अगर आप भी नॉनवेज खाने के शौकीन हैं और दुबई जाने का प्लान बना रहे हैं तो वहां की फेमस डिश ‘लहम जमल’ खाना न भूलें. दुबई की लोक-संस्कृति में इसका विशेष महत्त्व है.
दुबई और सऊदी अरब जैसे खाड़ी देशों में ऊंट का मांस एक लोकप्रिय व्यंजन है, जिसे “लहम जमल” कहा जाता है; जहां “लहम” का अर्थ मांस और “जमल” का अर्थ ऊंट होता है. इन दिनों सोशल मीडिया पर इससे जुड़े कई रोचक तथ्य वायरल हो रहे हैं, जो नॉनवेज प्रेमियों के बीच चर्चा का विषय बने हैं. यह मांस पौष्टिक, मीठा स्वाद वाला और गाढ़ा माना जाता है.
ऊंट के मांस की सांस्कृतिक अहमियत
खाड़ी देशों में ऊंट का मांस विवाह, सामूहिक आयोजन और विशेष मौकों पर खाया जाता है. बड़ी संख्या में लोग इकट्ठे होकर इसे चाव से ग्रहण करते हैं.अब यह उनके सामाजिक और सांस्कृतिक जीवन का अहम हिस्सा बन चुका है. सऊदी अरब में ऊंट का मांस सबसे ज्यादा पसंद किया जाता है, जबकि सूअर का मांस (पोर्क) पूरी तरह प्रतिबंधित है. दुबई के अलावा मिडिल ईस्ट और अफ्रीका के कई देशों में भी इसे पारंपरिक रूप से खाया जाता है.
ऊंट के मांस से बनने वाली प्रसिद्ध डिशेज
ऊंट के मांस से कई स्वादिष्ट व्यंजन तैयार होते हैं, जिनमें बिरियानी से लेकर निहारी तक कई डिश शामिल है. यहां ऊंट के मांस से बनने वाले कुछ खास व्यंजनों के नाम दिए गए हैं:
- बिरयानी: मसालेदार चावल के साथ ऊंट का मांस मिलाकर बनाई जाती है.
- मांदी: धीमी आंच पर पकाया जाने वाला पारंपरिक डिश.
- ऊंट कढ़ाही: भुने हुए मांस को कढ़ाही में पकाकर परोसा जाता है.
- कोरमा, निहारी और कीमा: ये भी ऊंट के मांस से बनने वाली लोकप्रिय रेसिपीज हैं.
ये डिशेज न केवल स्वादिष्ट होती हैं, बल्कि पोषण से भरपूर भी मानी जाती हैं.
लहम जमल की पारंपरिक रेसिपी
पारंपरिक रूप से बनाने के लिए लहम जमल को पहले अच्छे से भून लिया जाता है. फिर प्याज, लहसुन और सूखे नींबू के साथ धीमी आंच पर पकाया जाता है. अंत में इसे मसालेदार चावल के साथ गर्मागर्म परोसा जाता है. यह प्रक्रिया मांस को कोमल और स्वादपूर्ण बनाती है.
भारत में नॉनवेज प्रेमी मुख्यतः अंडा, चिकन, मछली, मटन, बीफ या प्रॉन तक सीमित रहते हैं. लेकिन दुनिया भर में ऊंट, भेड़, बकरी जैसे मांस बड़े चाव से खाए जाते हैं. कुछ देशों में जानवरों का मांस जहां प्रतिबंधित होता है, वहीं दूसरे में वह स्टेपल फूड है. यह विविधता वैश्विक स्तर पर खान-पान संस्कृति की समृद्धि दर्शाती है.
डिस्क्लेमर: यह जानकारी सोशल मीडिया पोस्ट्स और रिपोर्ट्स पर आधारित है. इंडिया न्यूज इन दावों की पुष्टि नहीं करता.