कैसा था पीयूष पांडे का निजी जीवन?
कब की थी विज्ञापन में करियर की शुरूआत?
मोदी सरकार के लिए दिया ऐतिहाासिक नारा
पीयूष पांडे को उनके साथी और दोस्त सुहेल सेठ ने सोशल मीडिया पर याद किया. उन्होंने लिखा कि पीयूष न केवल विज्ञापन जगत के प्रतिभाशाली व्यक्तित्व थे, बल्कि एक सच्चे देशभक्त और बेहतरीन इंसान भी थे. सुहेल ने कहा कि अब जन्नत में भी गूंजेगा ‘मिले सुर मेरा तुम्हारा. चार दशक से अधिक समय तक ओगिल्वी इंडिया में काम करते हुए, पीयूष पांडे ने भारतीय विज्ञापन की दिशा ही बदल दी.