Who is Bulbul Chakraborty: भारतीय-अमेरिकी मूल की बुलबुल चक्रवर्ती ने यह साबित कर दिया है कि प्रतिभा की कोई सीमा नहीं होती है और साथ ही जुनून किसी भी उम्र में नई ऊंचाइयों तक पहुंचा सकती है. पेशे से एक प्रतिष्ठित भौतिक विज्ञानी (Physicist) बुलबुल चक्रवर्ती ने अपने पहले ही पेशेवर अभिनय प्रदर्शन के लिए न्यूयॉर्क का सर्वोच्च सम्मान जीतकर पूरी दुनिया में अपना रोशन कर हर किसी को हैरान कर दिया है.
कहां हुआ बुलबुल चक्रवर्ती का जन्म?
बुलबुल चक्रवर्ती का जन्म भारत में हुआ था और उनकी प्रारंभिक शिक्षा भी यहीं से पूरी हुई है. तो वहीं, उनके परिवार में शिक्षा और विज्ञान के प्रति सबसे ज्यादा सम्मान देखने को मिलता था. इतना ही नहीं, उन्हें बचपन से ही विज्ञान के प्रति जिज्ञासा थी.
प्रारंभिक शिक्षा और आईआईटी का सफर
बुलबुल चक्रवर्ती की उच्च शिक्षा की शुरुआत भारतीय प्रौद्योगिकी संस्थान (IIT), खड़गपुर से हुई थी. जहां, उन्होंने यहां से भौतिकी (Physics) में अपनी स्नातक की डिग्री प्राप्त हासिल की.
तो वहीं, जब विज्ञान और तकनीक के क्षेत्र में महिलाओं की संख्या बेहद ही कम थी, तब बुलबुल ने अपनी पढ़ाई से इस कठिन क्षेत्र में अपनी पहचान बनाने का सपना देख रही थीं.
अमेरिका में उच्च शिक्षा और पीएचडी
भारत में अपनी प्रारंभिक सफलता के बाद, वे उच्च शिक्षा के लिए संयुक्त राज्य अमेरिका चली गईं. जहां, उन्होंने Stony Brook University (स्टोनी ब्रुक यूनिवर्सिटी), न्यूयॉर्क से भौतिकी में अपनी पीएचडी (Ph.D.) की पढ़ाई भी पूरी की. तो वहीं, दूसरी तरफ उनकी पीएचडी का विषय सैद्धांतिक कंडेंस्ड मैटर फिजिक्स (Theoretical Condensed Matter Physics) से संबंधित था, जो भौतिकी की सबसे जटिल शाखाओं में से एक माना जाता है.
न्यूयॉर्क के चर्चित नाटक में निभाई भूमिका
इतना ही नहीं, बुलबुल चक्रवर्ती, जो ब्रांडिस यूनिवर्सिटी में सैद्धांतिक भौतिकी (Theoretical Physics) की प्रोफेसर हैं, उन्होंने न्यूयॉर्क के एक सबसे ज्यादा चर्चित नाटक में अपनी अहम मुख्य भूमिका निभाई थी जिसमें उनके जीवंत अभिनय और पात्र की गहराई को पकड़ने की क्षमता ने आलोचकों और दर्शकों का दिल जीत लिया था.
बुलबुल चक्रवर्ती को कैसे मिला सर्वोच्च सम्मान?
जानकारी के मुताबिक, न्यूयॉर्क का यह सर्वोच्च सम्मान, जिसे ज्यादातर ‘ऑफ-ब्रॉडवे‘ या थिएटर जगत के प्रतिष्ठित पुरस्कारों के बराबर माना जाता है, किसी भी व्यक्ति के लिए किसी सपने से कम नहीं होता है.
तो वहीं, दूसरी तरफ जूरी सदस्यों ने बुलबुल चक्रवर्ती के अभिनय की जमकर तारफी करते हुए कहा था कि उनके प्रदर्शन में एक ऐसी परिपक्वता और सहजता थी, जो आमतौर पर अनुभवी कलाकारों में सबसे ज्यादा देखने को मिलती है.
भारतीय प्रवासियों के लिए है गर्व का विषय
इसके साथ ही बुलबुल चक्रवर्ती का मानना है कि भौतिकी और कला दोनों ही सत्य की खोज के अलग-अलग तरीके होते हैं. जहां विज्ञान बाहरी दुनिया के नियमों को समझता है, वहीं कला अदंर की भावनाओं को व्यक्त करने का काम करती है.