Moradabad Murder Case: उत्तर प्रदेश के मुरादाबाद में पुलिस ने कुएं में मिली एक युवती की लाश के मामले को सुलझा लिया है और तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया है, जिसमें मृतक युवती का जीजा और उसके दो दोस्त शामिल हैं. मृतक युवती का अपने जीजा से अफेयर चल रहा था और वह उस पर शादी का दबाव बना रही थी. इसलिए जीजा ने अपने दो दोस्तों के साथ मिलकर युवती की हत्या कर दी और उसकी लाश कुएं में फेंक दी. पुलिस ने साली की हत्या करने वाले जीजा और उसके दो दोस्तों को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है. यह मामला मुरादाबाद के मैनाठेर थाना इलाके में हुआ.
साबरीन संभल जिले के असमोली इलाके के कमालपुर यानी कपूरपुर की रहने वाली थी. उसके जीजा हाशिम और उसके दो दोस्तों ने साबरीन की हत्या की. पुलिस ने तीनों को गिरफ्तार करके हत्या का मामला सुलझा लिया है. पुलिस का दावा है कि सबरीन का अपने जीजा से अफेयर था और वह उस पर शादी का दबाव बना रही थी. इसी बात से तंग आकर हाशिम ने अपनी साली की हत्या कर दी और उसकी लाश मैनाठेर इलाके के बागी गोवर्धनपुर के जंगल में एक कुएं में फेंक दी.
शुक्रवार को मिली थी लाश
शुक्रवार सुबह करीब 11 बजे मैनाठेर थाना इलाके के बागी गोवर्धनपुर गांव के जंगल में एक कुएं में एक युवती की लाश मिली. पोस्टमार्टम रिपोर्ट से पता चला कि युवती की गला घोंटकर हत्या की गई थी. अगले दिन शनिवार को मृतका की पहचान संभल जिले के असमोली इलाके के कमालपुर उर्फ कपूरपुर की रहने वाली साबरीन उर्फ समरीन (25) के रूप में हुई. युवती 26 फरवरी की रात से लापता थी.
जांच में हुआ अहम खुलासा
पुलिस ने मामले की जांच की, मोबाइल कॉल डिटेल्स निकालीं और परिवार वालों से पूछताछ की, जिन्हें कुछ लोगों पर शक था. जीजा ने उसे मिलने के बहाने बुलाया था. सोमवार को पुलिस ने संभल जिले के हजरत नगर गढ़ी थाना क्षेत्र के सिरसी मोहल्ला चौधरियान निवासी सबरीन के जीजा हाशिम को गिरफ्तार किया. पूछताछ में उसने बताया कि साबरीन के साथ उसका रिलेशनशिप था. साबरीन उस पर शादी का दबाव बना रही थी और ऐसा न करने पर जेल भेजने की धमकी दे रही थी. इससे तंग आकर हाशिम ने अपने दोस्तों अजीम बाबू और आदिल के साथ मिलकर 26 फरवरी की रात लड़की को मिलने के बहाने फुसलाया.
इसके बाद उन्होंने उसके दुपट्टे से गला घोंटकर उसकी हत्या कर दी और शव मैनाठेर इलाके के एक कुएं में फेंक दिया. ग्रामीण पुलिस अधीक्षक कुंवर आकाश सिंह ने बताया कि तीनों को सोमवार शाम कोर्ट में पेश किया गया, जहां से उन्हें जेल भेज दिया गया.
परिवार को बेहोश करने की दवा दी
साबरीन उर्फ समरीन के पिता बाबू एक भट्टे पर चौकीदारी करते हैं. 26 फरवरी की रात वह भी ड्यूटी पर थे. साबरीन की मां परवीन, बहन तरन्नुम, भाई अजीम, अब्दुल और दो साल की भतीजी घर पर थे. 27 फरवरी की सुबह, बाबू सेहरी के लिए घर लौटा तो उसने दरवाज़ा खुला देखा, जबकि बाकी परिवार गहरी नींद में सो रहा था. साबरीन ने खाने में बेहोशी की दवा मिला दी थी. हाशिम ने कबूल किया कि उसने साबरीन से खाने में गोलियां मिलाने को कहा था, उसने अपने परिवार के खाने में बेहोशी की दवा मिला दी और फिर हाशिम के पास गई, जहां हाशिम ने अपने दो और साथियों के साथ मिलकर उसका गला घोंटकर हत्या कर दी और उसकी लाश एक कुएं में फेंक दी। तीनों आरोपियों को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया गया है.