Kavya Maran-Abrar Ahmed: इंग्लैंड की 100-बॉल लीग द हंड्रेड 2026 के लिए पहले ऑक्शन में सनराइजर्स लीड्स द्वारा एक पाकिस्तानी खिलाड़ी को खरीदने से सोशल मीडिया पर हंगामा मच गया है. सनराइजर्स लीड्स का IPL टीम सनराइजर्स हैदराबाद (SRH) से कनेक्शन है. दोनों फ्रेंचाइजी का मालिकाना हक काव्या मारन के सन टीवी नेटवर्क ग्रुप के पास है. यही वजह है कि जब सनराइजर्स लीड्स फ्रेंचाइजी ने पाकिस्तानी मिस्ट्री स्पिनर अबरार अहमद को अपनी टीम में शामिल किया तो कई भारतीय फैंस ने सोशल मीडिया पर अपनी नाराजगी जाहिर की. 27 साल के लेग स्पिनर अहमद ने पाकिस्तान के लिए 46 टेस्ट, 28 वनडे और 52 टी-20ई खेले हैं.
अबरार काव्या मारन की टीम में शामिल हुए
पाकिस्तानी स्पिनर अबरार अहमद को सनराइजर्स लीड्स ने £190,000, या लगभग ₹2.3 करोड़ (लगभग ₹2.3 करोड़) में खरीदा. इस डील के साथ अबरार पहले पाकिस्तानी खिलाड़ी बन गए जिन्हें द हंड्रेड में किसी भारतीय मालिकाना हक वाली फ्रेंचाइजी ने खरीदा. नीलामी के दौरान अबरार के लिए सनराइजर्स लीड्स और ट्रेंट रॉकेट्स के बीच जोरदार बोली लगी लेकिन आखिर में सनराइजर्स जीत गया. अबरार का बेस प्राइस 75,000 पाउंड था लेकिन बोली बढ़कर उससे लगभग ढाई गुना हो गई. हालांकि इस फैसले से सोशल मीडिया पर कई भारतीय फैंस में गुस्सा फैल गया. फैंस ने अबरार अहमद के पुराने वीडियो और फोटो शेयर करते हुए SRH पर सवाल उठाए.
सोशल मीडिया पर हंगामा
कुछ यूजर्स ने फ्रेंचाइजी की आलोचना की एशिया कप के दौरान भारतीय खिलाड़ियों के खिलाफ अबरार के जश्न और तानों को याद किया. दूसरों ने यह भी कहा कि यह फैसला इंग्लिश मीडिया द्वारा फैलाए गए पहले के दावों को गलत साबित करता है कि आईपीएल से जुड़े मालिक पाकिस्तानी खिलाड़ियों को नहीं खरीदेंगे.
2009 के बाद आईपीएल में नहीं खेला है कोई भी खिलाड़ी
दरअसल नीलामी से पहले ऐसी चर्चा थी कि आईपीएल से जुड़ी फ्रेंचाइजी द हंड्रेड में पाकिस्तानी खिलाड़ियों से दूरी बनाए रखेंगी. यह ध्यान देने वाली बात है कि 2009 के बाद से कोई भी पाकिस्तानी खिलाड़ी आईपीएल में नहीं खेला है और दुनिया भर की दूसरी फ्रेंचाइजी लीग में भी आईपीएल मालिकों की टीमें अक्सर पाकिस्तानी खिलाड़ियों को साइन करने से बचती रही हैं.