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चीन से क्या हैं नालंदा के शीतला मंदिर का कनेक्शन? जहां मची भगदड़; जानें मंगलवार को क्यों जुटती है भीड़

Nalanda Sheetla Mata Mandir: हर मंगलवार को नालंदा के शीतला मंदिर में पूजा करने के लिए भक्तों की भारी भीड़ जमा होती है. शीतला माता मंदिर बिहार शरीफ के अंबेडकर चौक से करीब 2 किलोमीटर दूर मघरा गांव में है. भक्तों की इस मंदिर में बहुत आस्था है. यह मंदिर पुराने समय से ही भक्ति का केंद्र रहा है. गुप्त काल में चंद्रगुप्त II के शासनकाल में चीनी यात्री फाहियान ने भी यहां पूजा की थी. फाहियान ने अपनी रचनाओं में इस शीतला मंदिर का ज़िक्र भी किया है.

Written By: Divyanshi Singh
Last Updated: 2026-03-31 12:10:30

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Nalanda Sheetla Mata Mandir: बिहार के नालंदा से दिल दहला देने वाला मामला सामने आया है. जहां मंगलवार (31 मार्च) को नालंदा के बिहार शरीफ के मघरा में शीतला मंदिर में भगदड़ मच गई. भगदड़ के दौरान कई भक्त भारी भीड़ में गिर गए और कुचले गए. अब तक आठ लोगों की मौत की खबर है जबकि 12 लोग घायल बताए जा रहे हैं. भगदड़ के पीछे के कारण का अभी खुलासा नहीं हुआ हैं लेकिन ऐसे बताया जा रहा है कि भारी भीड़ के कारण भगदड़ मची. आज  आज मघरा के शीतला मंदिर में पूजा करने के लिए सैकड़ों लोग जमा हुए थे. 

भगदड़ की सूचना मिलने पर दीपनगर पुलिस स्टेशन मौके पर पहुंचा और तुरंत बचाव और राहत अभियान शुरू किया. आसपास के लोगों की मदद से पुलिस ने सभी घायलों को पास के मॉडल हॉस्पिटल पहुंचाया. मृतकों को मोर्चरी ले जाया जा रहा है. राहत और बचाव अभियान अभी भी जारी है.

हर मंगलवार को जमा होती है भीड़

 हर मंगलवार को नालंदा के शीतला मंदिर में पूजा करने के लिए भक्तों की भारी भीड़ जमा होती है. मंगलवार को यहां होने वाले अनुष्ठानों में हिस्सा लेने के लिए हजारों भक्त आते हैं.

सिद्धपीठ है यह मंदिर

शीतला माता मंदिर बिहार शरीफ के अंबेडकर चौक से करीब 2 km दूर मघरा गांव में है. भक्तों की इस मंदिर में बहुत आस्था है. यह मंदिर पुराने समय से ही भक्ति का केंद्र रहा है. गुप्त काल में चंद्रगुप्त II के शासनकाल में चीनी यात्री फाहियान ने भी यहां पूजा की थी. फाहियान ने अपनी रचनाओं में इस शीतला मंदिर का ज़िक्र भी किया है.

फाहियान ने मंदिर के बारे में क्या कहा?

फाहियान ने अपनी रचनाओं में बताया है कि उन्हें पंचाने नदी के मुहाने पर बहुत शांति और ठंडक का अनुभव हुआ. ध्यान दें कि गुप्त काल को मंदिरों के लिए स्वर्ण युग माना जाता है. इस शीतला माता मंदिर का ज़िक्र स्कंद पुराण में भी मिलता है.

चेचक की देवी हैं शीतला माता

शीतला माता चेचक की देवी हैं. एक और मान्यता है कि एक बार पूरे इलाके में चेचक फैल गया था, जिससे बहुत ज़्यादा डर फैल गया था. उस समय, देवी गांव वालों के सपने में आईं. उन्होंने उन्हें एक खास जगह पर खुदाई करने का निर्देश दिया. उस खुदाई के दौरान एक मूर्ति मिली जिसे गांव वालों ने शीतला माता मंदिर में बदल दिया.

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Written By: Divyanshi Singh
Last Updated: 2026-03-31 12:10:30

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Nalanda Sheetla Mata Mandir: बिहार के नालंदा से दिल दहला देने वाला मामला सामने आया है. जहां मंगलवार (31 मार्च) को नालंदा के बिहार शरीफ के मघरा में शीतला मंदिर में भगदड़ मच गई. भगदड़ के दौरान कई भक्त भारी भीड़ में गिर गए और कुचले गए. अब तक आठ लोगों की मौत की खबर है जबकि 12 लोग घायल बताए जा रहे हैं. भगदड़ के पीछे के कारण का अभी खुलासा नहीं हुआ हैं लेकिन ऐसे बताया जा रहा है कि भारी भीड़ के कारण भगदड़ मची. आज  आज मघरा के शीतला मंदिर में पूजा करने के लिए सैकड़ों लोग जमा हुए थे. 

भगदड़ की सूचना मिलने पर दीपनगर पुलिस स्टेशन मौके पर पहुंचा और तुरंत बचाव और राहत अभियान शुरू किया. आसपास के लोगों की मदद से पुलिस ने सभी घायलों को पास के मॉडल हॉस्पिटल पहुंचाया. मृतकों को मोर्चरी ले जाया जा रहा है. राहत और बचाव अभियान अभी भी जारी है.

हर मंगलवार को जमा होती है भीड़

 हर मंगलवार को नालंदा के शीतला मंदिर में पूजा करने के लिए भक्तों की भारी भीड़ जमा होती है. मंगलवार को यहां होने वाले अनुष्ठानों में हिस्सा लेने के लिए हजारों भक्त आते हैं.

सिद्धपीठ है यह मंदिर

शीतला माता मंदिर बिहार शरीफ के अंबेडकर चौक से करीब 2 km दूर मघरा गांव में है. भक्तों की इस मंदिर में बहुत आस्था है. यह मंदिर पुराने समय से ही भक्ति का केंद्र रहा है. गुप्त काल में चंद्रगुप्त II के शासनकाल में चीनी यात्री फाहियान ने भी यहां पूजा की थी. फाहियान ने अपनी रचनाओं में इस शीतला मंदिर का ज़िक्र भी किया है.

फाहियान ने मंदिर के बारे में क्या कहा?

फाहियान ने अपनी रचनाओं में बताया है कि उन्हें पंचाने नदी के मुहाने पर बहुत शांति और ठंडक का अनुभव हुआ. ध्यान दें कि गुप्त काल को मंदिरों के लिए स्वर्ण युग माना जाता है. इस शीतला माता मंदिर का ज़िक्र स्कंद पुराण में भी मिलता है.

चेचक की देवी हैं शीतला माता

शीतला माता चेचक की देवी हैं. एक और मान्यता है कि एक बार पूरे इलाके में चेचक फैल गया था, जिससे बहुत ज़्यादा डर फैल गया था. उस समय, देवी गांव वालों के सपने में आईं. उन्होंने उन्हें एक खास जगह पर खुदाई करने का निर्देश दिया. उस खुदाई के दौरान एक मूर्ति मिली जिसे गांव वालों ने शीतला माता मंदिर में बदल दिया.

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