What is Hypothecation: ज्यादातर लोग कार को लोन पर लेते हैं, जोकि ठीक भी है. एक साथ पैसा देने के बजाय कार को लोन पर लेना एक किफायती डील है. घर की तरह ही जब कर आप बैंक का लोन नहीं चुका देते हैं तब तक गाड़ी पूरी तरह से आपकी नहीं मानी जाती है. क्योंकि एक भी किस्त रुकने पर बैंक आपसे आपकी कार ले जाती है. लेकिन, क्या आप जानते हैं कि बैंक का पूरा लोन चुका देने के बाद भी कार आपकी नहीं है. पूरी तरह से कार का मालिक बनने के लिए आपको हाइपोथिकेशन हटवाना पड़ता है.
कई बार लोग इस प्रक्रिया को करना भूल जाते हैं. अगर आप इसके बारे में नहीं जानते हैं तो इस लेख में हम आपको हाइपोथिकेशन और इसे हटवाने की पूरी प्रक्रिया के बारे में बताने वाले हैं.
क्या है हाइपोथिकेशन?
जब आप कार लेते हैं तो ऐसे में बैंक या जिस फाइनेंस कंपनी से आप लोन पास करवा रहे हैं वे आपकी कार के रजिस्ट्रेशन सर्टिफिकेट (RC) पर हाइपोथिकेशन दर्ज कर देती हैं. यह तब तक लीगल माना जाता है जब तक आप कार का लोन पूरी तरह से अदा नहीं कर देते हैं. हाइपोथिकेशन लगने के बाद आपकी कार की RC पर इंश्योरेंस या कंपनी का नाम दर्ज हो जाता है, जो यह दर्शाता है कि अभी आप पूरी तरह से कार के मालिक नहीं हैं. इसलिए कार लेते समय और फाइनेंस कराते समय आपको हाइपोथिकेशन का ध्यान रखना चाहिए.
हाइपोथिकेशन हटवाना क्यों है जरूरी?
जब तक आपकी कार की RC पर हाइपोथिकेशन दर्ज रहता है तब तक दावे के साथ वह कार आपकी नहीं रहती है. इसलिए जब आप कार का लोन पूरी तरह से चुकता कर देते हैं तो हाइपोथिकेशन को हटवा लेना चाहिए. ऐसा इसलिए क्योंकि अगर आप हाइपोथिकेशन नहीं हटवाते हैं तो लीगली अभी भी कार पर हक उस फाइनेंस इंश्योरेंस कंपनी का है, जिससे आपने इंश्योरेंस लिया था या लोन कराया था.
हाइपोथिकेशन को हटाने की प्रक्रिया
हाइपोथिकेशन को हटाने की प्रक्रिया काफी आसान है. इसके लिए आपको लेंडर से NOC लेने के लिए आवेदन करना है. अब लेंडर से NOC मिलने के बाद RC, PUC Certificate, कार की इंश्योरेंस पॉलिसी आदि जमा करनी होती है. अब आपके नाम की एक नई RC बनाई जाती है, जिसपर किसी कंपनी का नाम नहीं होता है. अब आपको यह RC अपनी इंश्योरेंस कंपनी को देनी है ताकि वह हाइपोथिकेशन को हटा सके.