आपको यह सुनने में भले ही अजीब लग सकता है, लेकिन यह पूरी तरह सच है. एक युवा लड़के ने ऐसा व्यापार शुरू किया है, जिसे लोग पहले मजाक समझते थे, लेकिन आज वही काम उसकी लाखों की कमाई का जरिया बन गया है. जी हां, कनाडा में रहने वाले एक 20 वर्षीय लड़के ने बिना एक रुपये खर्च किए लाखों रुपये का बिजनेस कर लिया. जानिए इसके बारे में सबकुछ.
क्या है बिजनेस?
कनाडा के चिलिवैक में रहने वाला एक युवक इन दिनों सोशल मीडिया पर चर्चा में है. इस युवक ने साल 2025 में अपना पूप (मल) दान करके करीब 3.4 लाख रुपये कमाए हैं. उसके इस अनुभव के सामने आने के बाद लोग मल माइक्रोबायोटा ट्रांसप्लांट (FMT) और इससे जुड़े बढ़ते बाजार के बारे में जानने लगे हैं. करीब 20 साल का यह युवक कहता है कि उसके परिवार ने हमेशा उसका साथ दिया. खास तौर पर इसलिए क्योंकि यह प्रक्रिया उन मरीजों के इलाज में मदद करती है, जो गंभीर आंतों के संक्रमण से जूझ रहे होते हैं.
कंपनी करती है सहयोग
युवक एक FMT कंपनी से जुड़ा हुआ है. कंपनी उसे खास कंटेनर देती है, जिनमें वह अपने पूप सैंपल जमा करता है. इसके बाद इन सैंपल्स को एक विशेष फ्रिज में रखा जाता है. तय समय पर कंपनी इन्हें इकट्ठा करके जांच और प्रोसेस करती है, फिर जरूरतमंद मरीजों के इलाज में इस्तेमाल किया जाता है. एफएमटी यानी मल माइक्रोबायोटा ट्रांसप्लांट एक जीवन रक्षक इलाज माना जाता है. इसमें स्वस्थ व्यक्ति के मल को एक ऐसे मरीज की बड़ी आंत में डाला जाता है, जो क्लोस्ट्रिडियोइड्स डिफिसाइल नाम के संक्रमण से पीड़ित होता है. इस बीमारी में मरीज को तेज दस्त, पेट दर्द, बुखार और उल्टी जैसी परेशानियां होती हैं. यह इलाज आंतों में अच्छे बैक्टीरिया को दोबारा बढ़ाने में मदद करता है और काफी असरदार माना जाता है.
400 से ज्यादा मरीज हो चुके हैं ठीक
युवक ने बताया कि पिछले साल उसने कुल 149 बार मल दान किया. हर एक सैंपल के लिए उसे 25 डॉलर (करीब 2,300 रुपये) मिले. उसके दान की वजह से 400 से ज्यादा मरीज इस गंभीर संक्रमण से ठीक हो चुके हैं. बताया जाता है कि मल का एक सैंपल करीब तीन मरीजों के इलाज में काम आ सकता है.
सोशल मीडिया पर यूजर्स दे रहे प्रतिक्रियाएं
इस खबर के सामने आते ही नेटिजंस की तरह-तरह की प्रतिक्रियाएं आ रही हैं. कुछ यूजर्स इसे बहुत अच्छा बता रहे हैं. वहीं कुछ इसे बेहद बेकार और गंदा कह रहे हैं.