Aligarh News: अलीगढ़ में एक सिपाही ने एक रेप पीड़िता को उसका केस दर्ज करने के बदले एक होटल में बुलाया. सिपाही ने उससे कहा, 'हमारा धर्म एक ही है. पहले आओ और मुझसे होटल के कमरे में मिलो; तभी मैं केस दर्ज करूँगा और आरोपी को जेल भेजूँगा.' सिपाही ने तो हद ही कर दी, उसने फ़ोन पर पीड़िता से उसकी न्यूड तस्वीरें भी माँगीं. पीड़िता को धमकाते हुए सिपाही ने कहा, 'मैं तुम्हें कसम देता हूँ. आओ और मुझसे मिलो. अगर तुमने किसी को इस बारे में बताया, तो मैं मर जाऊँगा.' पीड़िता ने सिपाही की बातचीत अपने फ़ोन पर रिकॉर्ड कर ली. पीड़िता की शिकायत पर कार्रवाई करते हुए SSP ने आरोपी सिपाही को सस्पेंड कर दिया है. उसके ख़िलाफ़ एक केस भी दर्ज किया गया है. यह मामला क्वार्सी पुलिस स्टेशन का है. क्या है पूरा मामला जमालपुर की रहने वाली रेप पीड़िता ने बताया कि ज़ीशान नाम के एक युवक ने उससे शादी का वादा किया था. उसने उसे धोखा दिया और उसके साथ शारीरिक संबंध बनाए। जब पीड़िता ने उससे शादी का वादा पूरा करने को कहा तो वह मुकर गया. उसने इस मामले में मुख्यमंत्री पोर्टल पर और स्थानीय पुलिस स्टेशन में शिकायतें दर्ज कीं. इस केस की जाँच का काम सिपाही इमरान ख़ान को सौंपा गया था, जो पटवारी नगला पुलिस चौकी पर तैनात था. जाँच के बहाने सिपाही ने एक दिन पीड़िता को चौकी पर बुलाया. वहाँ उसने उससे घटना के बारे में पूछताछ की. सिपाही ने पीड़िता से कहा कि वह जल्द ही आरोपी को गिरफ़्तार कर लेगा और उसे निर्देश दिया कि घर पहुँचने पर वह उसे WhatsApp कॉल करे. पीड़िता घर पहुँची और उसे कॉल किया. तब सिपाही ने उससे अश्लील बातें करना शुरू कर दिया. जब पीड़िता ने इसका विरोध किया तो सिपाही ने उससे कहा, 'अगर तुम मुझसे बात नहीं करोगी, तो मैं तुम्हारे केस में कोई कार्रवाई नहीं करूँगा.' इसके बाद पीड़िता ने कॉल काट दिया. उपरोक्त प्रकरण से संबंधित मुख्य आरक्षी को तत्काल प्रभाव से निलम्बित करते हुए सुसंगत धाराओं मे अभियोग पंजीकृत किया गया एवं विभागीय जाँच प्रचलित की गई । — ALIGARH POLICE (@aligarhpolice) March 20, 2026 SSP ने सिपाही के ख़िलाफ़ ख़ुद केस दर्ज करवाया बुधवार को पीड़िता ने इस मामले में SSP नीरज कुमार जादौन से मिलकर व्यक्तिगत रूप से शिकायत दर्ज करवाई. उसने मुख्यमंत्री पोर्टल पर भी शिकायत दर्ज की. गुरुवार को SSP ने आरोपी सिपाही के ख़िलाफ़ क्वार्सी पुलिस स्टेशन में केस दर्ज करवाया. इसके बाद सिपाही को सस्पेंड कर दिया गया. SSP के अनुसार सिपाही के ख़िलाफ़ विभागीय जाँच भी शुरू कर दी गई है. इस जाँच के दौरान जो भी तथ्य सामने आएंगे उनके आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी. आरोपी मूल रूप से मुज़फ़्फ़रनगर का रहने वाला है. वह 2006 में पुलिस विभाग में शामिल हुआ था. इस बीच आरोपी कांस्टेबल इमरान का कहना है कि महिला का मामला उसे ही जाँच के लिए सौंपा गया था. उसने केवल महिला से पूछताछ की थी. उसके द्वारा लगाए गए आरोप बेबुनियाद हैं.