Dhurandhar 2: इस समय मनोरंजन जगत में अगर किसी फिल्म की चर्चा है, तो वो आदित्य धर की फिल्म ‘धुरंधर 2’ है. फिल्म पहले दिन से ही रिकॉर्ड पर रिकॉर्ड बना रही है. इस बार फिल्म में रणवीर सिंह के किरदार हमजा अली के अतीत की कहानी दिखाई गई है, जिसमें वो जसकीरत सिंह रंगी के रूप में हैं. आखिर कैसे जसकीरत सिंह हमजा बन गया और क्यों मिली थी उसे मौत की सजा? चलिए जानते हैं सबकुछ इस खबर में.
कौन है जसकीरत सिंह रंगी?
‘धुरंधर द रिवेंज’ फिल्म शुरुआत में ही हमें 2002 में ले जाती है. जहां जसकिरत सिंह रंगी और उनके परिवार से परिचित कराया जाता है. इसमें दिखाया जाता है कि जसकीरत के पिता सेना में अधिकारी हैं और जसकीरत उस समय 21 वर्ष के थे, जो सेना में भर्ती होने का प्रशिक्षण ले रहे थे. उनका परिवार पठानकोट में एक साधारण जीवन बीता रहा होता है. तभी एक घटना घटती है, जिसने सबकुछ बर्बाद कर दिया.
पिता की कर दी गई हत्या
फिर आगे कहानी में दिखाया जाता है कि जसकीरत सिंह रंगी के पिता की दिनदहाड़े हत्या कर दी जाती है. वहीं उसकी एक बहन के साथ 12 लोगों द्वारा सामूहिक दुष्कर्म किया जाता है और फिर उसकी हत्या कर दी जाती है. आपको बता दें कि यह सब जमीन विवाद के चलते होता है. अपराधी एक विधायक के परिवार से है, इसलिए उनके खिलाफ कोई कार्रवाई नहीं की जाती. इतना ही नहीं, तभी जसकीरत की दूसरी बहन का अपहरण हो जाता है. इसके बाद जसकीरत सिंह रंगी खुद हथियार उठा लेता है और बदला लेने की ठानता है.
फिर विधायक के परिवार पर बोल दिया हमला
इसके बाद वह बंदूक, गोला और बारूद लेकर अपराधी विधायक के घर पर धावा बोल देता है. इसमें उसके घर के 12 लोगों की मौत हो जाती है. इसके बाद उसे दोषी पाते हुए मौत की सजा सुना दी जाती है.
फिर मिला जासूस बनने का मौका
सजा-ए-मौत मिलने के बाद जसकीरत सिंह रंगी का सपना चूर-चूर हो जाता है, क्योंकि उसने सेना में जाने का सोचा था. फिर अजय सान्याल (आर माधवन) उसे खूफिया एजेंट बनने का मौका देते हैं. इसके बाद आप उसे हमजा अली के रूप में पाकिस्ता में तहलका मचाते देखते हैं. इसके बाद हमजा अली के पाकिस्तान के लयारी पर शासन करने का सफर शुरू होता है.