कैसे हुआ हमला?
घायलों को तुरंत राजकनिका के कम्युनिटी हेल्थ सेंटर ले जाया गया. फर्स्ट एड के बाद गंभीर रूप से घायल बैलोचन बिस्वाल को केंद्रपाड़ा डिस्ट्रिक्ट हेडक्वार्टर हॉस्पिटल रेफर कर दिया गया, जहां इलाज के दौरान उनकी मौत हो गई. बाकी घायलों का CHC में इलाज चल रहा है, और उनकी हालत फिलहाल स्थिर है. डॉक्टरों के मुताबिक, मृतक के शरीर पर दर्जनों डंक के निशान थे. कई बार काटने से तेज़ी से पूरे शरीर में टॉक्सिन फैल गए, जिससे उसकी हालत और बिगड़ गई. डॉक्टरों ने बताया कि एक साथ बड़ी संख्या में मधुमक्खियों के हमले से एलर्जी, सांस लेने में दिक्कत और शॉक लग सकता है.