अगर आपको भी खाने के साथ कुछ चटपटा चाहिये होता है, तो आज जो रेसिपी मैं आपके लिए लेकर आयी हूं, वो आप ही के लिए है. मैं बात कर रही हूं लहसुन की चटनी की.
लहसुन की चटनी राजस्थान की प्रसिद्ध थाली का अभिन्न हिस्सा है. यह लहसुन, सूखी लाल मिर्च और मसालों से बनी तीखी चटनी रोटी, पराठा या बेसन चीला के साथ जबरदस्त लगती है. इसे बनाना बेहद आसान है और यह लंबे समय तक खराब भी नहीं होती, इसलिए इसे एक बार बनाकर आप स्टोर भी कर सकते हैं.
सामग्री (1 छोटा जार के लिए)
लहसुन की कलियाँ: 1/2 कप (लगभग 25-30 कलियाँ, छीली हुई)
सूखी लाल मिर्च: 15-20 (कश्मीरी मिर्च बेहतर, तीखापन कम करने के लिए)
अदरक: 1 इंच टुकड़ा (कद्दूकस या कटा)
साबुत धनिया: 1 बड़ा चम्मच
जीरा: 1 छोटा चम्मच
नमक: 1 छोटा चम्मच (स्वादानुसार)
तेल: 4-5 बड़े चम्मच (सरसों का तेल राजस्थानी टच देता है)
नींबू का रस: 1 बड़ा चम्मच (वैकल्पिक, प्रिजर्व करने के लिए)
चीनी या गुड़: 1/2 छोटा चम्मच (स्वाद संतुलित करने के लिए)
बनाने की विधि
स्टेप 1: मसाले तैयार करें
सूखी लाल मिर्चों को 15-20 मिनट गर्म पानी में भिगो दें ताकि नरम हो जाएं. पानी निकालकर बीज हटा लें. एक कढ़ाई में 1 चम्मच तेल गर्म करें, जीरा, साबुत धनिया और अजवाइन डालकर 1 मिनट भूनें. फिर लहसुन, अदरक और भिगोई मिर्च डालकर सुनहरा होने तक भूनें. ठंडा होने के लिए रख दें.
स्टेप 2: पेस्ट बनाएं
सभी भुने मसाले, नमक और चीनी डालकर मिक्सर में दरदरा पीस लें. ज्यादा बारीक न करें, दरदरा टेक्सचर स्वाद बढ़ाता है. अगर जरूरी हो तो थोड़ा पानी मिलाएं.
स्टेप 3: तड़का लगाएं
बाकी तेल कढ़ाई में गर्म करें. हींग, राई और जीरा का तड़का दें. पीसे पेस्ट को डालकर 3-4 मिनट मध्यम आंच पर भूनें जब तक तेल अलग न हो जाए. नींबू का रस मिलाकर ठंडा करें. आपकी लहसुन की चटनी तैयार है. एयरटाइट जार में भरें. फ्रिज में यह 15-20 दिन तक आराम से चलती है. रोटी, पराठा, दाल-बाटी या चावल के साथ सर्व करें. थोड़ी चटनी दाल या सब्जी में डालने से स्वाद दोगुना हो जाता है.
कुछ जरूरी टिप्स
- तेल ज्यादा डालने से चटनी लंबे समय चलेगी
- डायबिटीज वाले गुड़ की जगह स्टेविया यूज करें
- लहसुन पाचन सुधारता है और इम्यूनिटी बढ़ाता है
- बच्चों के लिए अगर बना रहीं हैं तो मिर्च कम करें
यह चटनी राजस्थानी थाली को कंपलीट बनाती है. घर पर बनाकर जरूर ट्राई करें!