Vaginal pain during intercourse: खुशहाल जिंदगी जीने के लिए कपल्स के लिए संबंध बनाना बेहद जरूरी है. रोज संबंध बनाना केवल रोमांटिक फीलिंग ही नहीं होती, बल्कि ऐसा करना मानसिक और शारीरिक स्वास्थ्य के लिए भी फायदेमंद है. कई रिसर्च से पता चला है कि रेगुलर फिजिकल रिलेशन बनाने से तनाव को कम करने, मूड बेहतर करने और नींद की गुणवत्ता बढ़ाने में मदद करती है. हेल्थ एक्सपर्ट कहते हैं कि, संबंध बनाने से शरीर में एंडोर्फिन और ऑक्सिटोसिन जैसे हैप्पी हार्मोन्स रिलीज होते हैं. इस वजह से मानसिक तनाव कम होता है और लोग अच्छा महसूस करते हैं. यह काफी रिलैक्सिंग और प्लेजरेबल होता है. इसके बावजूद, कई महिलाओं को पेनिट्रेशन के दौरान अधिक दर्द का अनुभव होता है. क्या आपको पता है कि, इस दर्द पीछे क्या कारण हो सकते हैं. अब सवाल है कि आखिर, संबंध बनाते समय दर्द क्यों होता है? फिजिकल रिलेशन के दौरान होने वाले वेजाइनल पेन से बचने के लिए क्या करें? इस बारे में India News को बात रही हैं सीके बिडला हॉस्पिटल गुरुग्राम की गायनेकोलॉजिस्ट डॉ. उमंग जुनेजा-
फिजिकल रिलेशन के दौरान दर्द महसूस होने के कारण
इन्फेक्शन: संबंध बनाते समय वेजाइनल पेन का एक बड़ा कारण यीस्ट इनफेक्शन और यूरिनरी ट्रैक्ट इनफेक्शन है. इस स्थिति में वेजाइनल इन्फ्लेमेशन की समस्या होती है, जिसे वेजिनाइटिस भी कहते हैं. इसके अलावा, वेजाइना में सूजन की वजह से फिजिकल रिलेशन के दौरान फ्रिक्शन होने पर पेट के निचले हिस्से में दर्द और जलन हो सकती है. यही नहीं, अगर आपके पार्टनर को ईस्ट इंफेक्शन (यूटीआई) है तो भी आपको काफी पेनफुल हो सकता है.
ड्राइनेस: कई महिलाओं के वेजाइना में ड्राइनेस की वजह से भी दर्द हो सकता है. दरअसल, कई बार वेजाइनल प्राकृतिक रूप से लुब्रिकेंट प्रोड्यूस नहीं कर पाती है, जिससे दर्द की समस्या हो सकती है. एक्सपर्ट के मुताबिक, वेजाइनल ड्राइनेस के कई कारण होते हैं जैसे- मेनोपॉज, ब्रेस्टफीडिंग और प्रेगनेंसी में हुए हार्मोनल बदलाव. ऐसे में यदि आप दर्द महसूस कर रही हैं तो लुब्रिकेंट्स का इस्तेमाल आरामदायक हो सकता है. स्थिति में डॉक्टर की सलाह जरूरी है.
एंडोमेट्रियोसिस: कुछ महिलाओं में एंडोमेट्रियोसिस के चलते भी फिजिकल रिलेशन पेनफुल हो सकता है. डॉक्टर के मुताबिक, यह ऐसी स्थिति है जिसमें एंडोमेट्रियम ऊतक गर्भाशय के बाहर बढ़ जाता है, जिससे ओवरी, ब्लैडर, सर्विक्स, फैलोपियन ट्यूब के आसपास सूजन आ जाती है. यह समस्या होने पर आपको संबंध बनाते वक्त दर्द, पीरियड्स में असहनीय दर्द, इरेगुलर ब्लीडिंग और पाचन संबंधी समस्याएं हो सकती हैं.
टिल्टेड यूट्रस: डॉक्टर के मुताबिक, यदि आपका यूट्रस रेट्रोवर्टेड है यानी कि यह आगे की ओर झुका होने की जगह पीछे की ओर झुका है तो आपको संबंध बनाने के दौरान ज्यादा दर्द महसूस हो सकता है. बता दें कि, जब यूट्रस पीछे की ओर झुका होता है तो वेजाइनल केनाल सर्विक्स के काफी नजदीक आ जाती हैं, जिसकी वजह से फिजिकल रिलेशन के दौरान सर्विक्स प्रभावित होता है.
एलर्जिक रिएक्शन: कई महिलाओं में दर्द की वजह एलर्जिक रिएक्शन भी हो सकता है. इसका मतलब है कि, यदि किसी को लेटेस्ट कंडोम से एलर्जी है तो वेजाइना में खुजली, जलन और दर्द हो सकता है. इससे बचने के लिए डॉक्टर हमेशा नेचुरल मटेरियल से बने कंडोम यूज करने की सलाह देते हैं. वहीं, इंटिमेट एरिया को साफ करने के लिए केमिकल युक्त साबुन और अन्य फेमिनिन प्रोडक्ट्स के इस्तेमाल से बचें.