Nitish Kumar Samriddhi Yatra: मुख्यमंत्री नीतीश कुमार की “समृद्धि यात्रा” का पांचवां दिन है जिसके दौरान वे आज सहरसा और खगड़िया जिलों का दौरा किया.मुख्यमंत्री नीतीश कुमार समृद्धि यात्रा के तहत सहरसा के सराहा स्टेडियम पहुंचे जहां उन्होंने जनसंवाद प्रोग्राम में हिस्सा लिया. इस मौके पर डिप्टी चीफ मिनिस्टर सम्राट चौधरी, मिनिस्टर विजय चौधरी और लेजिस्लेटिव काउंसलर ललन सराफ समेत कई नेता मौजूद थे.
CM नीतीश ने विपक्ष पर जमकर निशाना साधा
सहरसा में लोगों को संबोधित करते हुए CM नीतीश कुमार ने कहा, “केंद्र सरकार और राज्य सरकार के सहयोग से बिहार में लगातार काम हो रहा है. 2005 में NDA की सरकार बनी थी और हम उसके अंडर में यहां आए. तब से बिहार में कानून का राज है और हम विकास के काम में लगे हुए हैं. क्या आपको 2005 से पहले का हाल याद है? लोग शाम के बाद अपने घरों से नहीं निकलते थे. हिंदू-मुस्लिम झगड़े होते थे.” स्कूल नहीं थे और बच्चे बहुत कम पढ़ते थे. हिंदू-मुस्लिम झगड़े होते थे. अब डर और डर का माहौल नहीं है. कब्रिस्तानों की घेराबंदी कर दी गई है. 60 साल से पुराने मंदिरों की भी घेराबंदी कर दी गई है.
📡#Live: #CM श्री @NitishKumar जी के द्वारा समृद्धि यात्रा के दौरान सहरसा जिला अंतर्गत शाहपुर में विभिन्न विकासात्मक योजनाओं के स्टॉलों का निरीक्षण, लाभार्थी समूहों से संवाद, जिला अंतर्गत विभिन्न विकासात्मक योजनाओं का उद्घाटन/शिलान्यास।#SamriddhiYatra2026 https://t.co/GMxcwH0c9q
— IPRD Bihar (@IPRDBihar) March 13, 2026
सहरसा में लोगों को संबोधित करते हुए CM नीतीश कुमार ने कहा कि ‘बिहार में आज 5 लाख 24 हजार शिक्षकों की संख्या हो गई है. बीएससी के द्वारा 45000 नए शिक्षकों की बहाली की प्रक्रिया शुरू की जा रही है. प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र में कोई मरीज इलाज के लिए नहीं जाता था , आज औसतन हर दिन 11,600 लोग पूरे बिहार में इलाज कराने आते हैं. महिलाओं से नीतीश कुमार ने कहा इधर-उधर मत जाओ सब लोग यही रहे’.
सम्राट चौधरी ने सहरसा में गिनाए सरकार के काम
उपमुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने कहा कि सहरसा जिला एक टापू जैसा था सहरसा जाने के लिए हिम्मत चाहिए होती थी. सहरसा से लोग 3 से 4 घंटे में पटना पहुंच जाते हैं. आज बिहार में 140,000 किलोमीटर ग्रामीण सड़कें बन चुकी हैं. बिहार में 21.6 मिलियन लोगों को बिजली कनेक्शन दिए गए हैं और सभी को 125 यूनिट बिजली मुफ़्त मिल रही है. सुप्रीम कोर्ट ने भी कहा कि नीतीश कुमार की सरकार ने देश के किसी भी दूसरे राज्य से ज़्यादा महिलाओं के लिए काम किया है. आज बिहार की इकॉनमी में महिलाओं का योगदान ₹126,000 करोड़ है. एक महीने के अंदर, दूसरी 1.8 मिलियन महिलाओं के अकाउंट में ₹10,000 ट्रांसफर किए जाएंगे. अगले महीने के अंदर, सहरसा में एयरपोर्ट बनाने के लिए टेंडर जारी किया जाएगा. आज नीतीश कुमार के नेतृत्व में सरकार चल रही है, और कल बिहार में सरकार उनके गाइडेंस में चलेगी.
पूर्णिया में उन्होंने 321 करोड़ रुपये के प्रोजेक्ट्स का शिलान्यास
इससे पहले दौरे के तीसरे पड़ाव में मुख्यमंत्री ने पूर्णिया और कटिहार का दौरा किया जहां उन्होंने करोड़ों रुपये के विकास प्रोजेक्ट्स का उद्घाटन किया. पूर्णिया में उन्होंने 321 करोड़ रुपये के प्रोजेक्ट्स का शिलान्यास और 164 करोड़ रुपये के प्रोजेक्ट्स का उद्घाटन किया, जबकि कटिहार में 410 करोड़ रुपये के कुल 433 प्रोजेक्ट्स का उद्घाटन और शिलान्यास किया.
समृद्धि यात्रा का मकसद और आगे का प्रोग्राम
समृद्धि यात्रा का मकसद प्रगति यात्रा के दौरान की गई घोषणाओं की मौजूदा स्थिति का रिव्यू करना और सरकारी मशीनरी को और ज़्यादा विकास पर ध्यान देने वाला बनाना है. मुख्यमंत्री योजनाओं की ज़मीनी स्थिति का जायज़ा लेने के लिए अलग-अलग ज़िलों का दौरा कर रहे हैं.
खबर है कि मुख्यमंत्री जल्द ही राज्यसभा जा सकते हैं, और अगले महीने उनके मुख्यमंत्री पद से इस्तीफ़ा देने की भी संभावना है. दिल्ली जाने से पहले एडमिनिस्ट्रेटिव काम और डेवलपमेंट प्लान का रिव्यू करने के लिहाज़ से यह दौरा अहम माना जा रहा है.
समृद्धि यात्रा का तीसरा फ़ेज़ 10 मार्च को शुरू हुआ था. यह चार दिनों में कोसी-सीमांचल इलाके के 10 ज़िलों को कवर करेगा. इस फ़ेज का आखिरी दिन 14 मार्च होगा, जब मुख्यमंत्री बेगूसराय और शेखपुरा जाएंगे.