Blood Pressure Control Tips: हम में से ज्यादातर लोग नींद को उतनी प्राथमिकता नहीं देते, जितनी देनी चाहिए. कभी हम कम सोते हैं और कभी छुट्टी के दिन जरूरत से ज्यादा सोकर इसकी भरपाई करने की कोशिश करते हैं. लेकिन यह आदत धीरे-धीरे हमारी सेहत पर असर डाल सकती है. खासकर जिन लोगों को ब्लड प्रेशर यानी बीपी की समस्या है, उनके लिए अच्छी नींद दवा जितनी ही जरूरी मानी जाती है.
अक्सर देखा गया है कि जो लोग नियमित रूप से 7 घंटे से कम या 9 घंटे से ज्यादा सोते हैं, उनमें हाई ब्लड प्रेशर का खतरा बढ़ सकता है. इसलिए सही मात्रा में और अच्छी क्वालिटी की नींद लेना दिल और शरीर दोनों के लिए बेहद जरूरी है.
नींद पूरी न होने पर शरीर पर क्या असर पड़ता है
हेल्थ एक्सपर्ट के अनुसार अगर एक दिन नींद कम हो जाए तो मूड खराब रह सकता है, चिड़चिड़ापन बढ़ता है और थकान महसूस होती है. एक हफ्ते तक लगातार नींद खराब रहे तो ध्यान लगाने में दिक्कत, ऊर्जा की कमी और मानसिक थकान बढ़ सकती है.लगातार कई दिनों तक नींद ठीक न मिले तो इम्युनिटी कमजोर होने लगती है, याददाश्त पर असर पड़ता है और एक महीने के भीतर हाई ब्लड प्रेशर, दिल से जुड़ी बीमारियों और चिंता जैसी समस्याओं का खतरा बढ़ सकता है. अगर यह स्थिति लंबे समय तक बनी रहे तो यह क्रॉनिक हेल्थ इश्यू का रूप ले सकती है.
अच्छी नींद दिल और ब्लड प्रेशर को कैसे संभालती है
जब हम गहरी और शांत नींद लेते हैं तो शरीर रिकवरी मोड में चला जाता है और रात के समय ब्लड प्रेशर स्वाभाविक रूप से कम हो जाता है. इससे दिल और रक्त वाहिकाओं को आराम मिलता है.अच्छी नींद लेने से तनाव से जुड़े हार्मोन जैसे कोर्टिसोल और एड्रेनालिन का स्तर भी संतुलित रहता है. ये हार्मोन लंबे समय तक ज्यादा बने रहें तो ब्लड प्रेशर बढ़ा सकते हैं.नियमित और अच्छी नींद दिल की धड़कनों के बीच के अंतर को बेहतर बनाती है, जिससे दिल तनाव को बेहतर तरीके से संभाल पाता है. इसके विपरीत, लगातार नींद की कमी सूजन, मोटापा और इंसुलिन रेजिस्टेंस जैसी स्थितियों को बढ़ा सकती है, जो आगे चलकर दिल की बीमारी का कारण बनती हैं.
किन कारणों से नींद प्रभावित होती है
इंसोम्निया या स्लीप एपनिया जैसे स्लीप डिसऑर्डर, तनाव, चिंता, देर रात मोबाइल या स्क्रीन का ज्यादा इस्तेमाल, अनियमित सोने-जागने का समय, देर रात भारी खाना, कैफीन या शराब का सेवन जैसे कारण नींद की गुणवत्ता को खराब कर सकते हैं. इसके अलावा कुछ दवाएं और दर्द या पुरानी बीमारियां भी नींद में बाधा बनती हैं.
अच्छी नींद पाने के लिए क्या करें
हर दिन एक ही समय पर सोने और जागने की आदत शरीर की जैविक घड़ी को संतुलित करती है, जिससे नींद बेहतर होती है. आरामदायक बेडरूम, सही गद्दा और शांत वातावरण भी जरूरी है.सोने से पहले हल्का ध्यान, गहरी सांस लेने की एक्सरसाइज या गुनगुने पानी से स्नान जैसे छोटे-छोटे रूटीन दिमाग को शांत करते हैं. दिनभर पर्याप्त पानी पीना भी जरूरी है क्योंकि डिहाइड्रेशन ब्लड प्रेशर को प्रभावित कर सकता है.अगर डॉक्टर ने ब्लड प्रेशर की दवा दी है तो उसे समय पर लेना चाहिए और बिना सलाह के कोई नई दवा नहीं लेनी चाहिए. दिन में बहुत लंबी नींद लेने से बचें और यदि कोई स्लीप डिसऑर्डर हो तो डॉक्टर से सलाह जरूर लें.
नोट- यह मेडिकल सलाह नहीं है बल्कि यह लेख सिर्फ सूचना के लिए दिया गया है. इसे पढ़कर कोई भी कदम ना उठाएं बल्कि एक्पर्ट या डॉक्टर की सलाह लें. इंडिया न्यूज किसी भी परेशानी की जबावदारी नहीं लेता है.