Delhi High Court: एक ऐतिहासिक और कड़ा रुख अपनाते हुए दिल्ली हाई कोर्ट ने मशहूर रैपर्स हनी सिंह और बादशाह के विवादित पुराने ट्रैक ‘माफिया मुंडीर’ (वॉल्यूम 1) के संबंध में एक अहम आदेश जारी किया है. कोर्ट ने साफ तौर पर निर्देश दिया है कि इस गाने को यूट्यूब और स्पॉटीफाई जैसे सभी डिजिटल प्लेटफॉर्म से तुरंत हटा दिया जाए. 2000 के दशक में रिलीज हुआ यह गाना लंबे समय से अपने बोल और कंटेंट को लेकर विवादों में घिरा रहा है लेकिन अब कोर्ट ने इस पर कानूनी हथौड़ा चला दिया है.
मामले की सुनवाई के दौरान, हाई कोर्ट के जज ने गाने के कंटेंट को लेकर गहरी नाराजगी और चिंता ज़ाहिर की. हनी सिंह और बादशाह को फटकार लगाते हुए जज ने कहा कि गाने के बोल बेहद अश्लील, भद्दे और महिलाओं की गरिमा के खिलाफ हैं. कड़े शब्दों में जज ने टिप्पणी करते हुए कहा कि इस गाने ने कोर्ट की अंतरात्मा को झकझोर कर रख दिया है. कोर्ट ने ज़र देकर कहा कि कोई भी सभ्य समाज इंटरनेट पर ऐसे कंटेंट की मौजूदगी को बर्दाश्त नहीं कर सकता, ऐसा कंटेंट जो महिलाओं के प्रति इतना अपमानजनक और आपत्तिजनक हो.
नए कलाकारों के लिए एक सबक
इस फैसले को डिजिटल दुनिया में मौजूद कंटेंट के लिए जवाबदेही तय करने की दिशा में एक बड़ा कदम माना जा रहा है. सालों पहले रिलीज हुए इस गाने के बारे में कोर्ट की टिप्पणियां उन दूसरे कलाकारों के लिए भी एक संदेश हैं जो अपने काम में अभद्र भाषा का प्रयोग करते हैं. अब यह देखना बाकी है कि सभी डिजिटल प्लेटफॉर्म कितनी तेज़ी से इस आदेश का पालन करते हैं और क्या भविष्य में ऐसे दूसरे गानों के खिलाफ भी इसी तरह की कार्रवाई की जाएगी.
हनी सिंह पहले भी विवादों में घिर चुके हैं
इससे पहले, हनी सिंह को एक कॉन्सर्ट के दौरान दिल्ली की सर्दियों और महिलाओं के बारे में की गई टिप्पणियों के लिए कड़ी आलोचना का सामना करना पड़ा था; हालाँकि, बाद में सिंगर ने सोशल मीडिया के जरिए माफ़ी माँग ली थी. फिर भी यह पहली बार नहीं है जब सिंगर पर अश्लीलता के आरोप लगे हैं. इससे पहले उनके कई गानों को लेकर विवाद हो चुके हैं जिनमें उनका कमबैक गाना ‘मैनिएक’ और ‘मैं हूं वूमेनाइजर’ शामिल हैं.
बादशाह का गाना भी प्लेटफॉर्म से हटा दिया गया
इस बीच सिंगर बादशाह का गाना ‘टटीरी’ हाल ही में सभी सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म से हटा दिया गया. इस गाने में महिलाओं के लिए अपमानजनक भाषा का इस्तेमाल किया गया था. इस मामले के संबंध में हरियाणा राज्य महिला आयोग और राष्ट्रीय महिला आयोग दोनों ने सिंगर को समन जारी किया था. हालाँकि समन मिलने के बावजूद सिंगर आयोग के सामने पेश नहीं हुए. बादशाह ने इस गाने के लिए सार्वजनिक रूप से माफ़ी माँग ली है.