उत्तर प्रदेश न्यूज: उत्तर प्रदेश के कानपुर का ये मामला आपको हैरान कर देगा. दरअसल, पूरा मामला यह है कि उत्तर प्रदेश के कानपुर में बहन की शादी के बाद चौथी पर ससुराल गई नाबालिग साली ने जीजा पर छेड़छाड़ का आरोप लगाकर हंगामा खड़ा कर दिया. रिपोर्ट दर्ज हुई, जिसके चलते जीजा को 19 दिन जेल में बिताने पड़े. हालांकि, जब मामला कोर्ट में पहुंचा तो साली अपने बयान से मुकर गई और कहा कि जीजा ने सपने में उसके साथ छेड़छाड़ की थी, असल में नहीं. उसे वहम हुआ था. सात साल की कानूनी लड़ाई के बाद कोर्ट ने एयरफोर्स कर्मी को बरी कर दिया.
हालांकि साली के इस गंभीर आरोप की वजह से जीजा को पारिवारिक और सामाजिक तिरस्कार झेलना पड़ा. आइए जानते हैं कि पूरा मामला क्या है?
क्या है पूरा मामला?
कानपुर के बिठूर निवासी एयरफोर्स कर्मी ने 10 फरवरी 2019 को बिधनू की एक युवती से शादी की थी. 13 फरवरी को जब एयरफोर्स कर्मी अपनी पत्नी को चौथी पर ससुराल लेने गया तो उसकी 15 साल की साली भी उसके साथ आ गई. 8 मार्च की रात को साली जोर-जोर से चिल्लाने लगी. जब उनकी बहन कमरे में गई तो साली ने आरोप लगाया कि जीजा ने उसके साथ छेड़खानी की है. बहन ने तुरंत पुलिस को सूचना दे दी. पहले मामला पारिवारिक होने की वजह से कोशिश हुई कि बातचीत से मामला सुलह हो जाए. लेकिन बात नहीं बनी तो पिता ने 3 अगस्त को नौबस्ता थाने में रिपोर्ट दर्ड करा दी.
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19 दिन जेल में गुजारना पड़ा
इस मामले में एफआईआर दर्ज होने के बाद एयरफोर्स कर्मी को 29 सितंबर को गिरफ्तार किया गया और 19 दिन जेल में रहने के बाद 17 अक्टूबर को जमानत पर रिहा कर दिया गया. अब कोर्ट ने आरोपी जीजा को बरी कर दिया है. इस पूरे मामले पर वकील करीम अहमद सिद्दीकी का बयान सामने आया है. जिसमें उन्होंने जानकारी देते हुए बताया कि जीजा को जेल भिजवाने वाली साली के जब कोर्ट में बयान हुए तो वो अपने बयान से पलट गई. इसको लेकर उन्होंने कोर्ट में बयान दिया कि मेरे जीजा ने मुझे सपने में छेड़ा था.
इसके अलावा, उन्होंने कोर्ट में बयान दर्ज कराते हुए साली ने कहा कि वह दवा खाकर सो रही थी और नींद में उसे लगा कि उसके जीजा ने उसे दबोच लिया है. इसलिए उसने चिल्ला दिया था. पीड़िता की बड़ी बहन और पिता ने भी भ्रमवश मुकदमा दर्ज कराने की बात कही. न्यायालय ने गवाहों के बयान और कोई ठोस सबूत न होने के कारण एयरफोर्स कर्मी को दोषमुक्त कर दिया.