Dwijapriya Sankashti Chaturthi 2026: हर साल फाल्गुन कृष्ण पक्ष की चतुर्थी तिथि पर द्विजप्रिय संकष्टी का पर्व मनाया जाता है,इस वर्ष यह 5 फरवरी, गुरुवार को मनाई जाएगी.मान्यता है कि इस दिन व्रत करने से जीवन की कठिनाइयां दूर होती हैं, संतान सुख की प्राप्ति होती है,और आर्थिक परेशानियों में सुधार आता है. इस दिन सुबह स्नान और गणेश जी का स्मरण करते हुए संकल्प लेकर शुरू किया जाता है और दिनभर मौन का प्रयास करना चाहिए. शाम को लाल वस्त्र पहनकर पूजा स्थल पर गणेश जी की मूर्ति या चित्र स्थापित कर विधिवत पूजा की जाती है. पूजा में दूर्वा, मोदक, पान, फूल और दीपक अर्पित करना आवश्यक है. मंत्र जाप कर मनोकामना पूरी करने की प्रार्थना की जाती है.
0