NIOS Result 2026 Declared: नेशनल इंस्टीट्यूट ऑफ ओपन स्कूलिंग (NIOS) ने वर्ष 2025 के लिए कक्षा 10वीं और 12वीं के परीक्षा परिणाम घोषित कर दिए हैं. जिन छात्रों ने अक्टूबर–नवंबर 2025 में आयोजित NIOS की सार्वजनिक परीक्षाओं में भाग लिया था, वे अब अपना रिजल्ट आधिकारिक वेबसाइट nios.ac.in पर देख सकते हैं.
इसके अलावा उम्मीदवार सीधे इस लिंक https://results.nios.ac.in/home/on-demand?type=2 के माध्यम से भी अपना रिजल्ट देख सकते हैं. साथ ही नीचे दिए गए इन स्टेप्स के तहत भी रिजल्ट चेक कर सकते हैं. NIOS ने सभी छात्रों से आग्रह किया है कि वे अपने परिणाम में दर्ज विवरणों को ध्यान से जांचें. विशेष रूप से नाम की स्पेलिंग, एनरोलमेंट नंबर, विषयों के नाम और प्राप्त अंकों को अच्छी तरह मिलान करें. यदि किसी प्रकार की गलती या विसंगति पाई जाती है, तो छात्र निर्धारित समय सीमा के भीतर अपने संबंधित NIOS क्षेत्रीय केंद्र से संपर्क करें.
NIOS Result 2026 ऐसे चेक करें स्कोरकार्ड
परिणाम देखने के लिए उम्मीदवारों को वेबसाइट पर जाकर अपना एनरोलमेंट नंबर दर्ज करना होगा. स्कोरकार्ड में छात्र का नाम, एनरोलमेंट नंबर, कोर्स का विवरण, विषयवार अंक, कुल अंक, परिणाम की स्थिति और अन्य महत्वपूर्ण जानकारी दी गई होगी. छात्रों को सलाह दी जाती है कि वे भविष्य में उपयोग के लिए अपने स्कोरकार्ड की एक प्रति डाउनलोड कर सुरक्षित रखें.
परिणाम सुधार के लिए आवेदन की सुविधा
जो छात्र अपने परिणाम में सुधार कराना चाहते हैं, उनके लिए NIOS ने स्पष्ट दिशानिर्देश जारी किए हैं. परिणाम घोषित होने की तिथि से 30 दिनों के भीतर सुधार के लिए आवेदन किया जा सकता है. प्रत्येक सुधार अनुरोध के लिए 50 रुपये का शुल्क निर्धारित किया गया है.
उपलब्ध सुधार विकल्प
आवेदन के दौरान छात्र निम्नलिखित विकल्पों में से सुधार का प्रकार चुन सकते हैं:
परिणाम में प्रैक्टिकल अंक दिखाई नहीं दे रहे
ट्यूटर मार्क्ड असाइनमेंट (TMA) के अंक शामिल नहीं हैं
क्रेडिट ट्रांसफर (TOC) के अंक गायब हैं
थ्योरी परीक्षा में गलती से अनुपस्थित दर्शाया गया है
सुधार का विकल्प चुनने के बाद, छात्रों को ऑनलाइन पेमेंट गेटवे के माध्यम से शुल्क जमा करना होगा.
रीचेकिंग और री-इवैल्यूएशन की प्रक्रिया
जो उम्मीदवार अपने अंकों से संतुष्ट नहीं हैं, वे रीचेकिंग या री-इवैल्यूएशन के लिए भी आवेदन कर सकते हैं. सार्वजनिक परीक्षा के लिए कक्षा 10वीं और 12वीं दोनों में रीचेकिंग शुल्क 400 रुपये प्रति विषय है, जबकि री-इवैल्यूएशन शुल्क 1,000 रुपये प्रति विषय रखा गया है.
ऑन-डिमांड परीक्षा के मामलों में रीचेकिंग शुल्क समान रहता है, लेकिन री-इवैल्यूएशन शुल्क 1,200 रुपये प्रति विषय है. इसके अतिरिक्त, प्रत्येक आवेदन पर 50 रुपये का ऑनलाइन प्रोसेसिंग चार्ज भी लिया जाएगा.