Meeruth Case: मामला मेरठ जिले का है. यहां में एक दलित महिला की हत्या करके बेटी का अपहरण किया गया. इससे पूरे इलाके में तनाव फैल गया. इस संवेदनशील मामले पर राजनीति गर्मा गई. समाजवादी पार्टी ने घटना पर NSA और आरोपियों के घर पर बुलडोजर चलाने की मांग की. इसके अलावा मामले में आम आदमी पार्टी ने भी एंट्री कर दी और यूपी सरकार से पूछा कि ‘बुलडोजर कब चलेगा’? लेकिन, विपक्ष के राजनीति पर योगी सरकार ने पानी फेर दिया और उनसे सियासत करने का मौका छीन लिया. मेरठ से अपहृत दलित लड़की हरिद्वार से बरामद
कर ली गई. साथ ही अपहरणकर्ता और हत्या आरोपी को भी गिरफ्तार कर लिया गया.
युवती का हुआ था अपहरण
योगी सरकार की नीति सबको न्याय और बिना जाति देखे इंसाफ का है. दलित लड़की का अपहरण और उसकी मां का कत्ल किसने किया, अब मेरठ मामले की जांच के बाद खुलासा हो सकेगा. दलित लड़की का किडनेपर को भी गिरफ्तार कर लिया गया है. योगी सरकार ने त्वरित कार्रवाई करके यह दिखा दिया कि भाजपा सरकार में सबको इंसाफ मिलता है. योगी सरकार में पुलिस चुस्त दिखाई दी. दलित लड़की के अपहरण मामले में यह साबित करता है कि कानून और व्यवस्था कितनी दुरुस्त है. योगी सरकार ने यह साबित किया कि कानून से ऊपर कुछ भी नहीं है.
योगी के शासन में सुरक्षित है उत्तर प्रदेश
जैसे ही इस मामले का संज्ञान यूपी पुलिस ने लिया. बिना कोई देर किए उन्होंने दम दिखाया. तुरंत कार्रवाई से अपराधी बेदम हो गए. इस कांड के आरोपियों को सलाखों के पीछे धकेल दिया गया है. हत्या-बलात्कार पर राजनीति करने वालों को योगी सरकार ने अपनी हनक दिखा दी. फिलहाल, आगे की जांच जारी है.
नेशनल एसोसिएशन ऑफ यूथ के अध्यक्ष भावेष पाण्डेय (अधिवक्ता) ने अपने विचार प्रस्तुत करते हुए कहा कि यह योगी सरकार है. यहां सुरक्षा के मामलों में तेजी से एक्शन लिया जाता है. उन्होंने लिखा कि अयोध्या के मामले में मोइद खान पर भी इसी तरह की कार्रवाई की गई थी. पीड़ित परिवार को यह आश्वासन दिया गया था कि आरोपी को बख्शा नहीं जाएगा. बुलडोजर सहित आरोपी पर एक्शन हुआ. भावेष के मुताबिक, सपा सरकार में इस तरह का काम नहीं हुआ. जितने भी गुंडे और माफिया थे, उन्होने या तो काम बदल दिया या फिर उनकी गति तय हो गई. फिलहाल, देखना होगा कि इस मामले में आगे क्या कार्रवाई होती है. पुलिस मामले की गहनता से जांच करने में लगी है.