Expressway in UP: उत्तर प्रदेश में एक्सप्रेसवे का बड़े लेवर पर काम चल रहा है. रोड नेटवर्क को मजबूत बनाने की तैयारी चल रही है. तीन एक्सप्रेसवे तो कुछ ही महीनों में बनकर तैयार हो जाएंगे और वाहन की आवाजाही यहां पर होने लगेगी.
Expressway in UP: उत्तर प्रदेश में एक्सप्रेसवे का बड़े लेवर पर काम चल रहा है. रोड नेटवर्क को मजबूत बनाने की तैयारी चल रही है. तीन एक्सप्रेसवे तो कुछ ही महीनों में बनकर तैयार हो जाएंगे और वाहन की आवाजाही यहां पर होने लगेगी. बता दें कि गंगा एक्सप्रेसवे, लखनऊ-कानपुर एक्सप्रेस-वे और गाजीपुर-बलिया एक्सप्रेसवे का शुभारंभ भी जल्दी होने वाला है. उत्तर प्रदेश में 22 एक्सप्रेसवे का नया ग्रिड तैयार हो रहा है.
इनमें कुछ बड़े ग्रीनफील्ड एक्सप्रेसवे हैं और कुछ लिंक एक्सप्रेसवे हैं, जिनसे बड़े राजमार्ग लिंक होंगे. जबकि गोरखपुर-शामली एक्सप्रेसवे, गोरखपुर-सिलीगुड़ी एक्सप्रेसवे भी इस प्रोजेक्ट में शामिल हैं. यूपी के इन एक्सप्रेसवे से दिल्ली, हरियाणा, राजस्थान और मध्य प्रदेश जैसे पड़ोसी राज्यों को भी लाभ होगा.
बता दें कि गंगा एक्सप्रेसवे के अंतर्गत पड़ने वाले जिलों में मेरठ, हापुड़, बुलंदशहर, अमरोहा, संभल, बदायूं, शाहजहांपुर, हरदोई, उन्नाव, रायबरेली, प्रतापगढ़ और प्रयागराज जिले आते हैं. गंगा एक्सप्रेसवे का काम भी अधिकांश तौर पर पूरा हो गया है. इस पर साथ ही FASTag टोल सिस्टम भी सफल रहा. जानकारी सामने आ रही है कि इसे मार्च में खोलने की तैयारी है.
लखनऊ-कानपुर एक्सप्रेसवे को NE6 भी कहा जाता है. इसकी लंबाई की बात करें तो यह करीब 63 किमी है. इसमें यातायात को तौर पर 6-लेन की सुविधा है. इस एक्सप्रेसवे को फ्यूचर में 8-लेन का भी किया जा सकता है. अभी लखनऊ से कानपुर पहुंचने में 2.5 से 3 घंटे का वक्त लगता है, जो फिर 35 से 45 मिनट में आसानी से पूरा हो सकेगा. इस एक्सप्रेसवे में लगभग 19 किमी लंबा एलिवेटेड रोड शामिल है. वही, भारतमाला परियोजना चरण में इसकी लागत 4700 करोड़ रूपए के लगभग है. यह एक्सप्रेसवे मार्च 2026 के आखिरी हफ्ते में होली या अप्रैल में चालू होने की संभावना है. इसका काम आखिरी चरण की ओर है.
Gorakhpur-Shamli Expressway यूपी का सबसे लंबा एक्सप्रेसवे है. इसकी लंबाई करीब 750 किमी होगी. यह 22 जिलों से गुजरते हुए पश्चिमी यूपी को सीधे पूर्वांचल से जोड़ेगा. इसका निर्माण कार्य 2026-27 में स्टार्ट होना है. गोरखपुर-शामली एक्सप्रेसवे की डीपीआर पूरी हो गई है. साथ ही जमीन अधिग्रहण की प्रोसेस भी फास्ट चल रही है. पीलीभीत के 41 गांवों सहित कई जिलों में जमीन देख ली गई है. जल्दी ही यह भी लोगों के लिए अच्छा गिफ्ट साबित होगा.
Delhi-Dehradun Expressway का एक भाग उत्तर प्रदेश से निकलेगा. यह एक्सप्रेसवे 6 लेन का है और 210 किलोमीटर लंबाई है. अभी दोनों शहरों के बीच 6-7 घंटे का सफर होता है जो यह बनने के बाद सिर्फ 2.5 से 3 घंटे में पूरा होगा. इस एक्सप्रेसवे में 12 किमी लंबाई वाला एलिवेटेड कॉरिडोर है. यह कोरिडोर राजाजी नेशनल पार्क के ऊपर से गुजरता है.
बता दें कि Ghaziabad-Kanpur Expressway भी एक ग्रीनफील्ड इकोनॉमिक कॉरिडोर है. यह पश्चिमी यूपी को सेंट्रल यूपी से डायरेक्ट कनेक्ट करेगा. करीब 380 किलोमीटर का यह 4 लेन एक्सप्रेसवे है, जो बाद में 6 लेन में बढ़ाया जा सकता है. इससे मुसाफिरों को गाजियाबाद से कानपुर तक की यात्रा 5 से साढ़े पांच घंटे में होगी जो कि अभी इससे अधिक वक्त लगता है. यह एक्सप्रेसवे गाजियाबाद, हापुड़, बुलंदशहर, अलीगढ़, कासगंज, फर्रुखाबाद, कन्नौज, उन्नाव, कानपुर तक जाएगा. एक छोर NH-9 से शुरू होगा.
नोएडा एक्सप्रेसवे जेवर (Noida International Airport) के पास से निकलेगा. यह नोएडा-ग्रेटर नोएडा एक्सप्रेसवे से लिंक होगा. इस नए रूट से दूरी और वक्त दोनों करीब 25-30 फीसदी कम हो जाएंगे. 380 किमी का यह 4 लेन ग्रीनफील्ड है. यह एक्सप्रेसवे जेवर एक्सप्रेसवे से गुजरेगा और गाजियाबाद, उन्नाव और कानपुर तक पहुंचेगा.
यूपी में एक दर्जन से अधिक लिंक एक्सप्रेसवे का काम भी स्पीड से होने वाला है. इससे यूपी, राजस्थान, एमपी और अन्य पड़ोसी राज्यों को भी फायदा मिलने वाला है. योगी आदित्यनाथ सरकार ने यूपी बजट में भी 15 हजार करोड़ रुपए रोड बनाने, मरम्मत और देखरेख के लिए आवंटित किए हैं. कुल मिलाकर उत्तर प्रदेश में एक्सप्रेसवे का काम तेजी से चल रहा है और कई प्रोजेस्ट्स जल्दी स्टार्ट होने वाले हैं.
Homemade Shampoo: बालों का झड़ना आजकल हर उम्र के लोगों की आम समस्या बन गई…
Spider-Man Saree Look: ज़ेंडाया ने 'मेथड ड्रेसिंग' में महारत हासिल कर ली है. उन्होंने हॉलीवुड…
भारतीय क्रिकेट टीम के अनुभवी बल्लेबाज अजिंक्य रहाणे ने क्रिकेट को 30 जुलाई को अलविदा…
Pm Modi On Anti Paper Leak Law:पीएम मोदी ने कहा, "इन सब बातों को ध्यान…
31 July 2026 School Holiday Update: भारी बारिश की चेतावनी के बीच क्या 31 जुलाई…
8th Pay Commission के तहत फिटमेंट फैक्टर और बेसिक सैलरी बढ़ाने की मांगों पर सरकार…