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पानीपत जिले के ‘पहले’ डिप्टी कमिश्नर IAS विजय कुमार : ईमानदार छवि, दृढ़ संकल्पित आर्य समाजी और अपने उसूलों के पक्के थे, प्रदेश में शराब बंदी आंदोलन का किया नेतृत्व

पानीपत जिला के प्रथम डिप्टी कमिश्नर विजय कुमार (आईएएस) की 27 अगस्त को 30वीं पुण्य तिथि परिजनों द्वारा आर्य समाज परंपरा के मुताबिक पूर्ण श्रद्धाभाव से मनाई गई। जानकारी देते हुए स्व. विजय कुमार (आईएएस) के पौत्र युवा समाज सेवी एवं साहित्यकार प्रो. अर्जुन सिंह कादियान ने बताया कि उनके दादाजी ने 27 अगस्त 1995 को देह त्याग किया था। इस मौके पर विशेष रूप से यज्ञ-हवन का आयोजन किया किया।

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India News (इंडिया न्यूज), First Deputy Commissioner Of Panipat District IAS Vijay Kumar : पानीपत जिला के प्रथम डिप्टी कमिश्नर विजय कुमार (आईएएस) की 27 अगस्त को 30वीं पुण्य तिथि परिजनों द्वारा आर्य समाज परंपरा के मुताबिक पूर्ण श्रद्धाभाव से मनाई गई। जानकारी देते हुए स्व. विजय कुमार (आईएएस) के पौत्र युवा समाज सेवी एवं साहित्यकार प्रो. अर्जुन सिंह कादियान ने बताया कि उनके दादाजी ने 27 अगस्त 1995 को देह त्याग किया था। इस मौके पर विशेष रूप से यज्ञ-हवन का आयोजन किया किया। इसके पश्चात सोधापुर स्थित कुष्ठ आश्रम में रोगियों के लिए फल-प्रसाद और राशन वितरण किया गया। उल्लेखनीय है कि प्रो. कादियान के दादाजी विजय कुमार पानीपत जिले के प्रथम जिला कमिश्नर (आईएएस) पद पर शोभायमान हुए थे।

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पानीपत कुष्ठ रोगी आश्रम का निर्माण वरिष्ठ IAS विजय कुमार की देखरेख में ही हुआ था 

गौरतलब है कि पानीपत कुष्ठ रोगी आश्रम का निर्माण प्रो. कादियान के दादाजी वरिष्ठ आईएएस विजय कुमार की देखरेख में ही हुआ था। इसके साथ ही पानीपत मॉडल टाउन स्थित शिवजी स्टेडियम और रोटरी क्लब का निर्माण भी आईएएस विजय कुमार के कार्यकाल में हुआ।

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शराब बंदी आंदोलन IAS विजय कुमार ने अपने बड़े भाई पूर्व केंद्रीय मंत्री प्रो. शेर सिंह के साथ शुरू किया था

वहीं हरियाणा प्रदेश में शराब बंदी आंदोलन आईएएस विजय कुमार ने अपने बड़े भाई पूर्व केंद्रीय मंत्री प्रो. शेर सिंह के साथ शुरू किया था। विजय कुमार एक बेहद ईमानदार छवि, दृढ़ संकल्पित आर्य समाजी एवं अपने असुलों के पक्के थे। काबिलेगौर है कि प्रो. कादियान का पूरा परिवार ही सामाजिक कार्यों में अग्रणी भूमिका निभा रहा है। प्रो.अर्जुन सिंह कादियान व उनके भाई अनिरुद्ध सिंह के अंदर समाज सेवा करने का जो जज्बा है एक तरह से वो उन्हें विरासत में मिला है।

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पौत्र युवा समाज सेवी प्रो. कादियान ने रथ फाउंडेशन की स्थापना की

प्रो. कादियान ने वर्ष 2020 में उन्होंने रथ फाउंडेशन की स्थापना की। रथ फाउंडेशन तीन मुद्दों पर विशेष कार्य कर रहा है : 1. एनवायरमेंट 2. एंपावरमेंट एंड एजुकेशन। फाउंडेशन द्वारा प्रदेश भर के विभिन्न शहरों में पौधारोपण एवं जल संरक्षण अभियान चलाया जा रहा है। बेसहारा लोगों की हर संभव मदद कर रहें हैं, गर्म कपड़े एवं जरूरत का सामान उपलब्ध कराते रहते हैं। गौशालाओं में गौ माता की सेवा निरंतर जारी है। प्रो. अर्जुन सिंह कादियान अब तक चार पुस्तकें लिख चुके हैं हैं। पहली पुस्तक Land of the gods: The story of haryana, दूसरी NEERAJ CHOPRA : FROM PANIPAT TO THE PODIUM तीसरी The Modi Disruption-India in Transition और चौथी Power Pivots: Politics of Haryana in the 21st Century… चारों पुस्तकें राष्ट्रीय प्रकाशक द्वारा प्रकाशित हैं।

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सामाजिक बहिष्कार का करना पड़ा सामना 

आईएएस विजय कुमार बेरी, जिला  झज्जर, हरियाणा के निवासी थे। उनके पिता का नाम चौधरी शीश राम कादियान था। ऐसे समय में जब समाज जातिवाद की गिरफ्त में था और निम्न जाति के हरिजनों को पीने के पानी के लिए सार्वजनिक कुएँ का उपयोग करने की अनुमति नहीं थी, 26 जनवरी 1929 को आईएएस विजय कुमार पिता चौ. शीशराम आर्य और उनके चाचा (ताऊ) चौ. हरनारायण आर्य ने बाघपुर गाँव में अपनी ज़मीन पर एक कुआँ बनवाया और हरिजनों को मुफ़्त पानी उपलब्ध कराया। इस मुद्दे पर उन्हें सामाजिक बहिष्कार का सामना करना पड़ा।

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राज्य को नशा व अपराध मुक्त आर्य समाज में रंगे हुए देखना चाहते रहे IAS विजय कुमार

आईएएस विजय कुमार अपने 4 भाईयों में दूसरे नंबर पर थे। उनके बड़े भाई पूर्व केंद्रीय मंत्री प्रो शेर सिंह कादियान पचास के दशक में जब प्रताप सिंह कैरों पंजाब के मुख्यमंत्री थे, तब वे उप-मुख्यमंत्री भी रहे। वे हरियाणा के निर्माण में सर छोटू राम की तरह एक दूरदर्शी नेता थे। आईएएस विजय कुमार जीवंत पर्यत राज्य को नशा व अपराध मुक्त आर्य समाज में रंगे हुए देखना चाहते रहे जिसके लिए वे लगातार संघर्षरत रहे। 

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