गर्भवती महिलाओं के लिए सुपरफूड हैं ये 7 चीजें! सेवन से लेवर पेन होगा कम, जच्चा-बच्चा भी रहेंगे हेल्दी
Healthy Foods For Pregnancy: प्रेग्नेंसी हर महिला के लिए सबसे सुखद पलों में से एक है. यही वो दौर होता है जब एक मां खुद से ज्यादा पेट में पल रहे बच्चे के लिए जीती है. डाइट में हर उस चीज को शामिल करती है जो शिशु के लिए ठीक हो. लेकिन, कई बार कुछ कॉम्पलिकेशन्स की वजह से परेशानी बढ़ जाती है. डिलीवरी पेन बढ़ने से नौबत सिजेरियन डिलीवरी तक की आ जाती है. वैसे तो इस समस्या की कई वजहें हो सकती हैं, लेकिन अनहेल्दी खानपान इसका बड़ा कारण हो सकता है. ऐसे में जरूरी है कि, प्रेग्नेंसी के दौरान खानपान का खास ख्याल रखें. हेल्थ एक्सपर्ट की माने तो, लेवर पेने से बचने के लिए प्रेग्नेंसी में कुछ चीजों का सेवन फायदेमंद हो सकता है? अब सवाल है कि आखिर गर्भावस्था में क्या खाना चाहिए? लेवर पेन कम करने के लिए क्या खाएं? इस बारे में India News को बता रही हैं कैलाश दीपक हॉस्पिटल दिल्ली की सीनियर डाइटिशियन एवं विभागाध्यक्ष ऋचा शर्मा-
प्रेग्नेंसी में महिलाओं की कैसी होनी चाहिए डाइट?
डाइटिशियन कहती हैं कि, गर्भावस्था के दौरान मां के शरीर की पोषण संबंधी आवश्यकताएं बढ़ जाती हैं. इसलिए गर्भवती महिला को पोषक तत्वों से भरपूर भोजन लेना चाहिए. एक्सपर्ट के मुताबिक, प्रेग्नेंट महिला को औसतन 450-500 कैलोरी अधिक भोजन लेने की जरूरत होती है. चूंकि, गर्भ में पलने वाले शिशु को मां के शरीर से ही भोजन मिलता है. इसलिए स्वभाविक रूप से अपने और शिशु का स्वास्थ्य बनाए रखने के लिए अच्छी तरह से खाने की जरूरत होती है.
दूध पीएं
प्रेग्नेंट महिलाओं में प्रोटीन सही मात्रा का होना बेहद जरूरी है. इसके लिए दूध पीना बेहद जरूरी है. बता दें कि, दूध प्रोटीन का अच्छा स्रोत है. एक कप दूध से 8.22 ग्राम प्रोटीन प्राप्त किया जा सकता है. दूध मां और पेट में पल रहे बच्चे दोनों की सेहत के लिए फायदेमंद होता है. एक्सपर्ट के मुताबिक, प्रोटीन की कमी से जन्म के समय शिशु का वजन कम होने का खतरा बढ़ता है.
दाल और फली का सेवन
एक्सपर्ट की मानें तो दाल और फली प्रोटीन और फाइबर के अच्छे स्रोत माने जाते हैं. इसलिए गर्भावस्था के दौरान इन दोनों चीजों को अपनी डाइट में जरूर शामिल करना चाहिए. ऐसा करने से आपकी डिलीवरी पूरी तरह से नॉर्मल होने की संभावना बढ़ जाती है.
अंडे डाइट का हिस्सा बनाएं
प्रेग्नेंसी के दौरान नॉन-वेज खाने से कई गर्भवती महिलाएं बचती रहती हैं. लेकिन, यदि आप सामान्य प्रसव से बच्चे को जन्म देना चाहती हैं, तो अंडे का सेवन जरूर करना चाहिए. बता दें कि, अंडा प्रोटीन का बेहतरीन स्रोत होता है. साथ ही इसमें आवश्यक अमीनो एसिड की भी मौजूदगी होती है.
ओट्स खाएं
गर्भावस्था में शरीर कई परेशानियों के चलते कमजोर हो जाता है, जिससे आखिरी वक्त पर नॉर्मल डिलीवरी होना मुश्किल हो जाती है. इसलिए गर्भावस्था के शुरुआत से ही डाइट में ओट्स को शामिल किया जाए, तो नॉर्मल डिलीवरी की संभावना बढ़ जाती है.
कद्दू के बीज
प्रेग्नेंसी के दौरान कद्दू के बीज फायदेमंद माने जाते हैं. डाइट में कद्दू के बीज को शामिल करने से प्रोटीन अधिक मिलता है. क्योंकि इसकी हर सर्विंग में पांच ग्राम प्रोटीन मौजूद होता है. एक्सपर्ट के मुताबिक, इन स्वादिष्ट बीजों में पेाटेशियम, सोडियम, फॉस्फोरस , कैल्शियम और अन्य मिनरल्स पर्याप्त मात्रा में होते हैं.
लो फैट मीट
यदि गर्भवती नॉन-वेजिटेरियन है तो लो फैट मीट फायदेमंद है. क्योंकि कम वसा वाले मीट में आयरन की मात्रा बहुत ज्यादा होती है, जो गर्भवती महिला के लिए जरूरी है. पहले तो गर्भवती महिला का हीमोग्लोबिन लेवल सामान्य रहता है. इसकी पूर्ति के लिए आपको 9वें महीने तक लो फैट मीट जरूर खाना चाहिए.
केला खाएं
केला एक ऊर्जायुक्त भोजन है, जो गर्भावस्था के दौरान बहुत जरूरी होता है. बता दें कि, प्रसव के दौरान थकान और शरीर में दर्द होना एक बहुत ही आम बात है. ऐसे में यदि आप केले का सेवन करते हैं तो यह आपको अधिक ऊर्जा प्रदान कर थकान को कम करने का काम करता है.