ईशा गुप्ता से लेकर तृप्ति डिमरी तक: वो महिलाएं जिन्होंने भारतीय OTT पर निभाईं बोल्ड भूमिकाएं
यह स्लाइड स्टोरी उन महिलाओं पर प्रकाश डालती है जिन्होंने भारतीय ओटीटी पर कहानी कहने के तरीके को बोल्ड और नया रूप दिया है. ईशा गुप्ता, अनुप्रिया गोयनका, नेहा वडोलीया, तृप्ति डिमरी और फ्लोरा सैनी जैसी अभिनेत्रियों ने बोल्ड भूमिकाएं निभाईं, जिनमें पारंपरिक सिनेमा से परे महिलाओं की स्वायत्त, तीव्र और अनफ़िल्टर्ड कहानियां शामिल थीं.
OTT ने बदल दिए नियम
ओटीटी ने भारतीय महिलाओं के लिए ऐसे बोल्ड, बहुआयामी और निडर किरदारों की कहानियों को तलाशने का अवसर प्रदान किया है जिन्हें मुख्यधारा का सिनेमा अक्सर नजरअंदाज करता था.
ईशा गुप्ता
ईशा ने आत्मविश्वास और जोश के साथ बोल्ड भूमिकाओं को अपनाया. उनके अभिनय में हाॅट और सशक्त किरदार झलकते थे, जो रूढ़ियों को चुनौती देते थे और पर्दे पर महिलाओं की स्वायत्तता को पुनः स्थापित करते थे.
अनुप्रिया गोएंका
अपने बोल्ड फैसलों के लिए जानी जाने वाली अनुप्रिया ने ओटीटी सीरीज में भावनात्मक रूप से कच्चे और साहसी किरदारों को निभाया है, जिसमें अंतरंगता को यथार्थवाद और गहराई के साथ मिश्रित किया गया है.
नेहल वडोलिया
नेहल ए़डल्ट टाॅपिक्स पर आधारित वेब सामग्री में एक जाना-पहचाना चेहरा बन गईं, उन्होंने ऐसे बोल्ड किरदार चुने जिनमें महिला की इच्छा और नियंत्रण को कहानी के केंद्र में रखा गया था.
तृप्ति डिमरी
तृप्ति ने सूक्ष्मता के माध्यम से बोल्डनेस की नई परिभाषा दी. उनके अतिरंजित प्रदर्शन में मुखर उत्तेजना के बजाय भावनात्मक संवेदनशीलता और मनोवैज्ञानिक गहराई पर जोर दिया गया.
फ्लोरा सैनी
फ्लोरा के अतिरंजित अभिनय में पाॅवर और बोल्डनेस का अनूठा संगम देखने को मिला. उन्होंने आत्मविश्वास से भरपूर, परिपक्व किरदारों को चित्रित किया, जो बिना किसी लाग-लपेट के वास्तविक अभिनय करतीं हैं.
उनका काम क्यों महत्वपूर्ण था?
इन महिलाओं ने उन किरदारों को निभाया, जो बेहद बोल्ड और चुनौतीपूर्ण थे. OTT में बोल्डनेस का मतलब सिर्फ अंतरंगता नहीं था, बल्कि यह पसंद, शक्ति और महिलाओं पर केंद्रित कहानियों को ईमानदारी से बताने के बारे में था.
Disclaimer
यह जानकारी सार्वजनिक रूप से उपलब्ध स्रोतों पर आधारित है. हम निजी या अपुष्ट विवरणों की सटीकता का दावा नहीं करते हैं. यह सामग्री केवल सूचनात्मक और मनोरंजनात्मक उद्देश्यों के लिए है.