Miracle With Indian Women: कलयुगी दुनिया में यूं तो बहुत कम लोग हैं जो ईमानदार होते हैं. एक ऐसा ही ताजा मामला सामने आया है जिसने न सिर्फ यह बताया कि ईमानदार होना कितनी अच्छी बात है बल्कि यह भी साबित किया कि इस दुनिया में आज भी अच्छे लोगों की कमी नहीं है. आखिर क्या है पूरा मामला जानने के लिए पूरी खबर पढ़िए.
कैसे हुई कहानी की शुरुआत?
यह कहानी तब शुरू हुई जब एक महिला ने अनजाने में अपने 12 लाख रुपये के सोने के गहने एक पुराने डिब्बे या बैग में रखकर मेज पर ही छोड़ दिए थे. घर की सफाई के दौरान, परिवार के किसी अन्य सदस्य ने उसे ‘कचरा’ समझकर बाहर कूड़ेदान में फेंक दिया. लेकिन, जब तक महिला को इसका अहसास हुआ कि उसका कीमती सोना गायब है, तब तक कचरा उठाने वाली गाड़ी वहां से जा चुकी थी.
तीन चमत्कार और ऐसे मिला गहना
इस दौरान महिला के साथ तीन चमत्कार देखने को मिला. जहां,पहले चमत्कार में महिला को गलती का अहसास हुआ, वह तुरंत कचरा डिपो की तरफ तेजी से भागी. इस दौरान कचरा ढोने वाली गाड़ी बीच रास्ते में किसी तकनीकी खराबी की वजह से रुक गई थी. तो वहीं, परेशान महिला ने जब नगर निगम के कर्मचारियों से संपर्क किया, तो उन्होंने बिना किसी देरी के महिला की मदद की. इसके साथ ही कचरे के ढेर को सड़क किनारे खाली किया गया और वहां मौजूद सफाई कर्मचारियों ने पूरी लगन के साथ-साथ उस पैकेट को ढूंढने में अपना जी-जान तक लगा दिया.
हजारों किलो कचरे के बीच वह पैकेट सही सलामत मिल गया. लेकिन सबसे ज्यादा चौंकाने वाली बात यह थी कि कचरे को कॉम्पैक्ट करने वाली मशीन ने उस पैकेट को किसी भी तरह से नुकसान नहीं पहुंचाया था. ज्यादातर मामलों में गहने टूट सकते थे या पिघल सकते थे.
ईमानदारी की हुई सबसे बड़ी जीत
तो वहीं, सेने गहने मिलने के बाद, महिला की खुशी का ठिकाना नहीं रहा. जहां, उन्होंने उन सफाई कर्मचारियों और अधिकारियों का आभार जताया. इस घटना ने सोशल मीडिया पर लोगों को यह विश्वास दिलाया कि आज भी ईमानदारी और मानवता जीवित है.