भारत की इन विनाशकारी मिसाइलों के आगे थर-थर कांपते हैं दुश्मन, पाकिस्तान भी चख चुका है स्वाद!
Army Day 2026: भारत की ताकत पूरी दुनिया ऑपरेशन सिंदूर के वक्त देख ही चुकी है. दुश्मन देश भी समझ गया कि भारत से पंगा लेना उनको कितना भारी पड़ सकता है. देश की सैन्य शक्तियों से दुश्मन देशों के दिलों में डर पैदा हो गया है. भारत ने समय के साथ खुद को बदला और मिसाइल क्षमता को आधुनिक के साथ-साथ मजबूत भी किया. ये मिसाइलें दुश्मनों को भारत की ओर देखने से पहले सौ बार सोचने पर मजबूर करती हैं. भारत ने अपने हथियारों से न सिर्फ पाकिस्तान को धूल चटाई, बल्कि छिपकर उसका साथ दे रहे चीन को भी सबक दे दिया. तो चलिए जानते हैं भारत की वो खूंखार मिसाइलें कौन सी हैं, जिनसे दुश्मन भी खौफ खाता है.
ब्रह्मोस मिसाइल
ब्रह्मोस मिसाइल से अब शायद ही हो कोई परिचित नहीं होगा. यह भारत और रूस द्वारा बनाई गई सुपरसोनिक क्रूज मिसाइल है. इसे दुनिया में सबसे घातक और एडवांस मिसाइलों में से एक माना जाता है. यह मिसाइल जमीन, जहाज, पनडुब्बियों और विमानों से दागी जा सकती है. ब्रम्होस 3700 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से जाती है. इसकी मारक क्षमता 290 से 600 किलोमीटर तक है. ऑपरेशन सिंदूर में इस मिसाइल ने पाकिस्तानी आतंकी ठिकानों और सेना के एयरबेस पर खूब खलबली मचाई.
अग्नि-V
यह इंडिया की इंटरकॉन्टिनेंटल बैलिस्टिक मिसाइल (ICBM) है. इसकी मारक क्षमता की बात की जाए तो यह 7,000–8,000 किमी रेंज की है. यह अग्नि मिशाइल न सिर्फ परमाणु हथियार ले जाने में बल्कि परमाणु प्रतिरोधक क्षमता का अहम हिस्सा है. यह मिसाइल ध्वनि की गति से लगभग 24 गुना तेज उड़ती है और कई देशों तक आसानी से पहुंच सकती है. इसे दुश्मनों पर सटीक वार करने के लिए पहचाना जाता है.
पृथ्वी मिसाइलें
भारत के पास पावरफुल पृथ्वी सीरीज (Prithvi Series) की मिसाइलें भी हैं. इनसे सतह से सतह पर वार किया जा सकता है. इनमें पृथ्वी-I, पृथ्वी-II (250 किमी रेंज), और पृथ्वी-III शामिल हैं. इसकी सटीकता 10–50 मीटर (33–164 फीट) है और इसे ट्रांसपोर्टर इरेक्टर लॉन्चर से लॉन्च किया जा सकता है.
आकाश मिसाइल
यह एक मध्यम दूरी की गतिशील सतह से हवा में मार करने वाली मिसाइल है. इसे DRDO द्वारा संवेदनशील क्षेत्रों और बिंदुओं को आने वाले हवाई खतरों से बचाने के लिए बनाया गया. यह आकाश मिसाइल 30 से 45 किमी की रेंज तक अपने किसी भी टारगेट को भेद सकती है. यह शत्रु के फाइटर जेट, ड्रोन, क्रूज और बैलिस्टिक मिसाइलों को हवा में ही मारकर गिरा सकती है.
पिनाका सिस्टम
भारत के पास स्वदेशी रूप से तैयार की गई मल्टी बैरल रॉकेट लॉन्चर पिनाका भी इस खेमें में शामिल है. यह शत्रुओं में डर पैदा करता है. इसको जीपीएस और आईएनएस टेक्नोलॉजी लैस एक गाइडेड रॉकेट सिस्टम के तौर पर अपडेट किया गया है. यह एक ऐसा रॉकेट सिस्टम है, जिससे सिर्फ 44 सेकेंड मे 72 रॉकेट दागे जा सकते हैं जो इसकी सबसे बड़ी पावर है.
नाग मिसाइल
नाग मिसाइल की काफी चर्चा होती रही है. यह मिसाइल "दागो और भूल जाओ" के सिस्टम के आधार पर काम करती है. यह एंटी-टैंक मिसाइल मिनटों में टैंकों और बख्तरबंद गाड़ियों को नष्ट करने की क्षमता रखती है. तीसरी पीढ़ी की नाग मिसाइल आधुनिक युद्ध में भारत को काफी फायदा देती है.
के-4 मिसाइल
यह मिसाइल पनडुब्बी-प्रक्षेपित बैलिस्टिक मिसाइल (SLBM) है, जिसे पनडुब्बी से लॉन्च किया जाता है. 3,500 किमी की रेंज की यह मिसाइल परमाणु हथियार ले जाने में सक्षम है. यह के-4 मिसाइल भारत की 'सेकंड स्ट्राइक' केपेसिटी को मजबूती प्रदान करती है।