Sabudana Kaise Banta Hai: साबूदाना से बनी खिचड़ी, वड़ा या खीर जैसी चीजें खासकर व्रत के दौरान खूब पसंद की जाती हैं. लेकिन बहुत कम लोग जानते हैं कि साबूदाना आखिर बनता किस चीज से है और बाजार में मिलने वाला साबूदाना असली है या नकली.आजकल मार्केट में दोनों तरहका साबूदाना मिलता है, इसलिए सही पहचान करना जरूरी हो जाता है. कुछ आसान तरीकों से आप घर बैठे ही असली और नकली साबूदाना पहचान सकते हैं.
साबूदाना असल में टैपिओका स्टार्च से बनाया जाता है, जो कसावा नामक कंद (जड़) से निकाला जाता है. यह कंद देखने में शकरकंद जैसा होता है. इसके स्टार्च को प्रोसेस करके छोटे-छोटे दानों के रूप में तैयार किया जाता है, जिन्हें हम साबूदाना कहते हैं.इसमें कार्बोहाइड्रेट अच्छी मात्रा में होता है और हल्का कैल्शियम भी पाया जाता है, इसलिए व्रत में इसे एनर्जी के लिए खाया जाता है.
असली और नकली साबूदाने की पहचान कैसे करें?
चबाकर जांच करें
अगर साबूदाना चबाने पर सख्त या किरकिरा लगे, तो वह नकली हो सकता है. असली साबूदाना हल्का चिपचिपा महसूस होता है क्योंकि इसमें स्टार्च होता है.
पानी में भिगोकर देखें
असली साबूदाना पानी में डालने पर फूल जाता है और पानी थोड़ा लिसलिसा हो जाता है. वहीं नकली साबूदाना ज्यादा देर भिगोने पर भी ठीक से नहीं फूलता.
जलाकर पहचान करें
असली साबूदाना जलाने पर हल्की खुशबू देता है और ज्यादा राख नहीं छोड़ता. जबकि नकली साबूदाना जलने पर धुआं करता है और राख बन जाता है.
रंग और चमक पर ध्यान दें
बहुत ज्यादा सफेद और चमकदार दिखने वाला साबूदाना अक्सर केमिकल से ट्रीट किया हुआ हो सकता है. इसलिए सामान्य और हल्के रंग वाला साबूदाना ही लेना बेहतर होता है.