Amity University Student Death: नोएडा के सेक्टर-126 में परीक्षाओं के खत्म होने का जश्न उस वक्त मातम में बदल गया, जब एक गहरे गड्ढे में जमा पानी में डूबने से एमिटी यूनिवर्सिटी के छात्र की मौत हो गई. गाजियाबाद के इंदिरापुरम का रहने वाला 23 वर्षीय हर्षित अपने तीन अन्य दोस्तों के साथ पिकनिक मनाने यहाँ पहुँचा था, जहाँ तैरने के दौरान वह गहरे पानी की चपेट में आ गया. इस हादसे ने एक बार फिर नोएडा अथॉरिटी के सुरक्षा इंतजामों और खुले पड़े खतरनाक गड्ढों को लेकर सवाल खड़े कर दिए हैं. पुलिस ने शव को पोस्टमॉर्टम के लिए भेजकर मामले की जाँच शुरू कर दी है, लेकिन स्थानीय प्रशासन की इस कथित लापरवाही ने एक हंसते-खेलते परिवार को कभी न भरने वाला जख्म दे दिया है.
परीक्षा ख़त्म होने के बाद पिकनिक मनाने गए थे छात्र
दरअसल, एमिटी यूनिवर्सिटी के चार छात्र हिमांशु, व्यास, कृष और मृतक हर्षित अपनी परीक्षाओं के अच्छे जाने की खुशी में इस पानी से भरे गड्ढे के पास पिकनिक मना रहे थे. व्यास और हिमांशु दिल्ली के रहने वाले थे; कृष नोएडा का था और मृतक हर्षित, गाजियाबाद के इंदिरापुरम का रहने वाला था. बताया जा रहा है कि 11 मार्च को इस घटना से पहले मृतक ने इसी गड्ढे के पास एक तस्वीर ली थी और उसे अपने इंस्टाग्राम अकाउंट पर अपलोड किया था. बताया जा रहा है कि मृतक की उम्र लगभग 23 वर्ष थी. नोएडा के DCP साद मिया खान ने पुष्टि की कि इस घटना में शामिल सभी छात्र एमिटी यूनिवर्सिटी के थे.
तैरने के लिए कूदे थे छात्र
नोएडा के DCP ने आगे बताया कि अपनी परीक्षाएं पूरी होने के बाद, छात्र जश्न मनाने के लिए सेक्टर-94 आए थे. कुछ देर मौज-मस्ती करने के बाद, वे पास में ही स्थित पानी से भरे गड्ढे में तैरने के लिए कूद गए. इसी दौरान, छात्रों में से एक अचानक गहरे पानी में फँस गया और डूबने लगा. उसके दोस्तों ने उसे बाहर निकालने की हर संभव कोशिश की, लेकिन वे सफल नहीं हो सके. घटना की खबर मिलते ही पुलिस तुरंत मौके पर पहुंची; उन्होंने छात्र को बाहर निकाला और अस्पताल पहुँचाया. अस्पताल में डॉक्टरों ने छात्र को मृत घोषित कर दिया.
नोएडा पुलिस ने जांच शुरू की
DCP नोएडा साद मिया खान ने बताया कि शुरुआती जांच के आधार पर, यह डूबने का मामला लग रहा है. पुलिस मामले की हर संभव एंगल से जांच कर रही है. इस दुखद घटना के बाद, शहर के अंदर खुले और असुरक्षित गड्ढों को लेकर नोएडा अथॉरिटी की लापरवाही पर एक बार फिर सवाल उठने लगे हैं. स्थानीय निवासियों का मानना है कि ये गड्ढे कभी भी किसी दुर्घटना का कारण बन सकते हैं, फिर भी संबंधित विभाग इस मुद्दे पर ध्यान नहीं दे रहे हैं.
हादसे के बाद भी प्रसाशन नहीं ले रहा सबक
इस हादसे से पहले नोएडा के सेक्टर 150 में एक बड़ा गड्ढा कई सालों से मौजूद है, जिसमें पानी भरा रहता है. इसी साल जनवरी में घना कोहरा होने के कारण कार चला रहे युवक को रास्ता नहीं दिखा और वह गड्ढे में जा गिरा. करीब 2 घंटों तक वह अंदर से मदद के लिए पुकारता रहा, लेकिन कोई भी उसे बचा नहीं पाया. और 17 जनवरी की देर रात 27 साल के एक इंजीनियर की डूबने से मौत हो गई.