<

खुशी में राजा क्यों लुटाते थे अशर्फियां? जानें इस परंपरा का धार्मिक और राजनीतिक महत्व

Why Kings Gifted Gold Coins: पहले के समय में जब राजा खुश होते थे, तो वे जनता, सैनिकों या दरबारियों पर सोने के सिक्के लुटाते थे. यह सिर्फ खुशी जताने का तरीका नहीं था, बल्कि सत्ता, समृद्धि और दैवी कृपा का प्रतीक माना जाता था. सोने के सिक्के देना शाही परंपरा, राजनीतिक संदेश और सामाजिक सम्मान से गहराई से जुड़ा हुआ था. आइए जानते हैं इस परंपरा के पीछे की दिलचस्प कहानी और इसका असली शाही महत्व.

Why Kings Gifted Gold Coins: इतिहास में राजाओं द्वारा सोने के सिक्के देने की परंपरा बहुत पुरानी है. जब कोई राजा युद्ध जीतता था, संतान जन्म लेती थी, राज्याभिषेक होता था या कोई बड़ा पर्व आता था, तब वह अपनी खुशी जनता के साथ बांटने के लिए सोने के सिक्के दान करता था.यह दान सिर्फ भावनात्मक नहीं, बल्कि एक सोची-समझी रणनीति भी होती थी. सोना उस दौर में सबसे कीमती धातु मानी जाती थी और इसे देने का मतलब था कि राजा का खजाना भरा हुआ है और राज्य आर्थिक रूप से मजबूत है.

राजा जब सोने के सिक्के देते थे, तो इससे जनता और सैनिकों में यह भरोसा पैदा होता था कि उनका शासक समृद्ध है और वह अपने लोगों का ख्याल रख सकता है. सैनिकों को सिक्के देकर उनकी निष्ठा मजबूत की जाती थी, वहीं आम जनता के लिए यह राजा की उदारता का प्रतीक बन जाता था.कई सभ्यताओं में माना जाता था कि राजा भगवान का प्रतिनिधि होता है, इसलिए उसके हाथों से मिला सोना दैवी आशीर्वाद जैसा माना जाता था.

सोने के सिक्कों का शाही और सांस्कृतिक महत्व क्या था?

सोने के सिक्के सिर्फ मुद्रा नहीं थे, बल्कि शाही पहचान भी थे. इन सिक्कों पर राजा की तस्वीर, राज्य का चिन्ह या किसी देवता की आकृति अंकित होती थी. इससे राजा की सत्ता दूर-दराज तक फैलती थी. जिस क्षेत्र में वह सिक्का पहुंचता, वहां राजा का प्रभाव अपने आप स्थापित हो जाता था.भारत में सोने के सिक्कों को आज भी शुभ माना जाता है. विवाह, त्योहार और खास अवसरों पर सोने के सिक्के देने की परंपरा उसी शाही सोच से निकली है. माना जाता है कि सोना स्थिरता, समृद्धि और भविष्य की सुरक्षा का प्रतीक है.यही वजह है कि राजाओं द्वारा दिए गए सोने के सिक्के अक्सर पीढ़ी दर पीढ़ी संभालकर रखे जाते थे.

संस्कृति और सत्ता का प्रतीक

यूरोप, चीन और मध्य-पूर्व में भी सोने के सिक्कों का खास सांस्कृतिक महत्व रहा है. कई जगह इन्हें सौभाग्य, सम्मान और सत्ता के प्रतीक के रूप में देखा जाता था. जब राजा खुश होकर सिक्के देते थे, तो यह संदेश जाता था कि राज्य में खुशहाली है और जनता सुरक्षित हाथों में है.आज भले ही राजा-महाराजाओं का दौर खत्म हो गया हो, लेकिन सोने के सिक्कों का महत्व कम नहीं हुआ. आज भी इन्हें निवेश, उपहार और सम्मान के रूप में देखा जाता है. यह परंपरा हमें याद दिलाती है कि सोना सिर्फ धातु नहीं, बल्कि इतिहास, संस्कृति और सत्ता का प्रतीक रहा है.

Shivashakti narayan singh

मूल रूप से चन्दौली जनपद के निवासी शिवशक्ति नारायण सिंह ने इलाहाबाद विश्वविद्यालय से मास कम्युनिकेशन की पढ़ाई की है. वर्तमान में वे इंडिया न्यूज़ के साथ कार्यरत हैं. एस्ट्रो (ज्योतिष) और लाइफ़स्टाइल विषयों पर लेखन में उन्हें विशेष रुचि और अनुभव है. इसके अलावा हेल्थ और पॉलिटिकल कवरेज से जुड़े मुद्दों पर भी वे नियमित रूप से लेखन करते हैं.तथ्यपरक, सरल और पाठकों को जागरूक करने वाला कंटेंट तैयार करना उनकी लेखन शैली की प्रमुख विशेषता है.डिजिटल मीडिया में विश्वसनीय और प्रभावी पत्रकारिता को लेकर वे निरंतर अभ्यासरत हैं.

Share
Published by
Shivashakti narayan singh

Recent Posts

शमिता शेट्टी बर्थडे स्पेशल: बिना फिल्मों के भी कैसे कमाती है करोड़ों? जानें एक्ट्रेस की नेट वर्थ और शानदार लाइफस्टाइल

Birthday Day Special : बॉलीवुड एक्ट्रेस शमिता शेट्टी लगभग 35 करोड़ रुपये की मालकिन है.…

Last Updated: February 2, 2026 17:46:39 IST

ड्राइविंग लाइसेंस रिन्यू नहीं कराने पर देना पड़ सकता है भारी चालान, इन स्टेप्स को फॉलो कर घर बैठे रिन्यू कराएं लाइसेंस

ड्राइविंग लाइसेंस को एक्सपायर होने से पहले रिन्यू कराना इसलिए जरूरी है क्योंकि अगर आप…

Last Updated: February 2, 2026 17:41:50 IST

Ajit Pawar Son: खाली कुर्सी और छलकते आंसू; पिता की खाली जगह को देखकर फूट-फूट कर रोए पार्थ पवार!

महाराष्ट्र के उपमुख्यमंत्री अजीत पवार के बेटे पार्थ पवार अपने पिता की खाली कुर्सी देखकर…

Last Updated: February 2, 2026 17:40:33 IST

Daldal Web Series Review: ‘दलदल’ में दिमाग से खेलती हैं भूमि पेडनेकर, जानिए सीरीज देखनी चाहिए या नहीं

Daldal Web Series: भूमि पेडनेकर की वेब सीरीज 'दलदल' अमेजन प्राइम पर रिलीज हो चुकी…

Last Updated: February 2, 2026 17:22:51 IST

Teri Bindiya Re Song: अमिताभ और जया का ये गाना-गाने से किशोर कुमार ने किया था इनकार, जानें क्या थी वजह?

Teri Bindiya Re Song: अभिमान फिल्म में एक गाना है, 'तेरी बिंदिया रे'. इस गाने…

Last Updated: February 2, 2026 17:15:44 IST

Union Budget 2026: क्या है AYUSH और क्यों है बजट में इसका खास महत्व? जानिए पूरा नाम और फायदों के बारे में

Union Budget 2026: केंद्रीय बजट 2026‑27 में भारत सरकार ने AYUSH (आयुष) को स्वास्थ्य क्षेत्र…

Last Updated: February 2, 2026 17:10:40 IST