Bihar Crime News: बिहार के मोतिहारी से एक ऐसा सनसनी भरा मामला सामने आया है जिसे जानने के बाद आपके रौंगटे खड़े हो जाएंगे. प्यार ने एक 20 साल की लड़की के अंदर एक ऐसी सनक पैदा कर दी कि उसने एक ऐसी खौफ़नाक साज़िश रची, जिसने पूरे इलाके को दहशत में डाल दिया है. आपकी जानकारी के लिए बता दें कि शिल्पी कुमारी जिसे गाँव वाले प्यार से ‘दीदी’ कहकर बुलाते थे उस उसने लगातार कई ऐसे अपराध किए जिसके बाद गाँव वाले उससे खुद खौफ खाने लगे. सबसे रौंगटे खड़े कर देने वाला अपराध तो ये था कि उसने पहले उसके दादा को ज़िंदा जला दिया और उसके बाद एक मासूम बच्ची की बेरहमी से हत्या कर दी. आपकी जानकारी के लिए बता दें कि यह घटना चिरैया पुलिस थाने के अधिकार क्षेत्र में आती है.
मासूम चेहरे के पीछे हैवान
जानकारी के मुताबिक, इस मामले को लेकर अब कई बड़े खुलासे हो चुके हैं, पुलिस के अनुसार, यह कोई साधारण हत्या नहीं थी; बल्कि, यह एक सोची-समझी और बड़ी चालाकी से रची गई साज़िश थी. शुरुआती जाँच में कोई ठोस सुराग नहीं मिला; लेकिन, मोबाइल औ`र इंटरनेट डेटा के सुरागों ने आखिरकार पुलिस को कातिल तक पहुँचा दिया. किसी को नहीं लगता था कि दीदी कुछ ऐसा करने वाली हैं लेकिन क्या पता था कि मासूम चेहरे के पीछे ऐसा खौफनाक चेहरा छुपा हुआ है. रौंगटे खड़े कर देने वाली बात तो ये है कि वो युवती पहले ही लगभग 18 आपराधिक घटनाओं को अंजाम दे चुकी थी और काफी समय तक कानून की गिरफ्त से बचती रही थी. लेकिन, इस बार तकनीकी सबूतों ने उसके काले कारनामों का पिटारा खोल दिया.
खेत में अंशिका की लाश
सनसनी भरा ये सिलसिला 20 मार्च को शुरू हुआ, दरअसल गाँव में रहने वाले दीपक यादव की 5 साल की बेटी अंशिका, अचानक अपने घर के बाहर से गायब हो गई. जिसके बाद परिवार ने हर मुमकिन जगह अपने घर की बेटी को खोजै, लेकिन जब बच्ची का कोई सुराग नहीं मिला, तो पुलिस में एक औपचारिक शिकायत दर्ज कराई गई. फिर हुआ कुछ यूँ कि दो दिन बाद, 22 मार्च को, पूरा इलाका दहशत में चला गया जब गाँव के पास ही एक खेत में अंशिका की लाश मिली, रौंगटे खड़े हो गए जब देखा कि उसका सर् धड़ से अलग है. उस कम उम्र की लड़की की बेरहमी से की गई हत्या ने पूरे समुदाय को गुस्से और डर के मिले-जुले भाव से भर दिया. नतीजतन, पुलिस पर हत्यारे को जल्द से जल्द पकड़ने का दबाव बढ़ गया. इसी बीच, एक ऑडियो क्लिप वायरल हो गई, जिसमें मृत लड़की की आवाज़ सुनी जा सकती थी. यही ऑडियो इस मामले में सबसे बड़ा सुराग बन गया, और जाँच की दिशा ही बदल गई.
जांच के बाद पुलिस ने शिल्पी कुमारी को हिरासत में ले लिया और शिल्पी ने इसके बाद जो खुलासे किए वो सच में हैरान कर देने वाले थे. लड़की ने अपना जुर्म कबूल कर लिया और बताया कि यह सिर्फ़ एक लड़की की हत्या का मामला नहीं था, बल्कि यह एक बड़ी साज़िश का हिस्सा था, जिसकी वजह प्यार और बदले की भावना थी. शिल्पी ने पुलिस को बताया कि वो 2024 से अपने ही गाँव के एक युवक, नीतीश कुमार के साथ प्रेम-संबंध में थी. उन दोनों के बीच शारीरिक संबंध भी थे. लेकिन, नीतीश के दादाजी इस रिश्ते के ख़िलाफ़ थे; इस विरोध के चलते उनके बीच झगड़े होने लगे और बात हाथापाई तक पहुँच गई. इस विरोध ने शिल्पी के मन में बदले की आग भड़का दी. उसने नीतीश के दादाजी को रास्ते से हटाने की एक साज़िश रची, और एक दिन, जब वो सो रहे थे, तो उसने उन्हें आग लगा दी और उन्हें ज़िंदा जला दिया. इसके बाद, उसने कई दूसरी जगहों पर भी आगज़नी की घटनाएँ कीं, ताकि यह लगे कि यह आग लगने का कोई हादसा था.
दादा जी को मारने के बाद किए कई कांड
शिल्पी को शक था कि अंशिका की माँ, रागिनी कुमारी, नीतीश को उसके खिलाफ भड़का रही है. इस दुश्मनी ने उसे एक और भयानक कदम उठाने पर मजबूर कर दिया: उसने मासूम अंशिका को निशाना बनाने की एक साज़िश रची.फिर, 20 मार्च की शाम को, शिल्पी उस बच्ची को बहला-फुसलाकर अपने घर ले आई. सबसे पहले, उसने बच्ची को फुसलाकर उसकी माँ के खिलाफ कुछ बातें कहलवाईं और उन्हें अपने मोबाइल फ़ोन पर रिकॉर्ड कर लिया, ताकि बाद में उनका इस्तेमाल करके वह उसकी माँ को फंसा सके. इसके बाद, वह बच्ची को घर के पिछले हिस्से में ले गई और एक चाकू से बेरहमी से उसका गला काट दिया. हत्या के बाद, उसने शव को एक बाल्टी में ठूंस दिया और उसे घर की छत पर छिपा दिया. अगले दिन, जब पुलिस की हलचल तेज़ हो गई, तो उसने भोर के समय अंधेरे का फ़ायदा उठाकर शव को एक खेत में ठिकाने लगा दिया, इस उम्मीद में कि ऐसा करने से शक की सुई उससे हट जाएगी.
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