विकसित भारत 2047 पर मनोहर लाल ने क्या कहा?
पर्ची खर्ची पर कहीं ये बड़ी बात
पीएम मोदी कि की सरहाना
उन्होंने स्वीकार किया कि योग्यता के आधार पर नौकरियों का फैसला आसान नहीं था। शुरुआत में चेतावनियां मिलीं कि इससे वोट की राजनीति प्रभावित होगी, लेकिन उनका मानना था कि जिन युवाओं को उनकी काबिलियत के दम पर अवसर मिलेगा, वही सरकार के सच्चे समर्थक बनेंगे। आज यह मॉडल एक मिसाल बन चुका है।