्रिकेट > घर बिका, पिता गए जेल… फिर भी नहीं टूटा मुकुल चौधरी का हौसला, ऐसे बने IPL के नए सिक्सर किंग

Written By: Ankush Upadhyay
Last Updated: April 11, 2026 11:03:05 IST

Mobile Ads 1x1

Mukul Choudhary Inspiring Story: राजस्थान के छोटे से जिले से आने वाले विकेटकीपर बल्लेबाज मुकुल चौधरी इन दिनों खूब चर्चा में हैं. आईपीएल 2026 में मुकुल चौधरी लखनऊ सुपर जायंट्स (LSG) की ओर से खेल रहे हैं. हाल ही में खेले गए मैच में कोलकाता नाइट राइडर्स के खिलाफ मुकुल चौधरी ने 27 गेंदों पर 54 रनों की नाबाद पारी खेलकर अपनी टीम को जीत दिला दी. 21 साल के मुकुल चौधरी ने 182 रनों का टारगेट चेज करते हुए 7 छक्के लगाए. इस मैच के बाद से ही मुकुल चौधरी की हर तरफ चर्चा हो रही है. माना जा रहा है कि मुकुल चौधरी आने वाले समय में आईपीएल के सबसे खतरनाक फिनिशर बन सकते हैं, लेकिन उनका यह सफर आसान नहीं रहा है. उनकी इस क्रिकेट जर्नी में पिता के त्याग, जुनून, कर्ज, ताने और अटूट भरोसे की कहानी छिपी हुई है.

पिता के त्याग ने बनाया क्रिकेटर

मुकुल चौधरी (Mukul Choudhary) राजस्थान के झुंझुनू जिले के एक छोटे से गांव से आते हैं. उनके पिता ने अपनी शादी से पहले ही तय कर लिया कि अगर उन्हें बेटे हुआ, तो वो उसे क्रिकेटर बनाएंगे. इसके बाद जब मुकुल का जन्म हुआ, तो उनके पिता दलीप को बहुत खुशी हुई. इसके बाद से ही मुकुल चौधरी की क्रिकेट जर्नी शुरू हो गई. घर के आसपास क्रिकेट एकेडमी न होने के कारण दलीप अपने बेटे मुकुल को लेकर सीकर पहुंचे. वहां पर उन्होंने मुकुल को दाखिला क्रिकेट एकेडमी में कराया, लेकिन दलीप के पास कमाई को कोई स्थायी जरिया नहीं था. ऐसे में उन्होंने अपने बेटे की ट्रेनिंग के लिए अपना घर 21 लाख रुपये में बेच दिया. उन्होंने इन पैसों को अपने बेटे को क्रिकेटर बनाने में लगा दिया. इसके बाद दलीप ने होटल का बिजनेस शुरू किया, जिसके लिए लोन लेना पड़ा. फिर मुकुल के पिता लोन की किस्तें समय पर नहीं भर पाए, जिसके लिए उन्हें जेल भी जाना पड़ा.

पिता ने झेले रिश्तेदारों के ताने

मुकुल चौधरी को क्रिकेटर बनाने के लिए उनके पिता पूरी तरह से कर्जे में डूब गए थे. इस दौरान उनके रिश्तेदारों ने भी साथ छोड़ दिया और बहुत ताने भी मारे, लेकिन मुकुल चौधरी के पिता का हौसला नहीं टूटा. रिश्तेदारों के तानों ने मुकुल चौधरी के पिता को और मजबूती दी, जिसके बाद उन्होंने कड़ी मेहनत की.

ऑक्शन में लगी करोड़ों की बोली

मुकुल चौधरी ने अपने पिता के त्याग को व्यर्थ नहीं जाने दिया. उन्होंने कड़ी मेहनत की और अपनी बल्लेबाजी से कहर मचाना शुरू कर दिया. मुकुल चौधरी ने एक इंटरव्यू में बताया कि वह मैच खेलने के लिए गुरुग्राम आ गए थे, जहां पर अपने खेल में निखार ला सकें. इसके बाद उन्होंने घरेलू क्रिकेट में शानदार प्रदर्शन करते हुए आईपीएल टीमों का ध्यान अपनी ओर खींचा. IPL 2026 के ऑक्शन में लखनऊ सुपर जायंट्स (Lucknow Super Giants) समेत कई टीमों ने उन पर बोली लगाई. आखिर में लखनऊ सुपर जायंट्स ने 2.60 करोड़ की बोली लगाकर मुकुल चौधरी को अपनी स्क्वाड में शामिल किया. अब मुकुल चौधरी आईपीएल में लखनऊ सुपर जायंट्स को कोलकाता नाइट राइडर्स के खिलाफ हारा हुआ मैच जिताकर अपनी काबिलियत साबित की.

MORE NEWS