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क्रिसमस का रहस्य, क्यों X-Mas में छिपा है ईसा मसीह का नाम? इतिहास और भाषा का क्या है अद्भुत मेल!

Mystery of Christmas Festival: हर साल 25 दिसंबर को मनाए जाने वाले क्रिसमस का त्योहार ठंडी के मौसम में ही आता है. इस त्योहार को लेकर दुनियाभर में धूमधाम के साथ मनाया जाता है. दरअसल, यह पर्व ईसा मसीह (यीशु) के जन्मदिन के उपलक्ष्य में पूरी दुनिया में भव्य तरीके से मनाया जाता है, जिन्हें ईसाई समुदाय ईश्वर का पुत्र मानता है. यह त्योहार न सिर्फ एक धार्मिक उत्सव नहीं है, बल्कि यह आपसी ताल-मेल, माफी और दया जैसे मानवीय गुणों का भी एक प्रतीक है. 

Last Updated: December 9, 2025 | 5:33 PM IST
Origin of Celebration - Photo Gallery
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उत्सव का आरंभ

करीब 336 ईस्वी में सम्राट कॉन्स्टेंटाइन के शासनकाल के दौरान क्रिसमस के त्योहार को मनाने की शुरुआत की गई थी, लेकिन बाइबिल में सटीक तारीख का किसी तरह का कोई उल्लेख देखने को नहीं मिलता है.

'Symbol of Christ' - Photo Gallery
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'क्राइस्ट' का प्रतीक

ग्रीक में 'ची' (Χ) शब्द 'क्राइस्ट' (Christos) का पहला अक्षर है, जो यीशु मसीह के लिए ही पूरी तरह से इस्तेमाल किया जाता है.

Human Values - Photo Gallery
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मानवीय गुण

यह त्योहार न सिर्फ जन्मदिन का जश्न नहीं है, बल्कि माफी, दया और आपसी ताल-मेल जैसे मानवीय गुणों को भी दर्शाता है.

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क्रिसमस का रहस्य, क्यों X-Mas में छिपा है ईसा मसीह का नाम? इतिहास और भाषा का क्या है अद्भुत मेल!

क्रिसमस को X-Mas लिखने की वजह कोई आधुनिक शॉर्टकट नहीं है, बल्कि यह ईसाई धर्म (Christianity) के शुरुआती इतिहास और ग्रीक भाषा से जुड़ा एक गहरा भाषाई संक्षिप्तीकरण (Linguistic Abbreviation) है.

Written By: Darshna Deep
Last Updated: December 9, 2025 17:33:36 IST

Mystery of Christmas Festival: हर साल 25 दिसंबर को मनाए जाने वाले क्रिसमस का त्योहार ठंडी के मौसम में ही आता है. इस त्योहार को लेकर दुनियाभर में धूमधाम के साथ मनाया जाता है. दरअसल, यह पर्व ईसा मसीह (यीशु) के जन्मदिन के उपलक्ष्य में पूरी दुनिया में भव्य तरीके से मनाया जाता है, जिन्हें ईसाई समुदाय ईश्वर का पुत्र मानता है. यह त्योहार न सिर्फ एक धार्मिक उत्सव नहीं है, बल्कि यह आपसी ताल-मेल, माफी और दया जैसे मानवीय गुणों का भी एक प्रतीक है. 

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