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Varuthini Ekadashi 2026: वैशाख की पहली एकादशी, किन राशियों को मिलेगा लाभ, किन्हें रहना होगा सावधान

Vaishakh Ekadashi 2026: इस माधव मास के दौरान भगवान विष्णु की पूजा-अर्चना, पवित्र स्नान और दान-पुण्य से मिलने वाले असाधारण आध्यात्मिक लाभों, तथा एकादशी व्रत की महिमा के बारे में जानकारी प्राप्त करें.

Written By: Vipul Tiwary
Last Updated: April 6, 2026 11:14:58 IST

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Varuthini Ekadashi 2026: वैशाख मास को भगवान विष्णु के सबसे प्रिय महीनों में से एक है. इस महीने को ‘माधव मास’ के नाम से भी जाना जाता है. वैशाख मास के दौरान, भगवान विष्णु की उनके ‘माधव’ स्वरूप में पूजा-अर्चना की जाती है. धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, इस पूरे महीने में प्रातःकाल स्नान करने और दान-पुण्य के कार्य करने से सामान्य दिनों की तुलना में कई गुना अधिक आध्यात्मिक पुण्य की प्राप्ति होती है. इसके अतिरिक्त, वैशाख मास में पड़ने वाले ‘एकादशी’ व्रत का भी खास महत्व है. एकादशी व्रत भगवान विष्णु को समर्पित है. इसलिए इस विशेष महीने में आने वाली एकादशी को अत्यंत शुभ और फलदायी माना जाता है.

वरुथिनी एकादशी का कब है व्रत?

वैशाख मास के कृष्ण पक्ष (चंद्रमा के घटते चरण) में पड़ने वाली एकादशी को ‘वरुथिनी एकादशी’ के नाम से जाना जाता है. वैशाख मास की पहली एकादशी 13 अप्रैल, 2026 को मनाई जाएगी. वरुथिनी एकादशी का व्रत रखने से सुख, सौभाग्य और समृद्धि की प्राप्ति होती है. इसके अतिरिक्त, यह व्रत जाने-अनजाने में किए गए पापों से भी मुक्ति दिलाता है.

कब है शुभ मुहूर्त?

वैशाख मास के कृष्ण पक्ष की एकादशी तिथि 13 अप्रैल को सुबह 1:16 बजे प्रारंभ होगी और 14 अप्रैल को सुबह 1:08 बजे समाप्त होगी. वरुथिनी एकादशी पूजा के लिए ब्रह्म मुहूर्त 13 अप्रैल को सुबह 4:51 बजे से 5:37 बजे तक रहेगा. अभिजीत मुहूर्त दोपहर 12:14 बजे से 1:04 बजे तक रहेगा.
 

हिंदू पंचांग के मुताबिक

  •  एकादशी तिथि का आरंभ: 13 अप्रैल, सुबह 1:16 बजे
  • एकादशी तिथि का समापन: 14 अप्रैल, सुबह 1:08 बजे
  • ब्रह्म मुहूर्त सुबह 4:51 बजे से 5:37 बजे तक रहेगा
  •  इसलिए, व्रत 13 अप्रैल, 2026 को रखा जाएगा.

वैशाख माह में इन राशियों को होगा बड़ा लाभ

मेष राशि

वैशाख महीने का आधा हिस्सा मेष राशि वालों के लिए विशेष रूप से शुभ रहेगा. उनके करियर में, अपने वरिष्ठों के साथ उनके संबंध बहुत अच्छे रहेंगे. काम में सहयोग बढ़ेगा और आगे बढ़ने के अवसर मिलेंगे. 

वृषभ राशि

शुक्र के प्रभाव से, वृषभ राशि में जन्मे जातकों के सुख-सुविधाओं में बढ़ोतरी होगी. इस अवधि के दौरान, उनकी आर्थिक स्थिति भी पहले की तुलना में काफी अधिक सुदृढ़ हो जाएगी. इसके अतिरिक्त, व्यापारियों को अपने व्यापार में भारी मुनाफे के प्रबल संकेत मिल रहे हैं.

मिथुन राशि

बुध के प्रभाव से, मिथुन राशि के जातकों को सकारात्मक बदलाव देखने को मिलेंगे. उन्हें अपनी नौकरी में पदोन्नति मिल सकती है. जो काम लंबे समय से अटके हुए थे, वे जल्द पूरे होगे. उन्हें किसी नई नौकरी का प्रस्ताव भी मिल सकता है.

कुंभ राशि

वैशाख का महीना कुंभ राशि वालों के लिए खुशहाल होगा. आपको भाग्य का पूरा साथ मिलेगा. आपके करियर में सकारात्मक बदलाव होगा और आपकी आर्थिक स्थिति अच्छी होगी.

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Written By: Vipul Tiwary
Last Updated: April 6, 2026 11:14:58 IST

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Varuthini Ekadashi 2026: वैशाख मास को भगवान विष्णु के सबसे प्रिय महीनों में से एक है. इस महीने को ‘माधव मास’ के नाम से भी जाना जाता है. वैशाख मास के दौरान, भगवान विष्णु की उनके ‘माधव’ स्वरूप में पूजा-अर्चना की जाती है. धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, इस पूरे महीने में प्रातःकाल स्नान करने और दान-पुण्य के कार्य करने से सामान्य दिनों की तुलना में कई गुना अधिक आध्यात्मिक पुण्य की प्राप्ति होती है. इसके अतिरिक्त, वैशाख मास में पड़ने वाले ‘एकादशी’ व्रत का भी खास महत्व है. एकादशी व्रत भगवान विष्णु को समर्पित है. इसलिए इस विशेष महीने में आने वाली एकादशी को अत्यंत शुभ और फलदायी माना जाता है.

वरुथिनी एकादशी का कब है व्रत?

वैशाख मास के कृष्ण पक्ष (चंद्रमा के घटते चरण) में पड़ने वाली एकादशी को ‘वरुथिनी एकादशी’ के नाम से जाना जाता है. वैशाख मास की पहली एकादशी 13 अप्रैल, 2026 को मनाई जाएगी. वरुथिनी एकादशी का व्रत रखने से सुख, सौभाग्य और समृद्धि की प्राप्ति होती है. इसके अतिरिक्त, यह व्रत जाने-अनजाने में किए गए पापों से भी मुक्ति दिलाता है.

कब है शुभ मुहूर्त?

वैशाख मास के कृष्ण पक्ष की एकादशी तिथि 13 अप्रैल को सुबह 1:16 बजे प्रारंभ होगी और 14 अप्रैल को सुबह 1:08 बजे समाप्त होगी. वरुथिनी एकादशी पूजा के लिए ब्रह्म मुहूर्त 13 अप्रैल को सुबह 4:51 बजे से 5:37 बजे तक रहेगा. अभिजीत मुहूर्त दोपहर 12:14 बजे से 1:04 बजे तक रहेगा.
 

हिंदू पंचांग के मुताबिक

  •  एकादशी तिथि का आरंभ: 13 अप्रैल, सुबह 1:16 बजे
  • एकादशी तिथि का समापन: 14 अप्रैल, सुबह 1:08 बजे
  • ब्रह्म मुहूर्त सुबह 4:51 बजे से 5:37 बजे तक रहेगा
  •  इसलिए, व्रत 13 अप्रैल, 2026 को रखा जाएगा.

वैशाख माह में इन राशियों को होगा बड़ा लाभ

मेष राशि

वैशाख महीने का आधा हिस्सा मेष राशि वालों के लिए विशेष रूप से शुभ रहेगा. उनके करियर में, अपने वरिष्ठों के साथ उनके संबंध बहुत अच्छे रहेंगे. काम में सहयोग बढ़ेगा और आगे बढ़ने के अवसर मिलेंगे. 

वृषभ राशि

शुक्र के प्रभाव से, वृषभ राशि में जन्मे जातकों के सुख-सुविधाओं में बढ़ोतरी होगी. इस अवधि के दौरान, उनकी आर्थिक स्थिति भी पहले की तुलना में काफी अधिक सुदृढ़ हो जाएगी. इसके अतिरिक्त, व्यापारियों को अपने व्यापार में भारी मुनाफे के प्रबल संकेत मिल रहे हैं.

मिथुन राशि

बुध के प्रभाव से, मिथुन राशि के जातकों को सकारात्मक बदलाव देखने को मिलेंगे. उन्हें अपनी नौकरी में पदोन्नति मिल सकती है. जो काम लंबे समय से अटके हुए थे, वे जल्द पूरे होगे. उन्हें किसी नई नौकरी का प्रस्ताव भी मिल सकता है.

कुंभ राशि

वैशाख का महीना कुंभ राशि वालों के लिए खुशहाल होगा. आपको भाग्य का पूरा साथ मिलेगा. आपके करियर में सकारात्मक बदलाव होगा और आपकी आर्थिक स्थिति अच्छी होगी.

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