औरंगजेब से लेकर चीन विवाद तक; जब मणिशंकर अय्यर के बयान से राजनीतिक दुनिया में मची हलचल
Mani Shankar Aiyar: कांग्रेस के वरिष्ठ नेता मणिशंकर अय्यर अपने बयानों की वजह से अक्सर चर्चा में रहते हैं. उन्होंने कुछ ऐसे बयान भी दिए हैं, जिन्होंने राजनीति की दुनिया को हिला कर रख दिया था. आज 10 अप्रैल को इनके जन्मदिन के अवसर पर जानते हैं कुछ बयानों के बारे में.
कौन हैं मणिशंकर अय्यर?
मणिशंकर अय्यर कांग्रेस के एक अनुभवी नेता हैं, जो सांसद और केंद्रीय मंत्री रह चुके हैं. मणि शंकर अय्यर पूर्व राजनयिक भी हैं और राजनीति में आने से पहले उन्होंने भारतीय विदेश सेवा में कार्य किया था. वह अपना 85वां जन्मदिन मना रहे हैं.
राहुल गांधी को लेकर दिया था विवादित बयान
मणिशंकर अय्यर ने एएनआई से बात करते हुए कहा, 'मैं कांग्रेस पार्टी में हूं, मैंने इसे नहीं छोड़ा है. राहुल गांधी यह भूल गए हैं कि मैं पार्टी का सदस्य हूं. इसलिए, मैं गांधीवादी हूं, नेहरूवादी हूं, राजीव गांधीवादी हूं, लेकिन मैं राहुल गांधीवादी नहीं हूं.'
राहुल गांधी की औरंगजेब से की थी तुलना
2017 में, जब राहुल गांधी को कांग्रेस अध्यक्ष बनाया गया था, तब अय्यर ने इसकी तुलना औरंगजेब के मुगल सिंहासन पर आसीन होने से की थी. उन्होंने कहा, 'क्या मुगल शासन के दौरान कभी चुनाव हुए थे? जहांगीर के बाद शाहजहां आए. क्या कोई चुनाव हुए थे? शाहजहां के बाद यह माना जाता था कि औरंगजेब शासक बनेंगे.'
बीजेपी ने भी किया था पलटवार
भारतीय जनता पार्टी ने तुरंत प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि अय्यर की टिप्पणियों से यह साबित होता है कि कांग्रेस ने खुद को एक परिवार द्वारा संचालित पार्टी के रूप में स्वीकार कर लिया है और लोग औरंगजेब जैसे शासक के अधीन नहीं रहना चाहते हैं.
चीन ने किया था हमला
मई 2024 में, लोकसभा चुनाव प्रचार के बीच, अय्यर ने उस समय विवाद खड़ा कर दिया जब उन्होंने कहा कि चीन ने कथित तौर पर अक्टूबर 1962 में भारत पर आक्रमण किया था. इससे विवाद खड़ा हो गया था.
भाजपा ने किया था विरोध
भाजपा ने मणिशंकर अय्यर के इस विवादास्पद टिप्पणी की कड़ी निंदा करते हुए इसे इतिहास को तोड़-मरोड़ कर पेश करने का एक घिनौना प्रयास बताया.