4-1 से सीरीज जीतने के बाद सूर्यकुमार ने कहा, “पहले मैच से ही दोनों कीपर्स प्लेइंग इलेवन का हिस्सा थे, क्योंकि तिलक वर्मा उपलब्ध नहीं थे. हमने सीरीज शुरू होने से पहले ही तय कर लिया था कि संजू तीन मैचों में और ईशान दो मैचों में विकेटकीपिंग करेंगे. ईशान पिछले मैच में हल्की चोट के कारण नहीं खेल पाए, लेकिन आज उन्हें ही कीपिंग करनी थी.” कप्तान ने किशन की 43 गेंदों पर खेली गई विस्फोटक 103 रन की पारी की जमकर तारीफ की और इसे मैच बदलने वाली पारी बताया.
ईशान की जमकर की तारीफ
सूर्यकुमार ने कहा, “हमें हमेशा से पता है कि ईशान टीम को क्या दे सकते हैं. सीरीज से पहले घरेलू क्रिकेट में भी वह शानदार लय में थे. हमने उनसे सिर्फ यही कहा था कि अपनी नैचुरल गेम खेलें और अपनी पहचान न बदलें. वह आमतौर पर ओपनिंग करते हैं, लेकिन यहां नंबर तीन पर बल्लेबाजी करते हुए भी उन्होंने बड़ा प्रभाव डाला. वह असली गेम-चेंजर हैं और उन्होंने मजबूत संदेश दिया है.” उन्होंने आगे कहा कि ईशान किशन और अभिषेक शर्मा के साथ बल्लेबाजी करने से टीम के मध्यक्रम पर दबाव काफी कम हो जाता है. “दोनों खिलाड़ी तेजी से मैच का रुख बदल सकते हैं. इससे मिडिल ऑर्डर और फिनिशर्स पर दबाव कम रहता है,” उन्होंने बताया. “जब आप टीम की अगुवाई कर रहे होते हैं तो उदाहरण पेश करना जरूरी होता है. रन बनाना अच्छा लगता है. यह वही सूर्या है, बस पहले रन नहीं आ रहे थे,” उन्होंने कहा.
तिलक-सुंदर पर भी दिया अपडेट
कप्तान ने तिलक वर्मा और वॉशिंगटन सुंदर की फिटनेस पर भी अपडेट दिया. उन्होंने बताया कि दोनों खिलाड़ी तेजी से रिकवर कर रहे हैं. “तिलक अब काफी बेहतर हैं, जबकि वॉशिंगटन ने लगभग फिर से गेंदबाजी और बल्लेबाजी शुरू कर दी है.”