Digital Detox: स्मार्टफोन, लैपटॉप और सोशल मीडिया ने हमें 24×7 ऑनलाइन कनेक्टेड तो बना दिया है, लेकिन इसकी भारी कीमत हमारी मानसिक शांति और सेहत चुका रही है. ज्यादातर ऑनलाइन रहने की आदत धीरे-धीरे नींद, ध्यान की क्षमता और रिश्तों पर असर डालती जा रही है. डिजिटल थकान, आपकी तनाव और अकेलेपन की लोगों की बढ़ती शिकायतों के बीच अब ‘डिजिटल डिटॉक्स’ अब एक ट्रेंड नहीं, बल्कि आवश्यक जरूरत बनता जा रहा है. अब लोग क्यों स्क्रीन से दूरी बनाने की कोशिश कर रहे हैं और इसके पीछे क्या कारण हैं.
अमेरिकी औसतन चार घंटे टीवी देखने में और लगभग साढ़े सात घंटे डिजिटल डिवाइस पर समय बिताते हैं. इसमें कोई बड़ी बात नहीं है कि इतना ज्यादा स्क्रीन टाइम बहुत लोगों को तनावग्रस्त बना रहा है.
एक रिसर्च में पता चला है कि, डिजिटल डिटॉक्स करने से आपकी नींद, रिश्तों और मनोदशा में भी सुधार हो सकता है. जानें सबकुछ.
डिजिटल डिटॉक्स के फायदे
- चीजों पर अधिक स्पष्ट फोकस
- तनाव कम होना
- बेहतर सामाजिक मेलजोल
- अपने समय पर ज्यादा नियंत्रण होना
डिजिटल डिटॉक्स कैसे करें
- बदलने के लिए एक व्यवहार का चयन करें. पता लगाएं कि आप किन गतिविधियों को कम करना या पूरी तरह बंद करना चाहते हैं.
- किसी विशेष उपकरण या मीडिया के उपयोग को कम करने या पूरी तरह बंद करने के अपने लक्ष्य को निर्धारित करें.
- डिजिटल आदतों को तोड़ने में समय लगता है, इसलिए समय की प्रतिबद्धता बनाएं. कम से कम दो सप्ताह का समय निर्धारित करें.
- डिजिटल डिटॉक्स शुरू करने के कुछ दिनों बाद,अपनी प्रगति का आकलन करें.
- दीर्घकालिक परिवर्तनों पर विचार आवश्य करें.