Golden Temple Viral Video: अमृतसर के स्वर्ण मंदिर हरमंदिर साहिब से जुड़ा एक वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद विवाद खड़ा हो गया है. इस वीडियो में एक मुस्लिम युवक को पवित्र सरोअर (तालाब) के पानी से वजू (नमाज से पहले की जाने वाली सफाई) करते हुए दिखाया गया है. जिसके बाद ऑनलाइन और ऑफ़लाइन लोगों ने भी इस पर रिएक्शन दिए हैं.
सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X समेत कई जगहों पर लोगों ने इस पर नाराजगी जताई. कुछ बड़े इन्फ्लुएंसर्स ने इसे सिखों के पवित्र स्थल का अपमान बताया. उनका कहना है कि युवक पानी में नाक साफ करता हुआ दिखाई दे रहा है, जिससे सरोवर का पानी गंदा हुआ.वहीं, कुछ लोगों का कहना है कि युवक की मंशा गलत नहीं थी और वह भक्ति भाव से ऐसा कर रहा था, लेकिन उसे सिख मर्यादा की जानकारी नहीं थी।
आमतौर पर वजू बहते पानी में किया जाता है या वहां पानी निकलने की व्यवस्था होती है. जबकि गुरुद्वारों में मौजूद सरोअर का पानी स्थिर होता है, जिसका उपयोग केवल पवित्र स्नान के लिए किया जाता है. गुरुद्वारे में प्रवेश से पहले हाथ-पैर धोने के लिए अलग से बहते पानी की व्यवस्था होती है.
सोशल मीडिया पर एक वीडियो वायरल है जिसमें एक शख्स अमृतसर के श्री दरबार साहिब (गोल्डन टेम्पल) के पवित्र सरोवर में वजू और कुल्ला करता हुआ रील बना रहा है… यह हरकत सिखों और हिंदुओं की धार्मिक आस्था को चोट पहुंचाने वाली है… पर इसको लेकर SGPC का बयान परेशान करने वाला है, उनका कहना… pic.twitter.com/kaqdvAlSpj
— 🇮🇳Jitendra pratap singh🇮🇳 (@jpsin1) January 16, 2026
शिरोमणि गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी ने क्या कहा?
जब कुछ रिपोर्टरों ने इस मामले के बारे में पूछा तो शिरोमणि गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी के चीफ सेक्रेटरी कुलवंत सिंह मनन ने कहा, “हिंदू कम्युनिटी और जाहिर है सिख मर्यादा (कोड ऑफ़ कंडक्ट) जानते हैं, लेकिन दूसरे धर्मों के लोग कभी-कभी गलतियां कर देते हैं.” शिरोमणि गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी सिखों के पवित्र स्थलों को मैनेज करती है.
ऐसे और भी वीडियो हैं जिनमें कहा जा रहा है कि वही आदमी दूसरे धर्मों के लोगों का स्वागत करने के लिए सिख धर्म की तारीफ कर रहा है. वीडियो वायरल होने के बाद पंजाब और सिख ग्रुप में यह विवाद तेज हो गया है.
वीडियो की जांच की जाएगी-कुलवंत सिंह मानन
कुलवंत सिंह मानन ने बताया कि वीडियो की जांच की जाएगी और पहले भी इस तरह के मामलों पर बैठकें हो चुकी हैं.
स्वर्ण मंदिर में लोगों के धार्मिक कोड का पालन न करने के ऐसे ही मामले सामने आए हैं. SGPC ने इस बात पर खास ध्यान दिया है कि लोग इस जगह को “टूरिस्ट स्पॉट” मान रहे हैं और सोशल मीडिया के लिए वीडियो बना रहे हैं.