Ashok Kharat Case: महाराष्ट्र के अशोक खरात के मामले में हर दिन नए खुलासे हो रहे हैं. इस बीच जानकारी सामने आ रही है कि भोंदू अशोक खरात के जाल में फंसी पीड़ित महिलाओं को गहरा मानसिक आघात लगा है. बताया जा रहा है कि इस मामले के 8 से 9 पीड़ित महिलाओं ने मनोचिकित्सकों से संपर्क किया है. पीड़ित महिलाओं के वीडियो वायरल होने के बाद वे घर में अकेली रह रही हैं और अवसाद (डिप्रेशन) के साये में जी रही हैं.
विशेष जांच दल (SIT) ने महिलाओं से किसी भी तरह का दबाव न लेने और पूरी तरह सुरक्षित होने का भरोसा दिलाते हुए न्याय दिलाने का आश्वासन दिया है.
अज्ञात स्थानों पर हो रही पूछताछ
पीड़ित महिलाओं से अज्ञात स्थान पर पूछताछ की जा रही है, साथ ही उनके मानसिक तनाव को देखते हुए मामले को संवेदनशील तरीके से संभालने की सलाह दी गई है. पुलिस विश्वसनीय सूत्रों के मुताबिक, मामला सामने आने के बाद कई पीड़ित महिलाओं ने मनोचिकित्सकों की शरण ली है. भोंदू अशोक खरात और पीड़ित महिलाओं के वीडियो वायरल करने वालों के खिलाफ पुलिस ने सीधे केस दर्ज किए हैं, वहीं साइबर पुलिस ऐसे लोगों पर कड़ी नजर बनाए हुए है जिन्होंने आपत्तिजनक वीडियो वायरल किए हैं.
क्या है पूरा मामला?
पुलिस की प्राथमिक जांच में अशोक खरात से जुड़ी कुछ गंभीर बातें सामने आई हैं. 24 मार्च को अशोक खरात मामले पर बोलते हुए मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने विधानसभा में कहा कि पुलिस की जांच में 8 महिलाओं के 35 वीडियो सामने आए हैं. इन वीडियो में दिखता है कि अशोक खरात ने ढोंग और जादूटोना और तंत्र मंत्र का इस्तेमाल करके कई महिलाओं से बलात्कार और अश्लील हरकतें की हैं. अशोक खरात के खिलाफ यौन अत्याचार और महाराष्ट्र नरबलि एवं जादूटोना प्रतिबंधक क़ानून के तहत 5 अलग-अलग मामले दर्ज किए गए हैं. इस मामले की आगे की जांच एसआईटी कर रही है.
कौन हैं अशोक खरात?
अशोक खरात मर्चेंट नेवी का एक रिटायर्ड अधिकारी है और जो खुद को ‘कैप्टन’ कहता था, पिछले हफ्ते तब सुर्खियों में आया. जब उसे कथित तौर पर तीन साल से ज़्यादा समय तक एक महिला का रेप करने के आरोप में गिरफ्तार किया गया. महिला ने आरोप लगाया है कि खरात ने उससे कहा था कि उसके पति की जान खतरे में है. महिला ने आरोप लगाया है कि वह उसे अपने ऑफिस बुलाता था, नशीला ड्रिंक पिलाता था और फिर उसका रेप करता था.