Surajpur News: छत्तीसगढ़ के सूरजपुर जिले के कोतवाली थाना क्षेत्र में देवनगर बीट के फॉरेस्ट गार्ड बुधराम पैकरा के साथ एक अजीबोगरीब घटना हुई है, जिसने आसपास के लोगों में हड़कंप मचा दिया.
सूत्रों के मुताबिक, फॉरेस्ट गार्ड बुधराम पैकरा देवनगर नर्सरी के अंदर एक लड़की के साथ बैठकर बातचीत कर रहे थे. इसी दौरान वहां कुछ युवक पहुंचे और उन्होंने फॉरेस्ट गार्ड को पकड़ लिया और उनके साथ बेहद आपत्तिजनक व्यवहार किया. इस घटना का वीडियो भी सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है.
क्या है पूरा मामला?
रिपोर्ट के अनुसार, फॉरेस्ट गार्ड बुधराम पैकरा देवनगर नर्सरी के अंदर एक लड़की के साथ बैठकर बातचीत कर रहे थे. तभी कुछ युवक अंदर आये और युवकों ने फॉरेस्ट गार्ड के साथ काफी रौबदार अंदाज में बर्ताव किया. उन्होंने उनसे वर्दी में ही ठुमके लगवाए, जिससे परिस्थिति और भी अजीब तथा अपमानजनक हो गई. बाद में इन युवकों ने बुधराम पैकरा की बेल्ट से पिटाई की, जिसके बाद पूरा मामला लोकल लेवल पर चर्चा में आ गया. यह हमला महिला के सामने लगातार जारी रहा, सूत्रों के अनुसार वह देवनगर की स्थानीय निवासी हैं. हमले के बाद, युवकों ने कथित तौर पर महिला को घर भेज दिया और पैकरा को धमकाते हुए उन्हें नौकरी छोड़ने की चेतावनी दी. इतना होने के बाद भी फॉरेस्ट गार्ड की ओर से तुरंत कोई आधिकारिक शिकायत दर्ज नहीं कराई गई है, जिससे घटना की वजह और पृष्ठभूमि को लेकर अफवाहें फैलने लगीं. किसी ने इस घटना का वीडियो भी बना लिया जो देखते ही देखते वायरल हो गया.
सूरजपुर के देवनगर नर्सरी में तैनात फॉरेस्ट गार्ड को कथित तौर पर कुछ युवकों ने उसकी महिला मित्र के साथ बैठे होने पर घेर लिया। आरोप है कि उसके साथ मारपीट की गई और वर्दी में उससे अभद्र व्यवहार कराया गया। मामले में DFO ने स्पष्टीकरण मांगा है।#Surajpur #ForestGuard #ViralVideo… pic.twitter.com/gLmLsUmP5g
— India News (@NetworkItv) February 28, 2026
डिस्ट्रिक्ट फॉरेस्ट ऑफिसर ने मांगा स्पष्टीकरण
इस मामले की खबर जैसे‑जैसे फैली, वन विभाग के अधिकारी भी चिंतित हो गए. सूत्रों के अनुसार, संबंधित डिस्ट्रिक्ट फॉरेस्ट ऑफिसर (DFO) ने बुधराम पैकरा से तीन दिन में इस घटना का स्पष्टीकरण मांगा है. नोटिस में लिखा है कि इससे विभाग की छवि धूमिल हुई है. DFO ने जानना चाहा है कि नर्सरी में उनकी उपस्थिति की असली वजह क्या थी, क्या वह वहां ड्यूटी के दौरान थे या निजी कारणों से गए थे, और उस लड़की का उनसे क्या संबंध था. इसके साथ ही यह भी जांच हो रही है कि युवकों ने उन्हें किस आधार पर पकड़ा और उनके साथ इस तरह का व्यवहार करने को किसने कहा या अनुमति दी थी.
इस घटना से स्थानीय समाज में चर्चा यह भी है कि कहीं इस पूरे प्रकरण के पीछे व्यक्तिगत या सामाजिक दबाव तो नहीं, जो फॉरेस्ट गार्ड के व्यवहार या निजी संबंधों को लेकर गलत तरीके से निकाला जा रहा है.