एशियाई कप के उद्घाटन मैच यानी इनॉगरल मैच के दौरान ईरानी महिला राष्ट्रीय फुटबॉल टीम ने इतिहास रच दिया, जब स्टेडियम में ईरान का राष्ट्रगान बज रहा था, तो पूरी टीम ने एक साथ उसे गाने से इनकार कर दिया और चुपचाप खड़ी रही, यह विरोध ईरान के इस्लामी शासन और वहां महिलाओं के दमन के खिलाफ एक खुला विद्रोह है, कैमरे की नजर में कैद इन महिला खिलाड़ियों के चेहरों पर जो गंभीरता थी, उसने पूरी दुनिया को यह संदेश दे दिया है कि वे अपनी आज़ादी और अधिकारों के लिए किसी भी हद तक जा सकती हैं, चाहे परिणाम जो भी हों.