Vijay Hazare Birthday: पूर्व भारतीय क्रिकेटर विजय सैमुअल हजारे की गिनती भारत के महान बल्लेबाजों में की जाती है. विजय सैमुअल ने घरेलू क्रिकेट में शानदार प्रदर्शन किया है. साथ ही विजय सैमुअल ने इंटरनेशनल क्रिकेट में भारतीय टीम के शुरुआती दौर में भी काफी मजबूती दी. उनका जन्म 11 मार्च 1915 को महाराष्ट्र के सांगली में हुआ था. भारतीय क्रिकेट में विजय सैमुअल का बड़ा योगदान रहा है. इसी को ध्यान में रखते हुए विजय सैमुअल के सम्मान में ही भारत के घरेलू वनडे टूर्नामेंट का नाम रखा गया है. ऐसे में आज हम विजय सैमुअल के भारतीय क्रिकेट में योगदान और करियर को लेकर चर्चा करने वाले हैं.
विजय सैमुअल ने ग्रामीण इलाके में ऑस्ट्रेलिया के महान स्पिनर क्लैरी ग्रिमेट से कोचिंग दी थी. इसके बाद विजय सैमुअल ने भारतीय घरेलू क्रिकेट में शानदार प्रदर्शन किया. विजय सैमुअल ने फर्स्ट क्लास क्रिकेट में 18,000 से ज्यादा रन बनाए हैं, जिस दौरान उनका औसत 58.38 का रहा है. इतना ही नहीं, उनके नाम रणजी ट्रॉफी में पहली ट्रिपल सेंचुरी लगाने का भी रिकॉर्ड दर्ज है.
इंग्लैंड के सामने इंटरनेशनल डेब्यू
विजय सैमुअल हजारे ने साल 1934/35 में फर्स्ट क्लास करियर की शुरुआत की थी. इसके बाद साल 1946 में विजय हजारे ने इंग्लैंड के खिलाफ लॉर्ड्स के मैदान पर अपना इंटरनेशनल डेब्यू किया. उस साल विजय हजारे की उम्र 31 साल थी. विजय हजारे ने अपने पहले टेस्ट मैच में 31 और 34 रनों की पारियां खेली थीं. इसके बाद वह भारत के लिए 1,000 रन बनाने वाले पहले खिलाड़ी बने. साथ ही उन्होंने भारत के लिए एक टेस्ट मैच की दोनों पारियों में शतक जड़ने वाले खिलाड़ी बने. विजय हजारे ने ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ एडिलेड में खेले गए टेस्ट मैच में 116 और 145 रनों की पारियां खेली थीं.
भारत के लिए कितने मैच खेले?
विजय सैमुअल हजारे ने अपने इंटरनेशनल करियर में भारत के लिए कुल 30 टेस्ट मैच खेले. इस दौरान विजय हजारे ने 52 पारियों में 47.65 की औसत के साथ 2,192 रन बनाए. इस दौरान विजय हजारे के बल्ले से 7 शतक और 9 अर्धशतक आए. भारतीय टीम ने विजय हजारे की कप्तानी में ही अपना पहला टेस्ट मैच जीता था. यह जीत साल 1952 में इंग्लैंड के खिलाफ मिली थी.
उनके घरेलू क्रिकेट करियर की बात करें, तो विजय हजारे ने फर्स्ट क्लास में 238 मैच खेले थे. इस दौरान 367 पारियों में विजय हजारे के बल्ले से 18,740 रन आए. इसमे 60 शतक और 73 अर्धशतक शामिल रहे.
पद्म श्री का मिला सम्मान
विजय सैमुअल हजारे ने भारतीय क्रिकेट को शुरुआती दौर में काफी मजबूती दिलाई. क्रिकेट में उनके योगदान को ध्यान में रखते हुए साल 1960 में विजय हजारे को ‘पद्म श्री’ से सम्मानित किया गया. फिर साल 1996 में विजय हजारे को ‘सीके नायडू लाइफटाइम अचीवमेंट पुरस्कार’ भी दिया गया. उनके सम्मान में ही भारत के घरेलू वनडे टूर्नामेंट का नाम ‘विजय हजारे ट्रॉफी’ रखा गया, जिसकी शुरुआत 2002-03 में हुई थी.