7 Unique Records in International Cricket: क्रिकेट के मैदान पर आए दिन नए रिकॉर्ड बनते रहते हैं. दुनिया कई कई दिग्गज बल्लेबाजों ने इंटरनेशनल क्रिकेट में कई ऐसे रिकॉर्ड बनाए हैं, जिन्हें तोड़ना लगभग नामुमकिन हैं. दिग्गज डॉन ब्रैडमैन, सचिन तेंदुलकर, ,सुनील गावस्कर, मुथैया मुरलीधरन, शेन वॉर्न, राहुल द्रविड़ और विराट कोहली जैसे खिलाड़ियों ने कई बड़े रिकॉर्ड इतिहास के पन्नों में दर्ज कराए हैं. इन खिलाड़ियों ने क्रिकेट को नई ऊंचाइयों तक पहुंचाया है.
हालांकि कुछ रिकॉर्ड कई सालों बाद नए खिलाड़ियों द्वारा तोड़ दिए जाते हैं, लेकिन लेकिन कुछ ऐसे भी रिकॉर्ड हैं, जिन पर विश्वास कर पाना ही बेहद मुश्किल होता है. अक्सर लोगों को इन रिकॉर्ड्स पर यकीन ही नहीं होता है, आखिरी ऐसा कैसे हो सकता है. आज हम आपको इंटरनेशनल क्रिकेट के इतिहास के 7 ऐसे अनोखे रिकॉर्ड के बारे में बताएंगे, जिन्हें जानकर आपके होश उड़ जाएंगे.
जायसवाल के 28 अलग-अलग मैदान
भारत के बाएं हाथ के युवा विस्फोटक बल्लेबाज यशस्वी जायसवाल ने टेस्ट क्रिकेट में अनोखी उपलब्धि हासिल की है. जायसवाल ने अभी तक कुल 28 टेस्ट मैच खेले हैं, जो उन्होंने 28 अलग-अलग मैदानों पर खेला है. वह दुनिया के पहले ऐसे क्रिकेटर हैं, जिन्होंने एक मैदान पर कभी भी 2 टेस्ट मैच नहीं खेले हैं. उन्होंने अपने टेस्ट करियर में अभी तक 49 की औसत से 2,511 रन बनाए हैं. इस दौरान उनके बल्ले से 7 शतक भी आए हैं.
वर्ल्ड कप में दाढ़ी का कमाल
क्रिकेट के इतिहास में अभी तक 13 वनडे वर्ल्ड कप खेले गए हैं. इस दौरान ऑस्ट्रेलिया ने सबसे ज्यादा 6 बार ट्रॉफी जीती है. हैरानी वाली बात यह है कि अभी किसी ऐसे कप्तान ने वनडे वर्ल्ड कप का खिताब नहीं जीता, जिसके पास दाढ़ी हो. अभी तक वर्ल्ड जीतने वाले सभी कप्तान बिना दाढ़ी के थे. साल 2023 के वर्ल्ड कप फाइनल में भारत के कप्तान रोहित शर्मा और ऑस्ट्रेलिया के कप्तान पैट कमिंस आमने-सामने थे. इस मुकाबले में रोहित शर्मा दाढ़ी के साथ उतरे थे, जबकि कमिंस बिना दाढ़ी के.
मैक्सवेल का अनोखा रिकॉर्ड
ऑस्ट्रेलिया के ऑलराउंडर ग्लेन मैक्सवेल के नाम भी एक अनोखा रिकॉर्ड दर्ज है. वह दुनिया के इकलौते विदेशी बल्लेबाज हैं, जिन्होंने भारतीय मैदान पर तीनों फॉर्मेट (टेस्ट, वनडे और टी20) में शतक लगाने का कारनामा किया है. मैक्सवेल के अलावा कोई दूसरा विदेशी खिलाड़ी अभी तक तीनों फॉर्मेट में भारतीय मैदान पर शतक नहीं लगाया है.
गेंदबाजी में वॉर्न-अख्तर से आगे सचिन!
सचिन तेंदुलकर ने बल्लेबाजी में कई वर्ल्ड रिकॉर्ड बनाए हैं, लेकिन गेंदबाजी में भी उनके नाम अनोखा रिकॉर्ड दर्ज है. सचिन तेंदुलकर ने वनडे क्रिकेट में शोएब अख्तर से ज्यादा बॉलिंग की है. उन्होंने अपने करियर में 8,054 गेंदें फेंकी थीं. वहीं, अख्तर 7,764 गेंद ही फेंक पाए. इतना ही नहीं, सचिन तेंदुलकर वनडे क्रिकेट में दिग्गज स्पिनर शेन वॉर्न से ज्यादा बार 5 विकेट हॉल लिया है. तेंदुलकर के वनडे में 2 बार एक ही मैच में 5 विकेट लेने का कारनामा किया है, जबकि शेन वॉर्न सिर्फ एक बार ऐसा कर पाए हैं.
1 टेस्ट में 19 विकेट
आज के समय में एक टेस्ट मैच में 10 विकेट लेना बड़ी उपलब्धि मानी जाती है, लेकिन इंग्लैंड के दिग्गज गेंदबाज जिम लेकर (Jim Laker) ने एक टेस्ट मैच में 19 विकेट लेने का कारनामा किया था. उन्होंने साल 1956 में ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ मैनचेस्टर टेस्ट में 19 विकेट (पहली पारी में 9 और दूसरी में 10 विकेट) चटकाए थे. अभी तक कोई दूसरा गेंदबाज यह कारनामा नहीं कर पाया है.
एलेक स्टीवर्ट का जन्मदिन और टेस्ट रन
टेस्ट क्रिकेट में एक अनोखा संयोग भी देखने को मिला. इंग्लैंड के पूर्व कप्तान एलेक स्टीवर्ट का जन्म 1 अप्रैल 1963 यानी (8-4-63) को हुआ था. उन्होंने अपने टेस्ट करियर में भी ठीक उतने ही रन बनाए. एलेक स्टीवर्ट ने टेस्ट क्रिकेट में कुल 8,463 रन बनाए थे. यह एक अजीब संयोग है.
49 साल की उम्र में टेस्ट डेब्यू
वर्तमान में टेस्ट क्रिकेट में ज्यादातर युवा खिलाड़ियों को मौका दिया जा रहा है. आज के समय में 40 साल की उम्र के बाद ज्यादातर खिलाड़ी रिटायरमेंट ले लेते हैं या उन्हें स्क्वाड में जगह नहीं मिलती है. इस बीच एक ऐसा भी खिलाड़ी रहा है, जिसने 49 साल की उम्र में टेस्ट डेब्यू किया था. इंग्लिश खिलाड़ी जेम्स साउथर्टन ने 1877 में ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ 49 साल और 119 दिन की उम्र में अपना टेस्ट डेब्यू किया था. वह टेस्ट क्रिकेट में डेब्यू करने वाले सबसे ज्यादा उम्र के खिलाड़ी हैं.