UP Crime News: उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ में भारी बारिश के बीच एक शर्मनाक घटना ने पूरे शहर को हिलाकर रख दिया है. यह घटना मंगलवार शाम को आशियाना पुलिस स्टेशन के अधिकार क्षेत्र में आने वाले सेक्टर M में एक निर्माणाधीन इमारत के परिसर में हुई. बारिश से बचने के लिए वहां शरण लेने वाली एक किशोरी के साथ सामूहिक बलात्कार किया गया. पीड़िता पास के ही एक घर में बच्चों की देखभाल करने वाली के तौर पर काम करती है; वह हर रोज़ की तरह उस दिन भी काम पर जा रही थी.
बारिश में छुपने के लिए निर्माणाधीन बिल्डिंग की शरण ली थी
रास्ते में जब ज़ोरों की बारिश होने लगी तो किशोरी ने उस निर्माणाधीन इमारत के अंदर रुककर शरण ले ली. आरोप है कि साइट पर काम कर रहे एक मज़दूर ने लड़की को खींचकर अंदर कर लिया, जबकि उसके साथी बाहर पहरा देते रहे. जब पीड़िता ने विरोध किया तो आरोपियों ने उसके हाथ-पैर बांध दिए, उसके साथ मारपीट की और उसके मुंह में कपड़ा ठूंसकर उसकी आवाज़ दबा दी. जिस महिला के लिए वह किशोरी काम करती थी, उसे चिंता हुई जब वह समय पर नहीं पहुंची और उसने उसकी तलाश शुरू कर दी. स्थानीय निवासियों को शक हुआ, जिसके बाद उन्होंने निर्माणाधीन इमारत की तलाशी ली; वहां अंततः वह किशोरी तीसरी मंज़िल पर बदहवास हालत में मिली.
पानी के टंकी के पीछे छिपे मिले अपराधी
लड़की के मिलने के बाद, स्थानीय लोगों ने उन मज़दूरों को पकड़ लिया जो इमारत की छत पर बने पानी के टैंक के पास छिपे हुए मिले थे और उनकी जमकर पिटाई की. सूचना मिलते ही आशियाना पुलिस तुरंत घटनास्थल पर पहुंची; पीड़िता को फौरन लोकबंधु अस्पताल ले जाया गया, जहां उसका मेडिकल परीक्षण किया गया.
पुलिस ने घटनास्थल से पांच मज़दूरों को हिरासत में ले लिया है. शुरुआती जानकारी के अनुसार, सभी आरोपी सीतापुर के रहने वाले हैं. पुलिस ने फिलहाल बलात्कार से संबंधित धाराओं के तहत मामला दर्ज कर लिया है और जांच शुरू कर दी है. पुलिस उपायुक्त (DCP) सेंट्रल के अनुसार, बलात्कार की घटना की पुष्टि हो चुकी है. आरोपियों से पूछताछ फिलहाल जारी है और पुलिस पीड़िता का बयान दर्ज करने की प्रक्रिया में है, साथ ही वे पूरी घटनाक्रम का विस्तृत ब्योरा जुटाने की कोशिश कर रहे हैं.