रोज ब्रश करने के बाद भी दांत पीले क्यों? जानें कारण और चमकाने का सही तरीका
क्या सिर्फ ब्रश करना ही दांतों को सफेद रखने के लिए काफी?
यह एक बहुत ही आम सवाल है और इसका जवाब समझना जरूरी है. लोग अक्सर सोचते हैं कि सिर्फ़ ब्रश करना ही दांतों को सफेद रखने के लिए काफी है, लेकिन सच्चाई थोड़ी ज़्यादा कॉम्प्लेक्स है. तो, आइए जानते हैं कि रोज़ाना ब्रश करने के बाद भी दांत पीले क्यों हो जाते हैं और इस समस्या के क्या कारण हैं.
दांत पीले क्यों हो जाते हैं?
हमारे दांत कई लेयर्स से बने होते हैं. सबसे बाहरी लेयर को इनेमल कहते हैं, जो सफेद और थोड़ी ट्रांसपेरेंट होती है. इसके नीचे डेंटिन लेयर होती है, जो नैचुरली पीली होती है. उम्र के साथ, या कभी-कभी जन्म से ही, इनेमल पतला हो जाता है, और डेंटिन ज़्यादा दिखने लगता है. इसका मतलब है कि कुछ लोगों के दांत नैचुरली थोड़े पीले दिखते हैं, चाहे वे कितनी भी अच्छी तरह से ब्रश करें. दांतों का रंग बदलना हमेशा बाहरी कारणों से नहीं होता; कभी-कभी यह अंदरूनी कारणों से भी हो सकता है. दांतों को सफेद और चमकदार कैसे बनाएं?
दांतो के लिए प्रोफेशनल क्लीनिंग
साल में दो बार डेंटिस्ट से स्केलिंग और क्लीनिंग करवाने से प्लाक और टार्टर हट जाता है. इससे बाहरी दाग कम करने में मदद मिलती है.
व्हाइटनिंग ट्रीटमेंट
अगर दांत नैचुरली पीले हैं या उन पर दाग हैं, तो डेंटिस्ट की देखरेख में व्हाइटनिंग सबसे असरदार तरीका है.
सही तरीके से ब्रश करना और फ्लॉसिंग
दिन में दो बार ब्रश करना और रोज़ाना फ्लॉसिंग करना बहुत ज़रूरी है. सॉफ्ट ब्रिसल वाला ब्रश और फ्लोराइड टूथपेस्ट इस्तेमाल करें. बहुत ज़ोर से ब्रश करने से इनेमल घिस सकता है, जिससे पीला डेंटिन ज़्यादा दिखने लगता है.
लाइफस्टाइल में बदलाव
गहरे रंग के ड्रिंक्स और तंबाकू से बचें. खट्टे फल और एसिडिक खाना खाने के बाद मुंह धोएं. खूब पानी पिएं और बैलेंस्ड डाइट लें.
कॉस्मेटिक ट्रीटमेंट
अगर आपके दांत बहुत ज़्यादा बदरंग हैं या आपका इनेमल कमज़ोर है, तो वेनियर्स, बॉन्डिंग, या दूसरे डेंटल रेस्टोरेशन जैसे ऑप्शन मददगार हो सकते हैं.
डिस्क्लेमर
यह फोटो गैलरी सिर्फ जानकारी के लिए है और यह प्रोफेशनल सलाह का विकल्प नहीं है. मार्गदर्शन के लिए हमेशा किसी योग्य विशेषज्ञ से सलाह लें. इंडिया न्यूज किसी भी परेशानी में जिम्मेदारी नहीं लेता है.